पंचांग · मंगलवार, 31 अगस्त 2032वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण एकादशी17:03 तक
- कृष्ण द्वादशी19:10, 1 सित॰ तक
- पुनर्वसुस्वामी गुरु07:05, 1 सित॰ तक
- व्यतीपात04:14, 1 सित॰ तक
- वरीयान्05:01, 2 सित॰ तक
- बालव17:03 तक
- कौलव06:05, 1 सित॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:38बिंब मध्य 05:42
- सूर्यास्त
- 18:18बिंब मध्य 18:14
- चंद्रोदय
- 01:38
- चंद्रास्त
- 15:12
- दिनमान
- 12h 40m
- वार
- मंगलवार · मंगल
- चंद्र राशि
- मिथुन00:25, 1 सित॰ तक
- सूर्य राशि
- सिंह
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- श्रावण
- पूर्णिमांत मास
- भाद्रपद
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- वर्षा
- विक्रम संवत
- 2089
- शक संवत
- 1954
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:08 –04:53
- प्रातः संध्या04:30 –05:38
- अभिजित मुहूर्त11:33 –12:23
- विजय मुहूर्त14:05 –14:55
- गोधूलि मुहूर्त18:18 –18:41
- सायाह्न संध्या18:18 –19:26
- निशीथ मुहूर्त23:36 –00:21, 1 सित॰
- अमृत काल04:26 –06:12, 1 सित॰
- राहु काल15:08 –16:43
- यमगंड08:48 –10:23
- गुलिक काल11:58 –13:33
- दुर्मुहूर्त08:10 –09:01
- दुर्मुहूर्त22:50 –23:36
- वर्ज्य17:49 –19:35
चौघड़िया
- रोगअनिष्ट05:38 – 07:13
- उद्वेगअशुभ07:13 – 08:48
- चरसम08:48 – 10:23
- लाभलाभ10:23 – 11:58
- अमृतश्रेष्ठ11:58 – 13:33
- कालहानि13:33 – 15:08
- शुभशुभ15:08 – 16:43
- रोगअनिष्ट16:43 – 18:18
- कालहानि18:18 – 19:43
- लाभलाभ19:43 – 21:08
- उद्वेगअशुभ21:08 – 22:33
- शुभशुभ22:33 – 23:58
- अमृतश्रेष्ठ23:58 – 01:23
- चरसम01:23 – 02:49
- रोगअनिष्ट02:49 – 04:14
- कालहानि04:14 – 05:39
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 05:38–06:42 |
| सूर्य | 06:42–07:45 |
| शुक्र | 07:45–08:48 |
| बुध | 08:48–09:52 |
| चन्द्र | 09:52–10:55 |
| शनि | 10:55–11:58 |
| गुरु | 11:58–13:01 |
| मंगल | 13:01–14:05 |
| सूर्य | 14:05–15:08 |
| शुक्र | 15:08–16:11 |
| बुध | 16:11–17:15 |
| चन्द्र | 17:15–18:18 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 18:18–19:15 |
| गुरु | 19:15–20:11 |
| मंगल | 20:11–21:08 |
| सूर्य | 21:08–22:05 |
| शुक्र | 22:05–23:02 |
| बुध | 23:02–23:58 |
| चन्द्र | 23:58–00:55 |
| शनि | 00:55–01:52 |
| गुरु | 01:52–02:49 |
| मंगल | 02:49–03:45 |
| सूर्य | 03:45–04:42 |
| शुक्र | 04:42–05:39 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पुनर्वसु 1 पद11:08 तक
- पुनर्वसु 2 पद17:46 तक
- पुनर्वसु 3 पद00:25, 1 सित॰ तक
- पुनर्वसु 4 पद07:05, 1 सित॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- पूर्व फाल्गुनी 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- वर्षा
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 12h 40m
- रात्रिमान
- 11h 21m
- मध्याह्न
- 11:58
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पश्चिम
- चंद्र वास
- पश्चिम · 00:25, 1 सित॰ तकउत्तर
- अग्निवास
- पाताल · 17:03 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- कैलाश पर · 17:03 तकनंदी पर
- होमाहुति
- राहु
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त05:38 –06:53
- चोर पंचक06:53 –09:06
- शुभ मुहूर्त09:06 –11:23
- रोग पंचक11:23 –13:40
- शुभ मुहूर्त13:40 –15:44
- मृत्यु पंचक15:44 –17:03
- अग्नि पंचक17:03 –17:29
- शुभ मुहूर्त17:29 –19:00
- राज पंचक19:00 –20:28
- अग्नि पंचक20:28 –22:07
- शुभ मुहूर्त22:07 –00:04, 1 सित॰
- राज पंचक00:04 –02:18, 1 सित॰
- शुभ मुहूर्त02:18 –04:35, 1 सित॰
- चोर पंचक04:35 –05:39, 1 सित॰
उदय लग्न
- सिंह04:39 –06:53
- कन्या06:53 –09:06
- तुला09:06 –11:23
- वृश्चिक11:23 –13:40
- धनु13:40 –15:44
- मकर15:44 –17:29
- कुम्भ17:29 –19:00
- मीन19:00 –20:28
- मेष20:28 –22:07
- वृषभ22:07 –00:04, 1 सित॰
- मिथुन00:04 –02:18, 1 सित॰
- कर्क02:18 –04:35, 1 सित॰
- सिंह04:35 –06:49, 1 सित॰
पंचांग · वाराणसी, 31 अगस्त 2032
मंगलवार, 31 अगस्त 2032 को वाराणसी में सूर्योदय 05:38 और सूर्यास्त 18:18 पर है। तिथि कृष्ण एकादशी 17:03 तक, फिर कृष्ण द्वादशी; नक्षत्र पुनर्वसु 1 सितंबर 07:05 तक; योग व्यतीपात 1 सितंबर 04:14 तक, फिर वरीयान्; करण बालव 17:03 तक, फिर कौलव। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य सिंह राशि में। राहुकाल 15:08–16:43, अभिजित मुहूर्त 11:33–12:23। मास भाद्रपद (पूर्णिमांत) / श्रावण (अमांत), विक्रम संवत 2089, शक संवत 1954।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 31 अगस्त 2032 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण एकादशी 17:03 तक, फिर कृष्ण द्वादशी (सूर्योदय 05:38, वाराणसी)।
31 अगस्त 2032 को कौन सा नक्षत्र है?
पुनर्वसु 1 सितंबर 07:05 तक। चंद्रमा मिथुन राशि में 1 सितंबर 00:25 तक।
वाराणसी में 31 अगस्त 2032 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 15:08–16:43, यमगण्ड 08:48–10:23, गुलिक काल 11:58–13:33।
वाराणसी में 31 अगस्त 2032 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:38, सूर्यास्त 18:18, चंद्रोदय 01:38 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
31 अगस्त 2032 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:33–12:23, ब्रह्म मुहूर्त 04:08–04:53। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
31 अगस्त 2032 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
अजा एकादशी।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर अगस्त 2032आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2032मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.3134° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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