पंचांग · शनिवार, 3 मई 2031तिरुपति
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल एकादशी15:54 तक
- शुक्ल द्वादशी15:08, 4 मई तक
- पूर्व फाल्गुनीस्वामी शुक्र08:51 तक
- उत्तर फाल्गुनीस्वामी सूर्य09:00, 4 मई तक
- व्याघात23:10 तक
- हर्षण21:19, 4 मई तक
- विष्टि15:54 तक
- बव03:37, 4 मई तक
- बालव15:08, 4 मई तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:50बिंब मध्य 05:53
- सूर्यास्त
- 18:28बिंब मध्य 18:24
- चंद्रोदय
- 15:01
- चंद्रास्त
- 02:36
- दिनमान
- 12h 38m
- वार
- शनिवार · शनि
- चंद्र राशि
- सिंह14:57 तक
- सूर्य राशि
- मेष
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- वैशाख
- पूर्णिमांत मास
- वैशाख
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- वसंत
- विक्रम संवत
- 2088
- शक संवत
- 1953
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:19 –05:05
- प्रातः संध्या04:42 –05:50
- अभिजित मुहूर्त11:44 –12:35
- विजय मुहूर्त14:16 –15:06
- गोधूलि मुहूर्त18:28 –18:51
- सायाह्न संध्या18:28 –19:37
- निशीथ मुहूर्त23:46 –00:32, 4 मई
- अमृत काल01:45 –03:22, 4 मई
- राहु काल09:00 –10:35
- यमगंड13:44 –15:19
- गुलिक काल05:50 –07:25
- दुर्मुहूर्त05:50 –06:41
- दुर्मुहूर्त06:41 –07:31
- वर्ज्य16:06 –17:42
- भद्रा05:50 –15:54
चौघड़िया
- कालहानि05:50 – 07:25
- शुभशुभ07:25 – 09:00
- रोगअनिष्ट09:00 – 10:35
- उद्वेगअशुभ10:35 – 12:09
- चरसम12:09 – 13:44
- लाभलाभ13:44 – 15:19
- अमृतश्रेष्ठ15:19 – 16:54
- कालहानि16:54 – 18:28
- लाभलाभ18:28 – 19:54
- उद्वेगअशुभ19:54 – 21:19
- शुभशुभ21:19 – 22:44
- अमृतश्रेष्ठ22:44 – 00:09
- चरसम00:09 – 01:34
- रोगअनिष्ट01:34 – 02:59
- कालहानि02:59 – 04:25
- लाभलाभ04:25 – 05:50
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 05:50–06:53 |
| गुरु | 06:53–07:57 |
| मंगल | 07:57–09:00 |
| सूर्य | 09:00–10:03 |
| शुक्र | 10:03–11:06 |
| बुध | 11:06–12:09 |
| चन्द्र | 12:09–13:13 |
| शनि | 13:13–14:16 |
| गुरु | 14:16–15:19 |
| मंगल | 15:19–16:22 |
| सूर्य | 16:22–17:25 |
| शुक्र | 17:25–18:28 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 18:28–19:25 |
| चन्द्र | 19:25–20:22 |
| शनि | 20:22–21:19 |
| गुरु | 21:19–22:16 |
| मंगल | 22:16–23:12 |
| सूर्य | 23:12–00:09 |
| शुक्र | 00:09–01:06 |
| बुध | 01:06–02:03 |
| चन्द्र | 02:03–02:59 |
| शनि | 02:59–03:56 |
| गुरु | 03:56–04:53 |
| मंगल | 04:53–05:50 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पूर्व फाल्गुनी 4 पद08:51 तक
- उत्तर फाल्गुनी 1 पद14:57 तक
- उत्तर फाल्गुनी 2 पद21:01 तक
- उत्तर फाल्गुनी 3 पद03:02, 4 मई तक
- उत्तर फाल्गुनी 4 पद09:00, 4 मई तक
- सूर्य नक्षत्र
- भरणी 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- ग्रीष्म
- ऋतु (वैदिक)
- वसंत
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 12h 38m
- रात्रिमान
- 11h 22m
- मध्याह्न
- 12:09
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पूर्व
- चंद्र वास
- पूर्व · 14:57 तकदक्षिण
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 15:54 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- क्रीड़ा में · 15:54 तककैलाश पर
- होमाहुति
- शनि
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त05:50 –06:38
- राज पंचक06:38 –08:40
- शुभ मुहूर्त08:40 –08:51
- चोर पंचक08:51 –10:51
- शुभ मुहूर्त10:51 –13:01
- रोग पंचक13:01 –15:04
- शुभ मुहूर्त15:04 –15:54
- मृत्यु पंचक15:54 –17:06
- अग्नि पंचक17:06 –19:13
- शुभ मुहूर्त19:13 –21:26
- राज पंचक21:26 –23:32
- शुभ मुहूर्त23:32 –01:25, 4 मई
- चोर पंचक01:25 –03:07, 4 मई
- शुभ मुहूर्त03:07 –05:50, 4 मई
उदय लग्न
- मेष04:50 –06:38
- वृषभ06:38 –08:40
- मिथुन08:40 –10:51
- कर्क10:51 –13:01
- सिंह13:01 –15:04
- कन्या15:04 –17:06
- तुला17:06 –19:13
- वृश्चिक19:13 –21:26
- धनु21:26 –23:32
- मकर23:32 –01:25, 4 मई
- कुम्भ01:25 –03:07, 4 मई
- मीन03:07 –04:46, 4 मई
- मेष04:46 –06:34, 4 मई
पंचांग · तिरुपति, 3 मई 2031
शनिवार, 3 मई 2031 को तिरुपति में सूर्योदय 05:50 और सूर्यास्त 18:28 पर है। तिथि शुक्ल एकादशी 15:54 तक, फिर शुक्ल द्वादशी; नक्षत्र पूर्व फाल्गुनी 08:51 तक, फिर उत्तर फाल्गुनी; योग व्याघात 23:10 तक, फिर हर्षण; करण विष्टि 15:54 तक, फिर बव। चंद्रमा सिंह राशि में, सूर्य मेष राशि में। राहुकाल 09:00–10:35, अभिजित मुहूर्त 11:44–12:35। मास वैशाख (पूर्णिमांत) / वैशाख (अमांत), विक्रम संवत 2088, शक संवत 1953।
इस दिन के बारे में प्रश्न
तिरुपति में 3 मई 2031 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल एकादशी 15:54 तक, फिर शुक्ल द्वादशी (सूर्योदय 05:50, तिरुपति)।
3 मई 2031 को कौन सा नक्षत्र है?
पूर्व फाल्गुनी 08:51 तक, फिर उत्तर फाल्गुनी। चंद्रमा सिंह राशि में 14:57 तक।
तिरुपति में 3 मई 2031 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 09:00–10:35, यमगण्ड 13:44–15:19, गुलिक काल 05:50–07:25।
तिरुपति में 3 मई 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:50, सूर्यास्त 18:28, चंद्रोदय 15:01 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
3 मई 2031 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:44–12:35, ब्रह्म मुहूर्त 04:19–05:05। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
3 मई 2031 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
मोहिनी एकादशी।
तिरुपति हिन्दू कैलेंडर मई 2031आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2031मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2948° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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