पंचांग · बुधवार, 20 मार्च 2030वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण प्रतिपदा20:29 तक
- कृष्ण द्वितीया17:22, 21 मार्च तक
- उत्तर फाल्गुनीस्वामी सूर्य07:49 तक
- हस्तस्वामी चन्द्र05:32, 21 मार्च तक
- चित्रास्वामी मंगल03:10, 22 मार्च तक
- वृद्धि01:16, 21 मार्च तक
- ध्रुव21:32, 21 मार्च तक
- बालव10:00 तक
- कौलव20:29 तक
- तैतिल06:57, 21 मार्च तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:02बिंब मध्य 06:06
- सूर्यास्त
- 18:09बिंब मध्य 18:05
- चंद्रोदय
- 18:56
- चंद्रास्त
- 06:00
- दिनमान
- 12h 7m
- वार
- बुधवार · बुध
- चंद्र राशि
- कन्या16:21, 21 मार्च तक
- सूर्य राशि
- मीन
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- फाल्गुन
- पूर्णिमांत मास
- चैत्र
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शिशिर
- विक्रम संवत
- 2086
- शक संवत
- 1951
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:27 –05:15
- प्रातः संध्या04:51 –06:02
- अभिजित मुहूर्त11:42 –12:30
- विजय मुहूर्त14:07 –14:55
- गोधूलि मुहूर्त18:09 –18:33
- सायाह्न संध्या18:09 –19:20
- निशीथ मुहूर्त23:42 –00:29, 21 मार्च
- अमृत काल00:06 –01:33, 21 मार्च
- राहु काल12:06 –13:37
- यमगंड07:33 –09:04
- गुलिक काल10:35 –12:06
- दुर्मुहूर्त11:42 –12:30
- वर्ज्य15:25 –16:52
चौघड़िया
- लाभलाभ06:02 – 07:33
- अमृतश्रेष्ठ07:33 – 09:04
- कालहानि09:04 – 10:35
- शुभशुभ10:35 – 12:06
- रोगअनिष्ट12:06 – 13:37
- उद्वेगअशुभ13:37 – 15:08
- चरसम15:08 – 16:38
- लाभलाभ16:38 – 18:09
- उद्वेगअशुभ18:09 – 19:38
- शुभशुभ19:38 – 21:07
- अमृतश्रेष्ठ21:07 – 22:36
- चरसम22:36 – 00:05
- रोगअनिष्ट00:05 – 01:34
- कालहानि01:34 – 03:03
- लाभलाभ03:03 – 04:32
- उद्वेगअशुभ04:32 – 06:01
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 06:02–07:03 |
| चन्द्र | 07:03–08:04 |
| शनि | 08:04–09:04 |
| गुरु | 09:04–10:05 |
| मंगल | 10:05–11:05 |
| सूर्य | 11:05–12:06 |
| शुक्र | 12:06–13:06 |
| बुध | 13:06–14:07 |
| चन्द्र | 14:07–15:08 |
| शनि | 15:08–16:08 |
| गुरु | 16:08–17:09 |
| मंगल | 17:09–18:09 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 18:09–19:09 |
| शुक्र | 19:09–20:08 |
| बुध | 20:08–21:07 |
| चन्द्र | 21:07–22:07 |
| शनि | 22:07–23:06 |
| गुरु | 23:06–00:05 |
| मंगल | 00:05–01:05 |
| सूर्य | 01:05–02:04 |
| शुक्र | 02:04–03:03 |
| बुध | 03:03–04:03 |
| चन्द्र | 04:03–05:02 |
| शनि | 05:02–06:01 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- उत्तर फाल्गुनी 4 पद07:49 तक
- हस्त 1 पद13:16 तक
- हस्त 2 पद18:42 तक
- हस्त 3 पद00:07, 21 मार्च तक
- हस्त 4 पद05:32, 21 मार्च तक
- चित्रा 1 पद10:57, 21 मार्च तक
- सूर्य नक्षत्र
- उत्तरभाद्रपद 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- वसंत
- ऋतु (वैदिक)
- शिशिर
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 12h 7m
- रात्रिमान
- 11h 52m
- मध्याह्न
- 12:06
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
- चंद्र वास
- दक्षिण
- अग्निवास
- आकाश · 20:29 तकपाताल
- शिववास
- गौरी के साथ · 20:29 तकसभा में
- होमाहुति
- चन्द्र
पंचक रहित मुहूर्त
- रोग पंचक06:02 –07:19
- चोर पंचक07:19 –07:49
- शुभ मुहूर्त07:49 –08:57
- रोग पंचक08:57 –10:54
- शुभ मुहूर्त10:54 –13:08
- मृत्यु पंचक13:08 –15:26
- अग्नि पंचक15:26 –17:40
- शुभ मुहूर्त17:40 –19:53
- राज पंचक19:53 –20:29
- शुभ मुहूर्त20:29 –22:09
- चोर पंचक22:09 –00:26, 21 मार्च
- शुभ मुहूर्त00:26 –02:31, 21 मार्च
- रोग पंचक02:31 –04:16, 21 मार्च
- शुभ मुहूर्त04:16 –05:32, 21 मार्च
- मृत्यु पंचक05:32 –05:47, 21 मार्च
- अग्नि पंचक05:47 –06:01, 21 मार्च
उदय लग्न
- मीन05:51 –07:19
- मेष07:19 –08:57
- वृषभ08:57 –10:54
- मिथुन10:54 –13:08
- कर्क13:08 –15:26
- सिंह15:26 –17:40
- कन्या17:40 –19:53
- तुला19:53 –22:09
- वृश्चिक22:09 –00:26, 21 मार्च
- धनु00:26 –02:31, 21 मार्च
- मकर02:31 –04:16, 21 मार्च
- कुम्भ04:16 –05:47, 21 मार्च
- मीन05:47 –07:15, 21 मार्च
पंचांग · वाराणसी, 20 मार्च 2030
बुधवार, 20 मार्च 2030 को वाराणसी में सूर्योदय 06:02 और सूर्यास्त 18:09 पर है। तिथि कृष्ण प्रतिपदा 20:29 तक, फिर कृष्ण द्वितीया; नक्षत्र उत्तर फाल्गुनी 07:49 तक, फिर हस्त; योग वृद्धि 21 मार्च 01:16 तक, फिर ध्रुव; करण बालव 10:00 तक, फिर कौलव। चंद्रमा कन्या राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 12:06–13:37, अभिजित मुहूर्त 11:42–12:30। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / फाल्गुन (अमांत), विक्रम संवत 2086, शक संवत 1951।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 20 मार्च 2030 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण प्रतिपदा 20:29 तक, फिर कृष्ण द्वितीया (सूर्योदय 06:02, वाराणसी)।
20 मार्च 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
उत्तर फाल्गुनी 07:49 तक, फिर हस्त। चंद्रमा कन्या राशि में 21 मार्च 16:21 तक।
वाराणसी में 20 मार्च 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 12:06–13:37, यमगण्ड 07:33–09:04, गुलिक काल 10:35–12:06।
वाराणसी में 20 मार्च 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:02, सूर्यास्त 18:09, चंद्रोदय 18:56 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
20 मार्च 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:42–12:30, ब्रह्म मुहूर्त 04:27–05:15। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
20 मार्च 2030 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
होली।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर मार्च 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2792° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
आपका डिफ़ॉल्ट स्थान आपके IP पते से अनुमानित है: IP Geolocation by DB-IP