पंचांग · गुरुवार, 17 अप्रैल 2031तिरुपति
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण एकादशी00:23, 18 अप्रैल तक
- कृष्ण द्वादशी23:16, 18 अप्रैल तक
- धनिष्ठास्वामी मंगल09:19 तक
- शतभिषास्वामी राहु08:42, 18 अप्रैल तक
- शुक्ल02:45, 18 अप्रैल तक
- ब्रह्मा00:48, 19 अप्रैल तक
- बव13:04 तक
- बालव00:23, 18 अप्रैल तक
- कौलव11:47, 18 अप्रैल तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:58बिंब मध्य 06:01
- सूर्यास्त
- 18:26बिंब मध्य 18:22
- चंद्रोदय
- 02:30
- चंद्रास्त
- 14:41
- दिनमान
- 12h 28m
- वार
- गुरुवार · गुरु
- चंद्र राशि
- कुम्भ02:28, 19 अप्रैल तक
- सूर्य राशि
- मेष
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- चैत्र
- पूर्णिमांत मास
- वैशाख
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- वसंत
- विक्रम संवत
- 2088
- शक संवत
- 1953
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:26 –05:12
- प्रातः संध्या04:49 –05:58
- अभिजित मुहूर्त11:47 –12:37
- विजय मुहूर्त14:17 –15:06
- गोधूलि मुहूर्त18:26 –18:49
- सायाह्न संध्या18:26 –19:35
- निशीथ मुहूर्त23:49 –00:35, 18 अप्रैल
- अमृत काल01:41 –03:15, 18 अप्रैल
- राहु काल13:45 –15:19
- यमगंड05:58 –07:32
- गुलिक काल09:05 –10:39
- दुर्मुहूर्त10:08 –10:57
- दुर्मुहूर्त15:06 –15:56
- वर्ज्य16:20 –17:53
चौघड़िया
- शुभशुभ05:58 – 07:32
- रोगअनिष्ट07:32 – 09:05
- उद्वेगअशुभ09:05 – 10:39
- चरसम10:39 – 12:12
- लाभलाभ12:12 – 13:45
- अमृतश्रेष्ठ13:45 – 15:19
- कालहानि15:19 – 16:52
- शुभशुभ16:52 – 18:26
- अमृतश्रेष्ठ18:26 – 19:52
- चरसम19:52 – 21:19
- रोगअनिष्ट21:19 – 22:45
- कालहानि22:45 – 00:12
- लाभलाभ00:12 – 01:38
- उद्वेगअशुभ01:38 – 03:05
- शुभशुभ03:05 – 04:31
- अमृतश्रेष्ठ04:31 – 05:58
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 05:58–07:01 |
| मंगल | 07:01–08:03 |
| सूर्य | 08:03–09:05 |
| शुक्र | 09:05–10:08 |
| बुध | 10:08–11:10 |
| चन्द्र | 11:10–12:12 |
| शनि | 12:12–13:14 |
| गुरु | 13:14–14:17 |
| मंगल | 14:17–15:19 |
| सूर्य | 15:19–16:21 |
| शुक्र | 16:21–17:23 |
| बुध | 17:23–18:26 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| चन्द्र | 18:26–19:23 |
| शनि | 19:23–20:21 |
| गुरु | 20:21–21:19 |
| मंगल | 21:19–22:16 |
| सूर्य | 22:16–23:14 |
| शुक्र | 23:14–00:12 |
| बुध | 00:12–01:09 |
| चन्द्र | 01:09–02:07 |
| शनि | 02:07–03:05 |
| गुरु | 03:05–04:02 |
| मंगल | 04:02–05:00 |
| सूर्य | 05:00–05:58 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- धनिष्ठा 4 पद09:19 तक
- शतभिषा 1 पद15:08 तक
- शतभिषा 2 पद20:58 तक
- शतभिषा 3 पद02:50, 18 अप्रैल तक
- शतभिषा 4 पद08:42, 18 अप्रैल तक
- सूर्य नक्षत्र
- अश्विनी 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- वसंत
- ऋतु (वैदिक)
- वसंत
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 12h 28m
- रात्रिमान
- 11h 32m
- मध्याह्न
- 12:12
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- दक्षिण
- चंद्र वास
- पश्चिम
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 00:23, 18 अप्रैल तकआकाश
- शिववास
- कैलाश पर · 00:23, 18 अप्रैल तकनंदी पर
- होमाहुति
- राहु
पंचक रहित मुहूर्त
- मृत्यु पंचक05:58 –07:40
- अग्नि पंचक07:40 –09:19
- शुभ मुहूर्त09:19 –09:43
- राज पंचक09:43 –11:54
- शुभ मुहूर्त11:54 –14:04
- चोर पंचक14:04 –16:07
- शुभ मुहूर्त16:07 –18:09
- रोग पंचक18:09 –20:16
- शुभ मुहूर्त20:16 –22:28
- मृत्यु पंचक22:28 –00:23, 18 अप्रैल
- अग्नि पंचक00:23 –00:35, 18 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त00:35 –02:28, 18 अप्रैल
- राज पंचक02:28 –04:10, 18 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त04:10 –05:58, 18 अप्रैल
उदय लग्न
- मेष05:53 –07:40
- वृषभ07:40 –09:43
- मिथुन09:43 –11:54
- कर्क11:54 –14:04
- सिंह14:04 –16:07
- कन्या16:07 –18:09
- तुला18:09 –20:16
- वृश्चिक20:16 –22:28
- धनु22:28 –00:35, 18 अप्रैल
- मकर00:35 –02:28, 18 अप्रैल
- कुम्भ02:28 –04:10, 18 अप्रैल
- मीन04:10 –05:49, 18 अप्रैल
- मेष05:49 –07:37, 18 अप्रैल
पंचांग · तिरुपति, 17 अप्रैल 2031
गुरुवार, 17 अप्रैल 2031 को तिरुपति में सूर्योदय 05:58 और सूर्यास्त 18:26 पर है। तिथि कृष्ण एकादशी 18 अप्रैल 00:23 तक, फिर कृष्ण द्वादशी; नक्षत्र धनिष्ठा 09:19 तक, फिर शतभिषा; योग शुक्ल 18 अप्रैल 02:45 तक, फिर ब्रह्मा; करण बव 13:04 तक, फिर बालव। चंद्रमा कुम्भ राशि में, सूर्य मेष राशि में। राहुकाल 13:45–15:19, अभिजित मुहूर्त 11:47–12:37। मास वैशाख (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2088, शक संवत 1953।
इस दिन के बारे में प्रश्न
तिरुपति में 17 अप्रैल 2031 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण एकादशी 18 अप्रैल 00:23 तक, फिर कृष्ण द्वादशी (सूर्योदय 05:58, तिरुपति)।
17 अप्रैल 2031 को कौन सा नक्षत्र है?
धनिष्ठा 09:19 तक, फिर शतभिषा। चंद्रमा कुम्भ राशि में 19 अप्रैल 02:28 तक।
तिरुपति में 17 अप्रैल 2031 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 13:45–15:19, यमगण्ड 05:58–07:32, गुलिक काल 09:05–10:39।
तिरुपति में 17 अप्रैल 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:58, सूर्यास्त 18:26, चंद्रोदय 02:30 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
17 अप्रैल 2031 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:47–12:37, ब्रह्म मुहूर्त 04:26–05:12। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
17 अप्रैल 2031 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
वरुथिनी एकादशी।
तिरुपति हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2031आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2031मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2942° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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