पंचांग · रविवार, 4 जुलाई 2027वाराणसी

ज्येष्ठ · अमावस्या · विक्रम संवत 2084अमावस्या

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
05:12सूर्योदय18:53सूर्यास्त
तिथि
अमावस्या
कृष्ण · 08:32 तक
नक्षत्र
आर्द्रा
12:09 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
05:1218:53
रविवार · सूर्य
राहु काल
17:10 –18:53
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
05:12दिन18:53
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
यमगंड
गुलिक काल
दुर्मुहूर्त
राहु काल
06:0008:0010:0012:0014:0016:0018:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:53रात05:13
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
वर्ज्य
21:0023:0001:0003:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

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पाँच अंग

तिथि
  1. अमावस्या
    08:32 तक
  2. शुक्ल प्रतिपदा
    04:51, 5 जुल॰ तक
  3. शुक्ल द्वितीया
    01:14, 6 जुल॰ तक
नक्षत्र
  1. आर्द्रास्वामी राहु
    12:09 तक
  2. पुनर्वसुस्वामी गुरु
    09:19, 5 जुल॰ तक
योग
  1. ध्रुव
    15:21 तक
  2. व्याघात
    11:15, 5 जुल॰ तक
करण
  1. नाग
    08:32 तक
  2. किंस्तुघ्न
    18:41 तक
  3. बव
    04:51, 5 जुल॰ तक
  4. बालव
    15:01, 5 जुल॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
05:12
बिंब मध्य 05:16
सूर्यास्त
18:53
बिंब मध्य 18:48
चंद्रोदय
05:02
चंद्रास्त
19:19
दिनमान
13h 41m
वार
रविवार · सूर्य
चंद्र राशि
मिथुन
04:01, 5 जुल॰ तक
सूर्य राशि
मिथुन

चांद्र पंचांग

अमांत मास
ज्येष्ठ
पूर्णिमांत मास
आषाढ़
पक्ष
कृष्ण
ऋतु
ग्रीष्म
विक्रम संवत
2084
शक संवत
1949

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त03:50 –04:31
  • प्रातः संध्या04:10 –05:12
  • अभिजित मुहूर्त11:35 –12:30
  • विजय मुहूर्त14:19 –15:14
  • गोधूलि मुहूर्त18:53 –19:13
  • सायाह्न संध्या18:53 –19:55
  • निशीथ मुहूर्त23:42 –00:23, 5 जुल॰
इन समयों से बचें
  • राहु काल17:10 –18:53
  • यमगंड12:02 –13:45
  • गुलिक काल15:28 –17:10
  • दुर्मुहूर्त17:03 –17:58
  • वर्ज्य22:44 –00:09, 5 जुल॰

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • उद्वेगअशुभ05:12 – 06:55
  • चरसम06:55 – 08:37
  • लाभलाभ08:37 – 10:20
  • अमृतश्रेष्ठ10:20 – 12:02
  • कालहानि12:02 – 13:45
  • शुभशुभ13:45 – 15:28
  • रोगअनिष्ट15:28 – 17:10
  • उद्वेगअशुभ17:10 – 18:53
रात
  • शुभशुभ18:53 – 20:10
  • अमृतश्रेष्ठ20:10 – 21:28
  • चरसम21:28 – 22:45
  • रोगअनिष्ट22:45 – 00:03
  • कालहानि00:03 – 01:20
  • लाभलाभ01:20 – 02:38
  • उद्वेगअशुभ02:38 – 03:55
  • शुभशुभ03:55 – 05:13

होरा

दिन
ग्रहसमय
सूर्य05:12–06:21
शुक्र06:21–07:29
बुध07:29–08:37
चन्द्र08:37–09:46
शनि09:46–10:54
गुरु10:54–12:02
मंगल12:02–13:11
सूर्य13:11–14:19
शुक्र14:19–15:28
बुध15:28–16:36
चन्द्र16:36–17:44
शनि17:44–18:53
रात
ग्रहसमय
गुरु18:53–19:44
मंगल19:44–20:36
सूर्य20:36–21:28
शुक्र21:28–22:19
बुध22:19–23:11
चन्द्र23:11–00:03
शनि00:03–00:54
गुरु00:54–01:46
मंगल01:46–02:38
सूर्य02:38–03:29
शुक्र03:29–04:21
बुध04:21–05:13

