पंचांग · शनिवार, 19 अक्टूबर 2030तिरुपति
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण सप्तमी07:19 तक
- कृष्ण अष्टमी09:12, 20 अक्टू॰ तक
- पुनर्वसुस्वामी गुरु23:01 तक
- पुष्यस्वामी शनि01:02, 21 अक्टू॰ तक
- शिव06:56 तक
- सिद्ध07:21, 20 अक्टू॰ तक
- बव07:19 तक
- बालव20:20 तक
- कौलव09:12, 20 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:04बिंब मध्य 06:07
- सूर्यास्त
- 17:51बिंब मध्य 17:47
- चंद्रोदय
- —
- चंद्रास्त
- 12:12
- दिनमान
- 11h 47m
- वार
- शनिवार · शनि
- चंद्र राशि
- मिथुन16:25 तक
- सूर्य राशि
- तुला
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- कार्तिक
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:26 –05:15
- प्रातः संध्या04:50 –06:04
- अभिजित मुहूर्त11:34 –12:21
- विजय मुहूर्त13:55 –14:42
- गोधूलि मुहूर्त17:51 –18:15
- सायाह्न संध्या17:51 –19:04
- निशीथ मुहूर्त23:33 –00:22, 20 अक्टू॰
- अमृत काल20:21 –22:08
- राहु काल09:00 –10:29
- यमगंड13:26 –14:54
- गुलिक काल06:04 –07:32
- दुर्मुहूर्त06:04 –06:51
- दुर्मुहूर्त06:51 –07:38
- वर्ज्य09:43 –11:29
चौघड़िया
- कालहानि06:04 – 07:32
- शुभशुभ07:32 – 09:00
- रोगअनिष्ट09:00 – 10:29
- उद्वेगअशुभ10:29 – 11:57
- चरसम11:57 – 13:26
- लाभलाभ13:26 – 14:54
- अमृतश्रेष्ठ14:54 – 16:22
- कालहानि16:22 – 17:51
- लाभलाभ17:51 – 19:22
- उद्वेगअशुभ19:22 – 20:54
- शुभशुभ20:54 – 22:26
- अमृतश्रेष्ठ22:26 – 23:57
- चरसम23:57 – 01:29
- रोगअनिष्ट01:29 – 03:01
- कालहानि03:01 – 04:32
- लाभलाभ04:32 – 06:04
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 06:04–07:03 |
| गुरु | 07:03–08:01 |
| मंगल | 08:01–09:00 |
| सूर्य | 09:00–09:59 |
| शुक्र | 09:59–10:58 |
| बुध | 10:58–11:57 |
| चन्द्र | 11:57–12:56 |
| शनि | 12:56–13:55 |
| गुरु | 13:55–14:54 |
| मंगल | 14:54–15:53 |
| सूर्य | 15:53–16:52 |
| शुक्र | 16:52–17:51 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 17:51–18:52 |
| चन्द्र | 18:52–19:53 |
| शनि | 19:53–20:54 |
| गुरु | 20:54–21:55 |
| मंगल | 21:55–22:56 |
| सूर्य | 22:56–23:57 |
| शुक्र | 23:57–00:58 |
| बुध | 00:58–01:59 |
| चन्द्र | 01:59–03:01 |
| शनि | 03:01–04:02 |
| गुरु | 04:02–05:03 |
| मंगल | 05:03–06:04 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पुनर्वसु 2 पद09:46 तक
- पुनर्वसु 3 पद16:25 तक
- पुनर्वसु 4 पद23:01 तक
- पुष्य 1 पद05:35, 20 अक्टू॰ तक
- पुष्य 2 पद12:06, 20 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- चित्रा 3 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 47m
- रात्रिमान
- 12h 13m
- मध्याह्न
- 11:57
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पूर्व
- चंद्र वास
- पश्चिम · 16:25 तकउत्तर
- अग्निवास
- पाताल · 07:19 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- श्मशान में · 07:19 तकगौरी के साथ
- होमाहुति
- गुरु
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त06:04 –07:19
- रोग पंचक07:19 –08:08
- शुभ मुहूर्त08:08 –10:20
- मृत्यु पंचक10:20 –12:27
- अग्नि पंचक12:27 –14:20
- शुभ मुहूर्त14:20 –16:01
- राज पंचक16:01 –17:41
- अग्नि पंचक17:41 –19:28
- शुभ मुहूर्त19:28 –21:30
- राज पंचक21:30 –23:01
- शुभ मुहूर्त23:01 –23:42
- चोर पंचक23:42 –01:52, 20 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त01:52 –03:55, 20 अक्टू॰
- रोग पंचक03:55 –05:57, 20 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त05:57 –06:04, 20 अक्टू॰
उदय लग्न
- तुला06:01 –08:08
- वृश्चिक08:08 –10:20
- धनु10:20 –12:27
- मकर12:27 –14:20
- कुम्भ14:20 –16:01
- मीन16:01 –17:41
- मेष17:41 –19:28
- वृषभ19:28 –21:30
- मिथुन21:30 –23:42
- कर्क23:42 –01:52, 20 अक्टू॰
- सिंह01:52 –03:55, 20 अक्टू॰
- कन्या03:55 –05:57, 20 अक्टू॰
- तुला05:57 –08:04, 20 अक्टू॰
पंचांग · तिरुपति, 19 अक्टूबर 2030
शनिवार, 19 अक्टूबर 2030 को तिरुपति में सूर्योदय 06:04 और सूर्यास्त 17:51 पर है। तिथि कृष्ण सप्तमी 07:19 तक, फिर कृष्ण अष्टमी; नक्षत्र पुनर्वसु 23:01 तक, फिर पुष्य; योग शिव 06:56 तक, फिर सिद्ध; करण बव 07:19 तक, फिर बालव। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य तुला राशि में। राहुकाल 09:00–10:29, अभिजित मुहूर्त 11:34–12:21। मास कार्तिक (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
तिरुपति में 19 अक्टूबर 2030 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण सप्तमी 07:19 तक, फिर कृष्ण अष्टमी (सूर्योदय 06:04, तिरुपति)।
19 अक्टूबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
पुनर्वसु 23:01 तक, फिर पुष्य। चंद्रमा मिथुन राशि में 16:25 तक।
तिरुपति में 19 अक्टूबर 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 09:00–10:29, यमगण्ड 13:26–14:54, गुलिक काल 06:04–07:32।
तिरुपति में 19 अक्टूबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:04, सूर्यास्त 17:51 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
19 अक्टूबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:34–12:21, ब्रह्म मुहूर्त 04:26–05:15। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
19 अक्टूबर 2030 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
अहोई अष्टमी।
तिरुपति हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2873° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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