पंचांग · मंगलवार, 4 फ़रवरी 2031वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल द्वादशी12:35 तक
- शुक्ल त्रयोदशी14:54, 5 फ़र॰ तक
- आर्द्रास्वामी राहु22:43 तक
- पुनर्वसुस्वामी गुरु01:21, 6 फ़र॰ तक
- विष्कुम्भ02:18, 5 फ़र॰ तक
- प्रीति02:50, 6 फ़र॰ तक
- बालव12:35 तक
- कौलव01:47, 5 फ़र॰ तक
- तैतिल14:54, 5 फ़र॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:40बिंब मध्य 06:43
- सूर्यास्त
- 17:44बिंब मध्य 17:40
- चंद्रोदय
- 15:05
- चंद्रास्त
- 04:05
- दिनमान
- 11h 4m
- वार
- मंगलवार · मंगल
- चंद्र राशि
- मिथुन18:43, 5 फ़र॰ तक
- सूर्य राशि
- मकर
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- माघ
- पूर्णिमांत मास
- माघ
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- शिशिर
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:56 –05:48
- प्रातः संध्या05:22 –06:40
- अभिजित मुहूर्त11:50 –12:34
- विजय मुहूर्त14:03 –14:47
- गोधूलि मुहूर्त17:44 –18:10
- सायाह्न संध्या17:44 –19:02
- निशीथ मुहूर्त23:46 –00:38, 5 फ़र॰
- अमृत काल11:29 –13:17
- राहु काल14:58 –16:21
- यमगंड09:26 –10:49
- गुलिक काल12:12 –13:35
- दुर्मुहूर्त08:53 –09:37
- दुर्मुहूर्त22:54 –23:46
- वर्ज्य05:12 –07:00
चौघड़िया
- रोगअनिष्ट06:40 – 08:03
- उद्वेगअशुभ08:03 – 09:26
- चरसम09:26 – 10:49
- लाभलाभ10:49 – 12:12
- अमृतश्रेष्ठ12:12 – 13:35
- कालहानि13:35 – 14:58
- शुभशुभ14:58 – 16:21
- रोगअनिष्ट16:21 – 17:44
- कालहानि17:44 – 19:21
- लाभलाभ19:21 – 20:58
- उद्वेगअशुभ20:58 – 22:35
- शुभशुभ22:35 – 00:12
- अमृतश्रेष्ठ00:12 – 01:49
- चरसम01:49 – 03:26
- रोगअनिष्ट03:26 – 05:02
- कालहानि05:02 – 06:39
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 06:40–07:35 |
| सूर्य | 07:35–08:31 |
| शुक्र | 08:31–09:26 |
| बुध | 09:26–10:21 |
| चन्द्र | 10:21–11:17 |
| शनि | 11:17–12:12 |
| गुरु | 12:12–13:07 |
| मंगल | 13:07–14:03 |
| सूर्य | 14:03–14:58 |
| शुक्र | 14:58–15:54 |
| बुध | 15:54–16:49 |
| चन्द्र | 16:49–17:44 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 17:44–18:49 |
| गुरु | 18:49–19:53 |
| मंगल | 19:53–20:58 |
| सूर्य | 20:58–22:03 |
| शुक्र | 22:03–23:07 |
| बुध | 23:07–00:12 |
| चन्द्र | 00:12–01:16 |
| शनि | 01:16–02:21 |
| गुरु | 02:21–03:26 |
| मंगल | 03:26–04:30 |
| सूर्य | 04:30–05:35 |
| शुक्र | 05:35–06:39 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- आर्द्रा 2 पद09:17 तक
- आर्द्रा 3 पद16:00 तक
- आर्द्रा 4 पद22:43 तक
- पुनर्वसु 1 पद05:25, 5 फ़र॰ तक
- पुनर्वसु 2 पद12:05, 5 फ़र॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- श्रवण 4 पद
- ऋतु (दृक्)
- शिशिर
- ऋतु (वैदिक)
- शिशिर
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 11h 4m
- रात्रिमान
- 12h 55m
- मध्याह्न
- 12:12
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पश्चिम
- चंद्र वास
- पश्चिम
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 12:35 तकआकाश
- शिववास
- कैलाश पर · 12:35 तकनंदी पर
- होमाहुति
- शनि
पंचक रहित मुहूर्त
- राज पंचक06:40 –07:14
- शुभ मुहूर्त07:14 –08:45
- चोर पंचक08:45 –10:13
- राज पंचक10:13 –11:51
- शुभ मुहूर्त11:51 –12:35
- चोर पंचक12:35 –13:48
- शुभ मुहूर्त13:48 –16:02
- रोग पंचक16:02 –18:20
- शुभ मुहूर्त18:20 –20:34
- मृत्यु पंचक20:34 –22:43
- अग्नि पंचक22:43 –22:47
- शुभ मुहूर्त22:47 –01:03, 5 फ़र॰
- राज पंचक01:03 –03:20, 5 फ़र॰
- शुभ मुहूर्त03:20 –05:25, 5 फ़र॰
- चोर पंचक05:25 –06:39, 5 फ़र॰
उदय लग्न
- मकर05:29 –07:14
- कुम्भ07:14 –08:45
- मीन08:45 –10:13
- मेष10:13 –11:51
- वृषभ11:51 –13:48
- मिथुन13:48 –16:02
- कर्क16:02 –18:20
- सिंह18:20 –20:34
- कन्या20:34 –22:47
- तुला22:47 –01:03, 5 फ़र॰
- वृश्चिक01:03 –03:20, 5 फ़र॰
- धनु03:20 –05:25, 5 फ़र॰
- मकर05:25 –07:10, 5 फ़र॰
पंचांग · वाराणसी, 4 फ़रवरी 2031
मंगलवार, 4 फ़रवरी 2031 को वाराणसी में सूर्योदय 06:40 और सूर्यास्त 17:44 पर है। तिथि शुक्ल द्वादशी 12:35 तक, फिर शुक्ल त्रयोदशी; नक्षत्र आर्द्रा 22:43 तक, फिर पुनर्वसु; योग विष्कुम्भ 5 फ़रवरी 02:18 तक, फिर प्रीति; करण बालव 12:35 तक, फिर कौलव। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य मकर राशि में। राहुकाल 14:58–16:21, अभिजित मुहूर्त 11:50–12:34। मास माघ (पूर्णिमांत) / माघ (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 4 फ़रवरी 2031 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल द्वादशी 12:35 तक, फिर शुक्ल त्रयोदशी (सूर्योदय 06:40, वाराणसी)।
4 फ़रवरी 2031 को कौन सा नक्षत्र है?
आर्द्रा 22:43 तक, फिर पुनर्वसु। चंद्रमा मिथुन राशि में 5 फ़रवरी 18:43 तक।
वाराणसी में 4 फ़रवरी 2031 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 14:58–16:21, यमगण्ड 09:26–10:49, गुलिक काल 12:12–13:35।
वाराणसी में 4 फ़रवरी 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:40, सूर्यास्त 17:44, चंद्रोदय 15:05 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
4 फ़रवरी 2031 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:50–12:34, ब्रह्म मुहूर्त 04:56–05:48। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
4 फ़रवरी 2031 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
भौम प्रदोष।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर फ़रवरी 2031आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2031मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2914° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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