पंचांग · शनिवार, 1 नवंबर 2031वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण द्वितीया13:30 तक
- कृष्ण तृतीया14:37, 2 नव॰ तक
- कृत्तिकास्वामी सूर्य16:34 तक
- रोहिणीस्वामी चन्द्र18:18, 2 नव॰ तक
- वरीयान्02:18, 2 नव॰ तक
- परिघ02:16, 3 नव॰ तक
- गर13:30 तक
- वणिज01:59, 2 नव॰ तक
- विष्टि14:37, 2 नव॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:06बिंब मध्य 06:09
- सूर्यास्त
- 17:18बिंब मध्य 17:13
- चंद्रोदय
- 18:52
- चंद्रास्त
- 07:45
- दिनमान
- 11h 12m
- वार
- शनिवार · शनि
- चंद्र राशि
- वृषभ07:22, 3 नव॰ तक
- सूर्य राशि
- तुला
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- कार्तिक
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2088
- शक संवत
- 1953
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:23 –05:14
- प्रातः संध्या04:49 –06:06
- अभिजित मुहूर्त11:19 –12:04
- विजय मुहूर्त13:34 –14:18
- गोधूलि मुहूर्त17:18 –17:43
- सायाह्न संध्या17:18 –18:34
- निशीथ मुहूर्त23:16 –00:07, 2 नव॰
- अमृत काल14:03 –15:44
- राहु काल08:54 –10:18
- यमगंड13:06 –14:30
- गुलिक काल06:06 –07:30
- दुर्मुहूर्त06:06 –06:50
- दुर्मुहूर्त06:50 –07:35
- भद्रा01:59 –06:06, 2 नव॰
चौघड़िया
- कालहानि06:06 – 07:30
- शुभशुभ07:30 – 08:54
- रोगअनिष्ट08:54 – 10:18
- उद्वेगअशुभ10:18 – 11:42
- चरसम11:42 – 13:06
- लाभलाभ13:06 – 14:30
- अमृतश्रेष्ठ14:30 – 15:54
- कालहानि15:54 – 17:18
- लाभलाभ17:18 – 18:54
- उद्वेगअशुभ18:54 – 20:30
- शुभशुभ20:30 – 22:06
- अमृतश्रेष्ठ22:06 – 23:42
- चरसम23:42 – 01:18
- रोगअनिष्ट01:18 – 02:54
- कालहानि02:54 – 04:30
- लाभलाभ04:30 – 06:06
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 06:06–07:02 |
| गुरु | 07:02–07:58 |
| मंगल | 07:58–08:54 |
| सूर्य | 08:54–09:50 |
| शुक्र | 09:50–10:46 |
| बुध | 10:46–11:42 |
| चन्द्र | 11:42–12:38 |
| शनि | 12:38–13:34 |
| गुरु | 13:34–14:30 |
| मंगल | 14:30–15:26 |
| सूर्य | 15:26–16:22 |
| शुक्र | 16:22–17:18 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 17:18–18:22 |
| चन्द्र | 18:22–19:26 |
| शनि | 19:26–20:30 |
| गुरु | 20:30–21:34 |
| मंगल | 21:34–22:38 |
| सूर्य | 22:38–23:42 |
| शुक्र | 23:42–00:46 |
| बुध | 00:46–01:50 |
| चन्द्र | 01:50–02:54 |
| शनि | 02:54–03:58 |
| गुरु | 03:58–05:02 |
| मंगल | 05:02–06:06 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- कृत्तिका 3 पद10:13 तक
- कृत्तिका 4 पद16:34 तक
- रोहिणी 1 पद22:57 तक
- रोहिणी 2 पद05:22, 2 नव॰ तक
- रोहिणी 3 पद11:49, 2 नव॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- स्वाती 3 पद
- ऋतु (दृक्)
- हेमंत
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 12m
- रात्रिमान
- 12h 48m
- मध्याह्न
- 11:42
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पूर्व
- चंद्र वास
- दक्षिण
- अग्निवास
- आकाश · 13:30 तकपाताल
- शिववास
- सभा में · 13:30 तकक्रीड़ा में
- होमाहुति
- मंगल
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त06:06 –07:22
- रोग पंचक07:22 –09:39
- शुभ मुहूर्त09:39 –11:43
- मृत्यु पंचक11:43 –13:28
- अग्नि पंचक13:28 –13:30
- शुभ मुहूर्त13:30 –14:59
- राज पंचक14:59 –16:27
- अग्नि पंचक16:27 –16:34
- शुभ मुहूर्त16:34 –18:06
- राज पंचक18:06 –20:03
- शुभ मुहूर्त20:03 –22:17
- चोर पंचक22:17 –00:35, 2 नव॰
- शुभ मुहूर्त00:35 –02:49, 2 नव॰
- रोग पंचक02:49 –05:01, 2 नव॰
- शुभ मुहूर्त05:01 –06:06, 2 नव॰
उदय लग्न
- तुला05:05 –07:22
- वृश्चिक07:22 –09:39
- धनु09:39 –11:43
- मकर11:43 –13:28
- कुम्भ13:28 –14:59
- मीन14:59 –16:27
- मेष16:27 –18:06
- वृषभ18:06 –20:03
- मिथुन20:03 –22:17
- कर्क22:17 –00:35, 2 नव॰
- सिंह00:35 –02:49, 2 नव॰
- कन्या02:49 –05:01, 2 नव॰
- तुला05:01 –07:18, 2 नव॰
पंचांग · वाराणसी, 1 नवंबर 2031
शनिवार, 1 नवंबर 2031 को वाराणसी में सूर्योदय 06:06 और सूर्यास्त 17:18 पर है। तिथि कृष्ण द्वितीया 13:30 तक, फिर कृष्ण तृतीया; नक्षत्र कृत्तिका 16:34 तक, फिर रोहिणी; योग वरीयान् 2 नवंबर 02:18 तक, फिर परिघ; करण गर 13:30 तक, फिर वणिज। चंद्रमा वृषभ राशि में, सूर्य तुला राशि में। राहुकाल 08:54–10:18, अभिजित मुहूर्त 11:19–12:04। मास कार्तिक (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2088, शक संवत 1953।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 1 नवंबर 2031 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण द्वितीया 13:30 तक, फिर कृष्ण तृतीया (सूर्योदय 06:06, वाराणसी)।
1 नवंबर 2031 को कौन सा नक्षत्र है?
कृत्तिका 16:34 तक, फिर रोहिणी। चंद्रमा वृषभ राशि में 3 नवंबर 07:22 तक।
वाराणसी में 1 नवंबर 2031 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 08:54–10:18, यमगण्ड 13:06–14:30, गुलिक काल 06:06–07:30।
वाराणसी में 1 नवंबर 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:06, सूर्यास्त 17:18, चंद्रोदय 18:52 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
1 नवंबर 2031 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:19–12:04, ब्रह्म मुहूर्त 04:23–05:14। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर नवंबर 2031आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2031मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.3018° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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