पंचांग · गुरुवार, 12 सितंबर 2030वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण प्रतिपदा02:25, 13 सित॰ तक
- कृष्ण द्वितीया02:39, 14 सित॰ तक
- पूर्वभाद्रपदस्वामी गुरु18:07 तक
- उत्तरभाद्रपदस्वामी शनि18:48, 13 सित॰ तक
- शूल20:04 तक
- गण्ड19:04, 13 सित॰ तक
- बालव14:32 तक
- कौलव02:25, 13 सित॰ तक
- तैतिल14:28, 13 सित॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:43बिंब मध्य 05:46
- सूर्यास्त
- 18:06बिंब मध्य 18:02
- चंद्रोदय
- 18:09
- चंद्रास्त
- 05:54
- दिनमान
- 12h 23m
- वार
- गुरुवार · गुरु
- चंद्र राशि
- कुम्भ12:02 तक
- सूर्य राशि
- सिंह
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- भाद्रपद
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- वर्षा
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:10 –04:56
- प्रातः संध्या04:33 –05:43
- अभिजित मुहूर्त11:29 –12:19
- विजय मुहूर्त13:58 –14:48
- गोधूलि मुहूर्त18:06 –18:29
- सायाह्न संध्या18:06 –19:15
- निशीथ मुहूर्त23:31 –00:18, 13 सित॰
- अमृत काल10:04 –11:41
- राहु काल13:27 –15:00
- यमगंड05:43 –07:16
- गुलिक काल08:49 –10:21
- दुर्मुहूर्त09:50 –10:40
- दुर्मुहूर्त14:48 –15:37
- वर्ज्य03:59 –05:38, 13 सित॰
चौघड़िया
- शुभशुभ05:43 – 07:16
- रोगअनिष्ट07:16 – 08:49
- उद्वेगअशुभ08:49 – 10:21
- चरसम10:21 – 11:54
- लाभलाभ11:54 – 13:27
- अमृतश्रेष्ठ13:27 – 15:00
- कालहानि15:00 – 16:33
- शुभशुभ16:33 – 18:06
- अमृतश्रेष्ठ18:06 – 19:33
- चरसम19:33 – 21:00
- रोगअनिष्ट21:00 – 22:27
- कालहानि22:27 – 23:54
- लाभलाभ23:54 – 01:22
- उद्वेगअशुभ01:22 – 02:49
- शुभशुभ02:49 – 04:16
- अमृतश्रेष्ठ04:16 – 05:43
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 05:43–06:45 |
| मंगल | 06:45–07:47 |
| सूर्य | 07:47–08:49 |
| शुक्र | 08:49–09:50 |
| बुध | 09:50–10:52 |
| चन्द्र | 10:52–11:54 |
| शनि | 11:54–12:56 |
| गुरु | 12:56–13:58 |
| मंगल | 13:58–15:00 |
| सूर्य | 15:00–16:02 |
| शुक्र | 16:02–17:04 |
| बुध | 17:04–18:06 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| चन्द्र | 18:06–19:04 |
| शनि | 19:04–20:02 |
| गुरु | 20:02–21:00 |
| मंगल | 21:00–21:58 |
| सूर्य | 21:58–22:56 |
| शुक्र | 22:56–23:54 |
| बुध | 23:54–00:53 |
| चन्द्र | 00:53–01:51 |
| शनि | 01:51–02:49 |
| गुरु | 02:49–03:47 |
| मंगल | 03:47–04:45 |
| सूर्य | 04:45–05:43 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पूर्वभाद्रपद 2 पद05:59 तक
- पूर्वभाद्रपद 3 पद12:02 तक
- पूर्वभाद्रपद 4 पद18:07 तक
- उत्तरभाद्रपद 1 पद00:14, 13 सित॰ तक
- उत्तरभाद्रपद 2 पद06:23, 13 सित॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- पूर्व फाल्गुनी 4 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- वर्षा
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 12h 23m
- रात्रिमान
- 11h 37m
- मध्याह्न
- 11:54
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- दक्षिण
- चंद्र वास
- पश्चिम · 12:02 तकउत्तर
- अग्निवास
- पाताल · 02:25, 13 सित॰ तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- गौरी के साथ · 02:25, 13 सित॰ तकसभा में
- होमाहुति
- चन्द्र
पंचक रहित मुहूर्त
- चोर पंचक05:43 –06:08
- शुभ मुहूर्त06:08 –08:21
- रोग पंचक08:21 –10:37
- शुभ मुहूर्त10:37 –12:54
- मृत्यु पंचक12:54 –14:59
- अग्नि पंचक14:59 –16:44
- शुभ मुहूर्त16:44 –18:07
- राज पंचक18:07 –18:15
- शुभ मुहूर्त18:15 –21:21
- राज पंचक21:21 –23:19
- शुभ मुहूर्त23:19 –01:32, 13 सित॰
- चोर पंचक01:32 –02:25, 13 सित॰
- शुभ मुहूर्त02:25 –03:50, 13 सित॰
- रोग पंचक03:50 –05:43, 13 सित॰
उदय लग्न
- सिंह03:54 –06:08
- कन्या06:08 –08:21
- तुला08:21 –10:37
- वृश्चिक10:37 –12:54
- धनु12:54 –14:59
- मकर14:59 –16:44
- कुम्भ16:44 –18:15
- मीन18:15 –19:43
- मेष19:43 –21:21
- वृषभ21:21 –23:19
- मिथुन23:19 –01:32, 13 सित॰
- कर्क01:32 –03:50, 13 सित॰
- सिंह03:50 –06:04, 13 सित॰
पंचांग · वाराणसी, 12 सितंबर 2030
गुरुवार, 12 सितंबर 2030 को वाराणसी में सूर्योदय 05:43 और सूर्यास्त 18:06 पर है। तिथि कृष्ण प्रतिपदा 13 सितंबर 02:25 तक, फिर कृष्ण द्वितीया; नक्षत्र पूर्वभाद्रपद 18:07 तक, फिर उत्तरभाद्रपद; योग शूल 20:04 तक, फिर गण्ड; करण बालव 14:32 तक, फिर कौलव। चंद्रमा कुम्भ राशि में, सूर्य सिंह राशि में। राहुकाल 13:27–15:00, अभिजित मुहूर्त 11:29–12:19। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / भाद्रपद (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 12 सितंबर 2030 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण प्रतिपदा 13 सितंबर 02:25 तक, फिर कृष्ण द्वितीया (सूर्योदय 05:43, वाराणसी)।
12 सितंबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
पूर्वभाद्रपद 18:07 तक, फिर उत्तरभाद्रपद। चंद्रमा कुम्भ राशि में 12:02 तक।
वाराणसी में 12 सितंबर 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 13:27–15:00, यमगण्ड 05:43–07:16, गुलिक काल 08:49–10:21।
वाराणसी में 12 सितंबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:43, सूर्यास्त 18:06, चंद्रोदय 18:09 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
12 सितंबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:29–12:19, ब्रह्म मुहूर्त 04:10–04:56। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर सितंबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2859° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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