पंचांग · रविवार, 4 अप्रैल 2027वडोदरा
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण त्रयोदशी05:23, 5 अप्रैल तक
- कृष्ण चतुर्दशी05:40, 6 अप्रैल तक
- शतभिषास्वामी राहु16:33 तक
- पूर्वभाद्रपदस्वामी गुरु17:46, 5 अप्रैल तक
- शुभ10:13 तक
- शुक्ल09:47, 5 अप्रैल तक
- गर17:00 तक
- वणिज05:23, 5 अप्रैल तक
- विष्टि17:37, 5 अप्रैल तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:28बिंब मध्य 06:31
- सूर्यास्त
- 18:53बिंब मध्य 18:49
- चंद्रोदय
- 04:37
- चंद्रास्त
- 16:38
- दिनमान
- 12h 25m
- वार
- रविवार · सूर्य
- चंद्र राशि
- कुम्भ11:31, 5 अप्रैल तक
- सूर्य राशि
- मीन
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- फाल्गुन
- पूर्णिमांत मास
- चैत्र
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शिशिर
- विक्रम संवत
- 2083
- शक संवत
- 1948
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:55 –05:41
- प्रातः संध्या05:18 –06:28
- अभिजित मुहूर्त12:16 –13:05
- विजय मुहूर्त14:45 –15:35
- गोधूलि मुहूर्त18:53 –19:17
- सायाह्न संध्या18:53 –20:03
- निशीथ मुहूर्त00:17 –01:03, 5 अप्रैल
- अमृत काल08:47 –10:31
- राहु काल17:20 –18:53
- यमगंड12:41 –14:14
- गुलिक काल15:47 –17:20
- दुर्मुहूर्त17:14 –18:04
- वर्ज्य23:16 –00:57, 5 अप्रैल
- भद्रा05:23 –06:27, 5 अप्रैल
चौघड़िया
- उद्वेगअशुभ06:28 – 08:01
- चरसम08:01 – 09:34
- लाभलाभ09:34 – 11:07
- अमृतश्रेष्ठ11:07 – 12:41
- कालहानि12:41 – 14:14
- शुभशुभ14:14 – 15:47
- रोगअनिष्ट15:47 – 17:20
- उद्वेगअशुभ17:20 – 18:53
- शुभशुभ18:53 – 20:20
- अमृतश्रेष्ठ20:20 – 21:47
- चरसम21:47 – 23:13
- रोगअनिष्ट23:13 – 00:40
- कालहानि00:40 – 02:07
- लाभलाभ02:07 – 03:33
- उद्वेगअशुभ03:33 – 05:00
- शुभशुभ05:00 – 06:27
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 06:28–07:30 |
| शुक्र | 07:30–08:32 |
| बुध | 08:32–09:34 |
| चन्द्र | 09:34–10:36 |
| शनि | 10:36–11:38 |
| गुरु | 11:38–12:41 |
| मंगल | 12:41–13:43 |
| सूर्य | 13:43–14:45 |
| शुक्र | 14:45–15:47 |
| बुध | 15:47–16:49 |
| चन्द्र | 16:49–17:51 |
| शनि | 17:51–18:53 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 18:53–19:51 |
| मंगल | 19:51–20:49 |
| सूर्य | 20:49–21:47 |
| शुक्र | 21:47–22:45 |
| बुध | 22:45–23:42 |
| चन्द्र | 23:42–00:40 |
| शनि | 00:40–01:38 |
| गुरु | 01:38–02:36 |
| मंगल | 02:36–03:33 |
| सूर्य | 03:33–04:31 |
| शुक्र | 04:31–05:29 |
| बुध | 05:29–06:27 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- शतभिषा 3 पद10:08 तक
- शतभिषा 4 पद16:33 तक
- पूर्वभाद्रपद 1 पद22:55 तक
- पूर्वभाद्रपद 2 पद05:14, 5 अप्रैल तक
- पूर्वभाद्रपद 3 पद11:31, 5 अप्रैल तक
- सूर्य नक्षत्र
- रेवती 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- वसंत
- ऋतु (वैदिक)
- शिशिर
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 12h 25m
- रात्रिमान
- 11h 34m
- मध्याह्न
- 12:41
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- उत्तर
- चंद्र वास
- पश्चिम
- अग्निवास
- पाताल · 05:23, 5 अप्रैल तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- भोजन में · 05:23, 5 अप्रैल तकश्मशान में
- होमाहुति
- केतु
पंचक रहित मुहूर्त
- अग्नि पंचक06:28 –07:02
- शुभ मुहूर्त07:02 –08:43
- मृत्यु पंचक08:43 –10:42
- अग्नि पंचक10:42 –12:55
- शुभ मुहूर्त12:55 –15:11
- राज पंचक15:11 –16:33
- शुभ मुहूर्त16:33 –17:22
- चोर पंचक17:22 –19:31
- शुभ मुहूर्त19:31 –21:45
- रोग पंचक21:45 –00:01, 5 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त00:01 –02:06, 5 अप्रैल
- मृत्यु पंचक02:06 –03:53, 5 अप्रैल
- अग्नि पंचक03:53 –05:23, 5 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त05:23 –05:27, 5 अप्रैल
- राज पंचक05:27 –06:27, 5 अप्रैल
उदय लग्न
- मीन05:31 –07:02
- मेष07:02 –08:43
- वृषभ08:43 –10:42
- मिथुन10:42 –12:55
- कर्क12:55 –15:11
- सिंह15:11 –17:22
- कन्या17:22 –19:31
- तुला19:31 –21:45
- वृश्चिक21:45 –00:01, 5 अप्रैल
- धनु00:01 –02:06, 5 अप्रैल
- मकर02:06 –03:53, 5 अप्रैल
- कुम्भ03:53 –05:27, 5 अप्रैल
- मीन05:27 –06:58, 5 अप्रैल
पंचांग · वडोदरा, 4 अप्रैल 2027
रविवार, 4 अप्रैल 2027 को वडोदरा में सूर्योदय 06:28 और सूर्यास्त 18:53 पर है। तिथि कृष्ण त्रयोदशी 5 अप्रैल 05:23 तक, फिर कृष्ण चतुर्दशी; नक्षत्र शतभिषा 16:33 तक, फिर पूर्वभाद्रपद; योग शुभ 10:13 तक, फिर शुक्ल; करण गर 17:00 तक, फिर वणिज। चंद्रमा कुम्भ राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 17:20–18:53, अभिजित मुहूर्त 12:16–13:05। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / फाल्गुन (अमांत), विक्रम संवत 2083, शक संवत 1948।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वडोदरा में 4 अप्रैल 2027 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण त्रयोदशी 5 अप्रैल 05:23 तक, फिर कृष्ण चतुर्दशी (सूर्योदय 06:28, वडोदरा)।
4 अप्रैल 2027 को कौन सा नक्षत्र है?
शतभिषा 16:33 तक, फिर पूर्वभाद्रपद। चंद्रमा कुम्भ राशि में 5 अप्रैल 11:31 तक।
वडोदरा में 4 अप्रैल 2027 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 17:20–18:53, यमगण्ड 12:41–14:14, गुलिक काल 15:47–17:20।
वडोदरा में 4 अप्रैल 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:28, सूर्यास्त 18:53, चंद्रोदय 04:37 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
4 अप्रैल 2027 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 12:16–13:05, ब्रह्म मुहूर्त 04:55–05:41। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
4 अप्रैल 2027 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
रवि प्रदोष।
वडोदरा हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2027आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2027मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2378° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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