पंचांग · सोमवार, 31 मार्च 2031वाराणसी

चैत्र · शुक्ल अष्टमी · विक्रम संवत 2088

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
05:51सूर्योदय18:14सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल अष्टमी
शुक्ल · 19:17 तक
नक्षत्र
आर्द्रा
14:30 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
05:5118:14
सोमवार · चन्द्र
राहु काल
07:24 –08:57
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
05:51दिन18:14
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
भद्रा
राहु काल
यमगंड
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
गुलिक काल
08:0010:0012:0014:0016:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:14रात05:50
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
वर्ज्य
19:0021:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

लोड हो रहा है… · हर मिनट अपडेट

पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल अष्टमी
    19:17 तक
  2. शुक्ल नवमी
    21:34, 1 अप्रैल तक
नक्षत्र
  1. आर्द्रास्वामी राहु
    14:30 तक
  2. पुनर्वसुस्वामी गुरु
    17:21, 1 अप्रैल तक
योग
  1. शोभन
    15:26 तक
  2. अतिगण्ड
    16:14, 1 अप्रैल तक
करण
  1. विष्टि
    06:02 तक
  2. बव
    19:17 तक
  3. बालव
    08:29, 1 अप्रैल तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
05:51
बिंब मध्य 05:54
सूर्यास्त
18:14
बिंब मध्य 18:10
चंद्रोदय
11:41
चंद्रास्त
00:37
दिनमान
12h 23m
वार
सोमवार · चन्द्र
चंद्र राशि
मिथुन
10:40, 1 अप्रैल तक
सूर्य राशि
मीन

चांद्र पंचांग

अमांत मास
चैत्र
पूर्णिमांत मास
चैत्र
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
वसंत
विक्रम संवत
2088
शक संवत
1953

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:18 –05:05
  • प्रातः संध्या04:41 –05:51
  • अभिजित मुहूर्त11:38 –12:27
  • विजय मुहूर्त14:06 –14:56
  • गोधूलि मुहूर्त18:14 –18:37
  • सायाह्न संध्या18:14 –19:24
  • निशीथ मुहूर्त23:39 –00:25, 1 अप्रैल
इन समयों से बचें
  • राहु काल07:24 –08:57
  • यमगंड10:30 –12:03
  • गुलिक काल13:35 –15:08
  • दुर्मुहूर्त12:27 –13:17
  • दुर्मुहूर्त14:56 –15:45
  • वर्ज्य03:56 –05:43, 1 अप्रैल
  • भद्रा05:51 –06:02

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • अमृतश्रेष्ठ05:51 – 07:24
  • कालहानि07:24 – 08:57
  • शुभशुभ08:57 – 10:30
  • रोगअनिष्ट10:30 – 12:03
  • उद्वेगअशुभ12:03 – 13:35
  • चरसम13:35 – 15:08
  • लाभलाभ15:08 – 16:41
  • अमृतश्रेष्ठ16:41 – 18:14
रात
  • चरसम18:14 – 19:41
  • रोगअनिष्ट19:41 – 21:08
  • कालहानि21:08 – 22:35
  • लाभलाभ22:35 – 00:02
  • उद्वेगअशुभ00:02 – 01:29
  • शुभशुभ01:29 – 02:56
  • अमृतश्रेष्ठ02:56 – 04:23
  • चरसम04:23 – 05:50

होरा

दिन
ग्रहसमय
चन्द्र05:51–06:53
शनि06:53–07:55
गुरु07:55–08:57
मंगल08:57–09:59
सूर्य09:59–11:01
शुक्र11:01–12:03
बुध12:03–13:04
चन्द्र13:04–14:06
शनि14:06–15:08
गुरु15:08–16:10
मंगल16:10–17:12
सूर्य17:12–18:14
रात
ग्रहसमय
शुक्र18:14–19:12
बुध19:12–20:10
चन्द्र20:10–21:08
शनि21:08–22:06
गुरु22:06–23:04
मंगल23:04–00:02
सूर्य00:02–01:00
शुक्र01:00–01:58
बुध01:58–02:56
चन्द्र02:56–03:54
शनि03:54–04:52
गुरु04:52–05:50

