पंचांग · शुक्रवार, 11 अक्टूबर 2030उज्जैन
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- पूर्णिमा16:16 तक
- कृष्ण प्रतिपदा17:24, 12 अक्टू॰ तक
- रेवतीस्वामी बुध04:00, 12 अक्टू॰ तक
- अश्विनीस्वामी केतु05:56, 13 अक्टू॰ तक
- व्याघात02:10, 12 अक्टू॰ तक
- हर्षण02:08, 13 अक्टू॰ तक
- बव16:16 तक
- बालव04:46, 12 अक्टू॰ तक
- कौलव17:24, 12 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:22बिंब मध्य 06:25
- सूर्यास्त
- 18:05बिंब मध्य 18:01
- चंद्रोदय
- 17:51
- चंद्रास्त
- 06:03
- दिनमान
- 11h 43m
- वार
- शुक्रवार · शुक्र
- चंद्र राशि
- मीन04:00, 12 अक्टू॰ तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:44 –05:33
- प्रातः संध्या05:08 –06:22
- अभिजित मुहूर्त11:50 –12:37
- विजय मुहूर्त14:11 –14:57
- गोधूलि मुहूर्त18:05 –18:30
- सायाह्न संध्या18:05 –19:19
- निशीथ मुहूर्त23:49 –00:38, 12 अक्टू॰
- अमृत काल01:28 –03:09, 12 अक्टू॰
- राहु काल10:46 –12:13
- यमगंड15:09 –16:37
- गुलिक काल07:50 –09:18
- दुर्मुहूर्त08:43 –09:29
- दुर्मुहूर्त12:37 –13:24
- वर्ज्य15:17 –16:59
- गंड मूल06:22 –04:00, 12 अक्टू॰
- गंड मूल04:00 –06:22, 12 अक्टू॰
चौघड़िया
- चरसम06:22 – 07:50
- लाभलाभ07:50 – 09:18
- अमृतश्रेष्ठ09:18 – 10:46
- कालहानि10:46 – 12:13
- शुभशुभ12:13 – 13:41
- रोगअनिष्ट13:41 – 15:09
- उद्वेगअशुभ15:09 – 16:37
- चरसम16:37 – 18:05
- रोगअनिष्ट18:05 – 19:37
- कालहानि19:37 – 21:09
- लाभलाभ21:09 – 22:41
- उद्वेगअशुभ22:41 – 00:14
- शुभशुभ00:14 – 01:46
- अमृतश्रेष्ठ01:46 – 03:18
- चरसम03:18 – 04:50
- रोगअनिष्ट04:50 – 06:22
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शुक्र | 06:22–07:21 |
| बुध | 07:21–08:19 |
| चन्द्र | 08:19–09:18 |
| शनि | 09:18–10:16 |
| गुरु | 10:16–11:15 |
| मंगल | 11:15–12:13 |
| सूर्य | 12:13–13:12 |
| शुक्र | 13:12–14:11 |
| बुध | 14:11–15:09 |
| चन्द्र | 15:09–16:08 |
| शनि | 16:08–17:06 |
| गुरु | 17:06–18:05 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 18:05–19:06 |
| सूर्य | 19:06–20:08 |
| शुक्र | 20:08–21:09 |
| बुध | 21:09–22:11 |
| चन्द्र | 22:11–23:12 |
| शनि | 23:12–00:14 |
| गुरु | 00:14–01:15 |
| मंगल | 01:15–02:17 |
| सूर्य | 02:17–03:18 |
| शुक्र | 03:18–04:19 |
| बुध | 04:19–05:21 |
| चन्द्र | 05:21–06:22 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- रेवती 1 पद08:53 तक
- रेवती 2 पद15:14 तक
- रेवती 3 पद21:36 तक
- रेवती 4 पद04:00, 12 अक्टू॰ तक
- अश्विनी 1 पद10:26, 12 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- चित्रा 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 43m
- रात्रिमान
- 12h 17m
- मध्याह्न
- 12:13
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- आग्नेय (दक्षिण-पूर्व)
- चंद्र वास
- उत्तर · 04:00, 12 अक्टू॰ तकपूर्व
- अग्निवास
- पाताल · 16:16 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- श्मशान में · 16:16 तकगौरी के साथ
- होमाहुति
- चन्द्र
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त06:22 –06:54
- मृत्यु पंचक06:54 –09:09
- अग्नि पंचक09:09 –11:24
- शुभ मुहूर्त11:24 –13:30
- राज पंचक13:30 –15:16
- शुभ मुहूर्त15:16 –16:16
- चोर पंचक16:16 –16:49
- शुभ मुहूर्त16:49 –20:00
- चोर पंचक20:00 –21:58
- शुभ मुहूर्त21:58 –00:11, 12 अक्टू॰
- रोग पंचक00:11 –02:27, 12 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त02:27 –04:00, 12 अक्टू॰
- मृत्यु पंचक04:00 –04:39, 12 अक्टू॰
- अग्नि पंचक04:39 –06:22, 12 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या04:43 –06:54
- तुला06:54 –09:09
- वृश्चिक09:09 –11:24
- धनु11:24 –13:30
- मकर13:30 –15:16
- कुम्भ15:16 –16:49
- मीन16:49 –18:19
- मेष18:19 –20:00
- वृषभ20:00 –21:58
- मिथुन21:58 –00:11, 12 अक्टू॰
- कर्क00:11 –02:27, 12 अक्टू॰
- सिंह02:27 –04:39, 12 अक्टू॰
- कन्या04:39 –06:50, 12 अक्टू॰
पंचांग · उज्जैन, 11 अक्टूबर 2030
शुक्रवार, 11 अक्टूबर 2030 को उज्जैन में सूर्योदय 06:22 और सूर्यास्त 18:05 पर है। तिथि पूर्णिमा 16:16 तक, फिर कृष्ण प्रतिपदा; नक्षत्र रेवती 12 अक्टूबर 04:00 तक, फिर अश्विनी; योग व्याघात 12 अक्टूबर 02:10 तक, फिर हर्षण; करण बव 16:16 तक, फिर बालव। चंद्रमा मीन राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 10:46–12:13, अभिजित मुहूर्त 11:50–12:37। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
उज्जैन में 11 अक्टूबर 2030 को कौन सी तिथि है?
पूर्णिमा 16:16 तक, फिर कृष्ण प्रतिपदा (सूर्योदय 06:22, उज्जैन)।
11 अक्टूबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
रेवती 12 अक्टूबर 04:00 तक, फिर अश्विनी। चंद्रमा मीन राशि में 12 अक्टूबर 04:00 तक।
उज्जैन में 11 अक्टूबर 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 10:46–12:13, यमगण्ड 15:09–16:37, गुलिक काल 07:50–09:18।
उज्जैन में 11 अक्टूबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:22, सूर्यास्त 18:05, चंद्रोदय 17:51 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
11 अक्टूबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:50–12:37, ब्रह्म मुहूर्त 04:44–05:33। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
11 अक्टूबर 2030 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
पूर्णिमा।
उज्जैन हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2870° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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