पंचांग · रविवार, 12 अक्टूबर 2031तिरुपति
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण एकादशी12:04 तक
- कृष्ण द्वादशी13:22, 13 अक्टू॰ तक
- मघास्वामी केतु01:30, 13 अक्टू॰ तक
- पूर्व फाल्गुनीस्वामी शुक्र03:04, 14 अक्टू॰ तक
- शुभ22:31 तक
- शुक्ल22:17, 13 अक्टू॰ तक
- बालव12:04 तक
- कौलव00:47, 13 अक्टू॰ तक
- तैतिल13:22, 13 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:03बिंब मध्य 06:06
- सूर्यास्त
- 17:55बिंब मध्य 17:51
- चंद्रोदय
- 02:29
- चंद्रास्त
- 15:04
- दिनमान
- 11h 52m
- वार
- रविवार · सूर्य
- चंद्र राशि
- सिंह09:22, 14 अक्टू॰ तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- भाद्रपद
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- वर्षा
- विक्रम संवत
- 2088
- शक संवत
- 1953
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:26 –05:14
- प्रातः संध्या04:50 –06:03
- अभिजित मुहूर्त11:35 –12:23
- विजय मुहूर्त13:58 –14:45
- गोधूलि मुहूर्त17:55 –18:19
- सायाह्न संध्या17:55 –19:08
- निशीथ मुहूर्त23:35 –00:23, 13 अक्टू॰
- अमृत काल22:53 –00:38, 13 अक्टू॰
- राहु काल16:26 –17:55
- यमगंड11:59 –13:28
- गुलिक काल14:57 –16:26
- दुर्मुहूर्त16:20 –17:08
- वर्ज्य12:27 –14:11
- गंड मूल06:03 –01:30, 13 अक्टू॰
चौघड़िया
- उद्वेगअशुभ06:03 – 07:32
- चरसम07:32 – 09:01
- लाभलाभ09:01 – 10:30
- अमृतश्रेष्ठ10:30 – 11:59
- कालहानि11:59 – 13:28
- शुभशुभ13:28 – 14:57
- रोगअनिष्ट14:57 – 16:26
- उद्वेगअशुभ16:26 – 17:55
- शुभशुभ17:55 – 19:26
- अमृतश्रेष्ठ19:26 – 20:57
- चरसम20:57 – 22:28
- रोगअनिष्ट22:28 – 23:59
- कालहानि23:59 – 01:30
- लाभलाभ01:30 – 03:01
- उद्वेगअशुभ03:01 – 04:32
- शुभशुभ04:32 – 06:03
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 06:03–07:02 |
| शुक्र | 07:02–08:01 |
| बुध | 08:01–09:01 |
| चन्द्र | 09:01–10:00 |
| शनि | 10:00–10:59 |
| गुरु | 10:59–11:59 |
| मंगल | 11:59–12:58 |
| सूर्य | 12:58–13:58 |
| शुक्र | 13:58–14:57 |
| बुध | 14:57–15:56 |
| चन्द्र | 15:56–16:56 |
| शनि | 16:56–17:55 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 17:55–18:56 |
| मंगल | 18:56–19:56 |
| सूर्य | 19:56–20:57 |
| शुक्र | 20:57–21:58 |
| बुध | 21:58–22:58 |
| चन्द्र | 22:58–23:59 |
| शनि | 23:59–00:59 |
| गुरु | 00:59–02:00 |
| मंगल | 02:00–03:01 |
| सूर्य | 03:01–04:01 |
| शुक्र | 04:01–05:02 |
| बुध | 05:02–06:03 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- मघा 2 पद12:31 तक
- मघा 3 पद19:01 तक
- मघा 4 पद01:30, 13 अक्टू॰ तक
- पूर्व फाल्गुनी 1 पद07:57, 13 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- चित्रा 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- वर्षा
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 52m
- रात्रिमान
- 12h 8m
- मध्याह्न
- 11:59
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- उत्तर
- चंद्र वास
- पूर्व
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 12:04 तकआकाश
- शिववास
- कैलाश पर · 12:04 तकनंदी पर
- होमाहुति
- राहु
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त06:03 –06:29
- रोग पंचक06:29 –08:37
- शुभ मुहूर्त08:37 –10:49
- मृत्यु पंचक10:49 –12:04
- अग्नि पंचक12:04 –12:56
- शुभ मुहूर्त12:56 –14:48
- राज पंचक14:48 –16:30
- शुभ मुहूर्त16:30 –19:57
- राज पंचक19:57 –21:59
- शुभ मुहूर्त21:59 –00:10, 13 अक्टू॰
- चोर पंचक00:10 –01:30, 13 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त01:30 –02:20, 13 अक्टू॰
- रोग पंचक02:20 –04:23, 13 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त04:23 –06:03, 13 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या04:27 –06:29
- तुला06:29 –08:37
- वृश्चिक08:37 –10:49
- धनु10:49 –12:56
- मकर12:56 –14:48
- कुम्भ14:48 –16:30
- मीन16:30 –18:09
- मेष18:09 –19:57
- वृषभ19:57 –21:59
- मिथुन21:59 –00:10, 13 अक्टू॰
- कर्क00:10 –02:20, 13 अक्टू॰
- सिंह02:20 –04:23, 13 अक्टू॰
- कन्या04:23 –06:25, 13 अक्टू॰
पंचांग · तिरुपति, 12 अक्टूबर 2031
रविवार, 12 अक्टूबर 2031 को तिरुपति में सूर्योदय 06:03 और सूर्यास्त 17:55 पर है। तिथि कृष्ण एकादशी 12:04 तक, फिर कृष्ण द्वादशी; नक्षत्र मघा 13 अक्टूबर 01:30 तक, फिर पूर्व फाल्गुनी; योग शुभ 22:31 तक, फिर शुक्ल; करण बालव 12:04 तक, फिर कौलव। चंद्रमा सिंह राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 16:26–17:55, अभिजित मुहूर्त 11:35–12:23। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / भाद्रपद (अमांत), विक्रम संवत 2088, शक संवत 1953।
इस दिन के बारे में प्रश्न
तिरुपति में 12 अक्टूबर 2031 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण एकादशी 12:04 तक, फिर कृष्ण द्वादशी (सूर्योदय 06:03, तिरुपति)।
12 अक्टूबर 2031 को कौन सा नक्षत्र है?
मघा 13 अक्टूबर 01:30 तक, फिर पूर्व फाल्गुनी। चंद्रमा सिंह राशि में 14 अक्टूबर 09:22 तक।
तिरुपति में 12 अक्टूबर 2031 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 16:26–17:55, यमगण्ड 11:59–13:28, गुलिक काल 14:57–16:26।
तिरुपति में 12 अक्टूबर 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:03, सूर्यास्त 17:55, चंद्रोदय 02:29 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
12 अक्टूबर 2031 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:35–12:23, ब्रह्म मुहूर्त 04:26–05:14। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
12 अक्टूबर 2031 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
इंदिरा एकादशी।
तिरुपति हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2031आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2031मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.3010° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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