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • आर्द्रा 3 पद07:45 तक
  • आर्द्रा 4 पद14:30 तक
  • पुनर्वसु 1 पद21:15 तक
  • पुनर्वसु 2 पद03:58, 1 अप्रैल तक
  • पुनर्वसु 3 पद10:40, 1 अप्रैल तक
सूर्य नक्षत्र
उत्तरभाद्रपद 4 पद
ऋतु (दृक्)
वसंत
ऋतु (वैदिक)
वसंत
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
12h 23m
रात्रिमान
11h 36m
मध्याह्न
12:03

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
मिथुन · अगले सूर्योदय तक
मेषमिथुनसिंहकन्याधनुमकर
वृश्चिक राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
आर्द्रा · 14:30 तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुपुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदउत्तरभाद्रपद
पुनर्वसु · अगले सूर्योदय तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
वायव्य (उत्तर-पश्चिम)
चंद्र वास
पश्चिम
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 19:17 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
श्मशान में · 19:17 तकगौरी के साथ
होमाहुति
शुक्र

पंचक रहित मुहूर्त

  • मृत्यु पंचक05:51 –06:37
  • रोग पंचक06:37 –08:15
  • शुभ मुहूर्त08:15 –10:12
  • मृत्यु पंचक10:12 –12:26
  • अग्नि पंचक12:26 –14:30
  • शुभ मुहूर्त14:30 –14:44
  • राज पंचक14:44 –16:58
  • शुभ मुहूर्त16:58 –19:11
  • चोर पंचक19:11 –19:17
  • शुभ मुहूर्त19:17 –21:27
  • रोग पंचक21:27 –23:44
  • शुभ मुहूर्त23:44 –01:49, 1 अप्रैल
  • मृत्यु पंचक01:49 –03:34, 1 अप्रैल
  • अग्नि पंचक03:34 –05:04, 1 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त05:04 –05:50, 1 अप्रैल

उदय लग्न

  • मीन05:08 –06:37
  • मेष06:37 –08:15
  • वृषभ08:15 –10:12
  • मिथुन10:12 –12:26
  • कर्क12:26 –14:44
  • सिंह14:44 –16:58
  • कन्या16:58 –19:11
  • तुला19:11 –21:27
  • वृश्चिक21:27 –23:44
  • धनु23:44 –01:49, 1 अप्रैल
  • मकर01:49 –03:34, 1 अप्रैल
  • कुम्भ03:34 –05:04, 1 अप्रैल
  • मीन05:04 –06:33, 1 अप्रैल

पंचांग · वाराणसी, 31 मार्च 2031

सोमवार, 31 मार्च 2031 को वाराणसी में सूर्योदय 05:51 और सूर्यास्त 18:14 पर है। तिथि शुक्ल अष्टमी 19:17 तक, फिर शुक्ल नवमी; नक्षत्र आर्द्रा 14:30 तक, फिर पुनर्वसु; योग शोभन 15:26 तक, फिर अतिगण्ड; करण विष्टि 06:02 तक, फिर बव। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 07:24–08:57, अभिजित मुहूर्त 11:38–12:27। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2088, शक संवत 1953।

इस दिन के बारे में प्रश्न

वाराणसी में 31 मार्च 2031 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल अष्टमी 19:17 तक, फिर शुक्ल नवमी (सूर्योदय 05:51, वाराणसी)।

31 मार्च 2031 को कौन सा नक्षत्र है?

आर्द्रा 14:30 तक, फिर पुनर्वसु। चंद्रमा मिथुन राशि में 1 अप्रैल 10:40 तक।

वाराणसी में 31 मार्च 2031 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 07:24–08:57, यमगण्ड 10:30–12:03, गुलिक काल 13:35–15:08।

वाराणसी में 31 मार्च 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 05:51, सूर्यास्त 18:14, चंद्रोदय 11:41 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

31 मार्च 2031 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:38–12:27, ब्रह्म मुहूर्त 04:18–05:05। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

वाराणसी हिन्दू कैलेंडर मार्च 2031आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2031मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2936° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

आपका डिफ़ॉल्ट स्थान आपके IP पते से अनुमानित है: IP Geolocation by DB-IP