पंचांग · शुक्रवार, 31 अक्टूबर 2031श्रीनगर
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण प्रतिपदा12:59 तक
- कृष्ण द्वितीया13:30, 1 नव॰ तक
- भरणीस्वामी शुक्र15:24 तक
- कृत्तिकास्वामी सूर्य16:34, 1 नव॰ तक
- व्यतीपात02:45, 1 नव॰ तक
- वरीयान्02:18, 2 नव॰ तक
- कौलव12:59 तक
- तैतिल01:10, 1 नव॰ तक
- गर13:30, 1 नव॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:49बिंब मध्य 06:53
- सूर्यास्त
- 17:39बिंब मध्य 17:35
- चंद्रोदय
- 18:22
- चंद्रास्त
- 07:38
- दिनमान
- 10h 50m
- वार
- शुक्रवार · शुक्र
- चंद्र राशि
- मेष21:38 तक
- सूर्य राशि
- तुला
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- कार्तिक
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2088
- शक संवत
- 1953
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त05:04 –05:56
- प्रातः संध्या05:30 –06:49
- अभिजित मुहूर्त11:53 –12:36
- विजय मुहूर्त14:03 –14:46
- गोधूलि मुहूर्त17:39 –18:06
- सायाह्न संध्या17:39 –18:58
- निशीथ मुहूर्त23:48 –00:41, 1 नव॰
- अमृत काल10:28 –12:07
- राहु काल10:53 –12:14
- यमगंड14:57 –16:18
- गुलिक काल08:10 –09:32
- दुर्मुहूर्त08:59 –09:42
- दुर्मुहूर्त12:36 –13:19
- वर्ज्य03:59 –05:39, 1 नव॰
चौघड़िया
- चरसम06:49 – 08:10
- लाभलाभ08:10 – 09:32
- अमृतश्रेष्ठ09:32 – 10:53
- कालहानि10:53 – 12:14
- शुभशुभ12:14 – 13:36
- रोगअनिष्ट13:36 – 14:57
- उद्वेगअशुभ14:57 – 16:18
- चरसम16:18 – 17:39
- रोगअनिष्ट17:39 – 19:18
- कालहानि19:18 – 20:57
- लाभलाभ20:57 – 22:36
- उद्वेगअशुभ22:36 – 00:15
- शुभशुभ00:15 – 01:53
- अमृतश्रेष्ठ01:53 – 03:32
- चरसम03:32 – 05:11
- रोगअनिष्ट05:11 – 06:50
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शुक्र | 06:49–07:43 |
| बुध | 07:43–08:37 |
| चन्द्र | 08:37–09:32 |
| शनि | 09:32–10:26 |
| गुरु | 10:26–11:20 |
| मंगल | 11:20–12:14 |
| सूर्य | 12:14–13:08 |
| शुक्र | 13:08–14:03 |
| बुध | 14:03–14:57 |
| चन्द्र | 14:57–15:51 |
| शनि | 15:51–16:45 |
| गुरु | 16:45–17:39 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 17:39–18:45 |
| सूर्य | 18:45–19:51 |
| शुक्र | 19:51–20:57 |
| बुध | 20:57–22:03 |
| चन्द्र | 22:03–23:09 |
| शनि | 23:09–00:15 |
| गुरु | 00:15–01:21 |
| मंगल | 01:21–02:26 |
| सूर्य | 02:26–03:32 |
| शुक्र | 03:32–04:38 |
| बुध | 04:38–05:44 |
| चन्द्र | 05:44–06:50 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- भरणी 3 पद09:11 तक
- भरणी 4 पद15:24 तक
- कृत्तिका 1 पद21:38 तक
- कृत्तिका 2 पद03:54, 1 नव॰ तक
- कृत्तिका 3 पद10:13, 1 नव॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- स्वाती 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- हेमंत
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 10h 50m
- रात्रिमान
- 13h 11m
- मध्याह्न
- 12:14
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- आग्नेय (दक्षिण-पूर्व)
- चंद्र वास
- पूर्व · 21:38 तकदक्षिण
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 12:59 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- गौरी के साथ · 12:59 तकसभा में
- होमाहुति
- चन्द्र
पंचक रहित मुहूर्त
- राज पंचक06:49 –08:15
- शुभ मुहूर्त08:15 –10:36
- चोर पंचक10:36 –12:39
- शुभ मुहूर्त12:39 –12:59
- रोग पंचक12:59 –14:16
- शुभ मुहूर्त14:16 –15:24
- मृत्यु पंचक15:24 –15:37
- अग्नि पंचक15:37 –16:56
- शुभ मुहूर्त16:56 –18:26
- मृत्यु पंचक18:26 –20:19
- अग्नि पंचक20:19 –22:35
- शुभ मुहूर्त22:35 –01:00, 1 नव॰
- राज पंचक01:00 –03:23, 1 नव॰
- शुभ मुहूर्त03:23 –05:46, 1 नव॰
- चोर पंचक05:46 –06:50, 1 नव॰
उदय लग्न
- तुला05:50 –08:15
- वृश्चिक08:15 –10:36
- धनु10:36 –12:39
- मकर12:39 –14:16
- कुम्भ14:16 –15:37
- मीन15:37 –16:56
- मेष16:56 –18:26
- वृषभ18:26 –20:19
- मिथुन20:19 –22:35
- कर्क22:35 –01:00, 1 नव॰
- सिंह01:00 –03:23, 1 नव॰
- कन्या03:23 –05:46, 1 नव॰
- तुला05:46 –08:11, 1 नव॰
पंचांग · श्रीनगर, 31 अक्टूबर 2031
शुक्रवार, 31 अक्टूबर 2031 को श्रीनगर में सूर्योदय 06:49 और सूर्यास्त 17:39 पर है। तिथि कृष्ण प्रतिपदा 12:59 तक, फिर कृष्ण द्वितीया; नक्षत्र भरणी 15:24 तक, फिर कृत्तिका; योग व्यतीपात 1 नवंबर 02:45 तक, फिर वरीयान्; करण कौलव 12:59 तक, फिर तैतिल। चंद्रमा मेष राशि में, सूर्य तुला राशि में। राहुकाल 10:53–12:14, अभिजित मुहूर्त 11:53–12:36। मास कार्तिक (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2088, शक संवत 1953।
इस दिन के बारे में प्रश्न
श्रीनगर में 31 अक्टूबर 2031 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण प्रतिपदा 12:59 तक, फिर कृष्ण द्वितीया (सूर्योदय 06:49, श्रीनगर)।
31 अक्टूबर 2031 को कौन सा नक्षत्र है?
भरणी 15:24 तक, फिर कृत्तिका। चंद्रमा मेष राशि में 21:38 तक।
श्रीनगर में 31 अक्टूबर 2031 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 10:53–12:14, यमगण्ड 14:57–16:18, गुलिक काल 08:10–09:32।
श्रीनगर में 31 अक्टूबर 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:49, सूर्यास्त 17:39, चंद्रोदय 18:22 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
31 अक्टूबर 2031 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:53–12:36, ब्रह्म मुहूर्त 05:04–05:56। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
श्रीनगर हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2031आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2031मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.3017° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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