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • आर्द्रा 3 पद06:52 तक
  • आर्द्रा 4 पद12:09 तक
  • पुनर्वसु 1 पद17:27 तक
  • पुनर्वसु 2 पद22:44 तक
  • पुनर्वसु 3 पद04:01, 5 जुल॰ तक
  • पुनर्वसु 4 पद09:19, 5 जुल॰ तक
सूर्य नक्षत्र
आर्द्रा 4 पद
ऋतु (दृक्)
वर्षा
ऋतु (वैदिक)
ग्रीष्म
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
13h 41m
रात्रिमान
10h 20m
मध्याह्न
12:02

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
मिथुन · 04:01, 5 जुल॰ तक
मेषमिथुनसिंहकन्याधनुमकर
वृश्चिक राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
कर्क · अगले सूर्योदय तक
वृषभकर्ककन्यातुलामकरकुम्भ
धनु राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
आर्द्रा · 12:09 तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुपुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदउत्तरभाद्रपद
पुनर्वसु · अगले सूर्योदय तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
उत्तर
चंद्र वास
पश्चिम · 04:01, 5 जुल॰ तकउत्तर
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 08:32 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 04:51, 5 जुल॰ तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
गौरी के साथ · 08:32 तकश्मशान में · 04:51, 5 जुल॰ तकगौरी के साथ
होमाहुति
सूर्य

पंचक रहित मुहूर्त

  • राज पंचक05:12 –06:13
  • शुभ मुहूर्त06:13 –08:30
  • चोर पंचक08:30 –08:32
  • राज पंचक08:32 –10:44
  • शुभ मुहूर्त10:44 –12:09
  • चोर पंचक12:09 –12:57
  • शुभ मुहूर्त12:57 –15:14
  • रोग पंचक15:14 –17:30
  • शुभ मुहूर्त17:30 –19:35
  • मृत्यु पंचक19:35 –21:20
  • अग्नि पंचक21:20 –22:51
  • शुभ मुहूर्त22:51 –00:19, 5 जुल॰
  • मृत्यु पंचक00:19 –01:57, 5 जुल॰
  • अग्नि पंचक01:57 –03:55, 5 जुल॰
  • शुभ मुहूर्त03:55 –04:51, 5 जुल॰
  • राज पंचक04:51 –05:13, 5 जुल॰

उदय लग्न

  • मिथुन03:59 –06:13
  • कर्क06:13 –08:30
  • सिंह08:30 –10:44
  • कन्या10:44 –12:57
  • तुला12:57 –15:14
  • वृश्चिक15:14 –17:30
  • धनु17:30 –19:35
  • मकर19:35 –21:20
  • कुम्भ21:20 –22:51
  • मीन22:51 –00:19, 5 जुल॰
  • मेष00:19 –01:57, 5 जुल॰
  • वृषभ01:57 –03:55, 5 जुल॰
  • मिथुन03:55 –06:09, 5 जुल॰

पंचांग · वाराणसी, 4 जुलाई 2027

रविवार, 4 जुलाई 2027 को वाराणसी में सूर्योदय 05:12 और सूर्यास्त 18:53 पर है। तिथि अमावस्या 08:32 तक, फिर शुक्ल प्रतिपदा; नक्षत्र आर्द्रा 12:09 तक, फिर पुनर्वसु; योग ध्रुव 15:21 तक, फिर व्याघात; करण नाग 08:32 तक, फिर किंस्तुघ्न। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य मिथुन राशि में। राहुकाल 17:10–18:53, अभिजित मुहूर्त 11:35–12:30। मास आषाढ़ (पूर्णिमांत) / ज्येष्ठ (अमांत), विक्रम संवत 2084, शक संवत 1949।

इस दिन के बारे में प्रश्न

वाराणसी में 4 जुलाई 2027 को कौन सी तिथि है?

अमावस्या 08:32 तक, फिर शुक्ल प्रतिपदा (सूर्योदय 05:12, वाराणसी)।

4 जुलाई 2027 को कौन सा नक्षत्र है?

आर्द्रा 12:09 तक, फिर पुनर्वसु। चंद्रमा मिथुन राशि में 5 जुलाई 04:01 तक।

वाराणसी में 4 जुलाई 2027 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 17:10–18:53, यमगण्ड 12:02–13:45, गुलिक काल 15:28–17:10।

वाराणसी में 4 जुलाई 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 05:12, सूर्यास्त 18:53, चंद्रोदय 05:02 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

4 जुलाई 2027 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:35–12:30, ब्रह्म मुहूर्त 03:50–04:31। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

4 जुलाई 2027 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

अमावस्या।

वाराणसी हिन्दू कैलेंडर जुलाई 2027आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2027मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2413° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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