पंचांग · शुक्रवार, 17 अक्टूबर 2031श्रीनगर
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल प्रतिपदा12:59 तक
- शुक्ल द्वितीया11:45, 18 अक्टू॰ तक
- स्वातीस्वामी राहु04:06, 18 अक्टू॰ तक
- विशाखास्वामी गुरु03:20, 19 अक्टू॰ तक
- विष्कुम्भ17:04 तक
- प्रीति14:52, 18 अक्टू॰ तक
- बव12:59 तक
- बालव00:25, 18 अक्टू॰ तक
- कौलव11:45, 18 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:37बिंब मध्य 06:41
- सूर्यास्त
- 17:55बिंब मध्य 17:50
- चंद्रोदय
- 07:27
- चंद्रास्त
- 18:28
- दिनमान
- 11h 18m
- वार
- शुक्रवार · शुक्र
- चंद्र राशि
- तुला21:33, 18 अक्टू॰ तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2088
- शक संवत
- 1953
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:56 –05:46
- प्रातः संध्या05:21 –06:37
- अभिजित मुहूर्त11:53 –12:39
- विजय मुहूर्त14:09 –14:54
- गोधूलि मुहूर्त17:55 –18:20
- सायाह्न संध्या17:55 –19:11
- निशीथ मुहूर्त23:51 –00:42, 18 अक्टू॰
- अमृत काल19:27 –21:01
- राहु काल10:51 –12:16
- यमगंड15:05 –16:30
- गुलिक काल08:02 –09:27
- दुर्मुहूर्त08:53 –09:38
- दुर्मुहूर्त12:39 –13:24
- वर्ज्य10:01 –11:35
चौघड़िया
- चरसम06:37 – 08:02
- लाभलाभ08:02 – 09:27
- अमृतश्रेष्ठ09:27 – 10:51
- कालहानि10:51 – 12:16
- शुभशुभ12:16 – 13:41
- रोगअनिष्ट13:41 – 15:05
- उद्वेगअशुभ15:05 – 16:30
- चरसम16:30 – 17:55
- रोगअनिष्ट17:55 – 19:30
- कालहानि19:30 – 21:06
- लाभलाभ21:06 – 22:41
- उद्वेगअशुभ22:41 – 00:16
- शुभशुभ00:16 – 01:52
- अमृतश्रेष्ठ01:52 – 03:27
- चरसम03:27 – 05:03
- रोगअनिष्ट05:03 – 06:38
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शुक्र | 06:37–07:34 |
| बुध | 07:34–08:30 |
| चन्द्र | 08:30–09:27 |
| शनि | 09:27–10:23 |
| गुरु | 10:23–11:20 |
| मंगल | 11:20–12:16 |
| सूर्य | 12:16–13:12 |
| शुक्र | 13:12–14:09 |
| बुध | 14:09–15:05 |
| चन्द्र | 15:05–16:02 |
| शनि | 16:02–16:58 |
| गुरु | 16:58–17:55 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 17:55–18:58 |
| सूर्य | 18:58–20:02 |
| शुक्र | 20:02–21:06 |
| बुध | 21:06–22:09 |
| चन्द्र | 22:09–23:13 |
| शनि | 23:13–00:16 |
| गुरु | 00:16–01:20 |
| मंगल | 01:20–02:24 |
| सूर्य | 02:24–03:27 |
| शुक्र | 03:27–04:31 |
| बुध | 04:31–05:34 |
| चन्द्र | 05:34–06:38 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- स्वाती 1 पद10:27 तक
- स्वाती 2 पद16:21 तक
- स्वाती 3 पद22:14 तक
- स्वाती 4 पद04:06, 18 अक्टू॰ तक
- विशाखा 1 पद09:56, 18 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- चित्रा 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 18m
- रात्रिमान
- 12h 43m
- मध्याह्न
- 12:16
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- आग्नेय (दक्षिण-पूर्व)
- चंद्र वास
- पश्चिम
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 12:59 तकआकाश
- शिववास
- श्मशान में · 12:59 तकगौरी के साथ
- होमाहुति
- सूर्य
पंचक रहित मुहूर्त
- मृत्यु पंचक06:37 –06:45
- अग्नि पंचक06:45 –09:10
- शुभ मुहूर्त09:10 –11:31
- राज पंचक11:31 –12:59
- शुभ मुहूर्त12:59 –13:34
- चोर पंचक13:34 –15:11
- शुभ मुहूर्त15:11 –16:32
- रोग पंचक16:32 –17:51
- चोर पंचक17:51 –19:21
- शुभ मुहूर्त19:21 –21:14
- रोग पंचक21:14 –23:30
- शुभ मुहूर्त23:30 –01:55, 18 अक्टू॰
- मृत्यु पंचक01:55 –04:06, 18 अक्टू॰
- अग्नि पंचक04:06 –04:18, 18 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त04:18 –06:38, 18 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या04:22 –06:45
- तुला06:45 –09:10
- वृश्चिक09:10 –11:31
- धनु11:31 –13:34
- मकर13:34 –15:11
- कुम्भ15:11 –16:32
- मीन16:32 –17:51
- मेष17:51 –19:21
- वृषभ19:21 –21:14
- मिथुन21:14 –23:30
- कर्क23:30 –01:55, 18 अक्टू॰
- सिंह01:55 –04:18, 18 अक्टू॰
- कन्या04:18 –06:41, 18 अक्टू॰
पंचांग · श्रीनगर, 17 अक्टूबर 2031
शुक्रवार, 17 अक्टूबर 2031 को श्रीनगर में सूर्योदय 06:37 और सूर्यास्त 17:55 पर है। तिथि शुक्ल प्रतिपदा 12:59 तक, फिर शुक्ल द्वितीया; नक्षत्र स्वाती 18 अक्टूबर 04:06 तक, फिर विशाखा; योग विष्कुम्भ 17:04 तक, फिर प्रीति; करण बव 12:59 तक, फिर बालव। चंद्रमा तुला राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 10:51–12:16, अभिजित मुहूर्त 11:53–12:39। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2088, शक संवत 1953।
इस दिन के बारे में प्रश्न
श्रीनगर में 17 अक्टूबर 2031 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल प्रतिपदा 12:59 तक, फिर शुक्ल द्वितीया (सूर्योदय 06:37, श्रीनगर)।
17 अक्टूबर 2031 को कौन सा नक्षत्र है?
स्वाती 18 अक्टूबर 04:06 तक, फिर विशाखा। चंद्रमा तुला राशि में 18 अक्टूबर 21:33 तक।
श्रीनगर में 17 अक्टूबर 2031 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 10:51–12:16, यमगण्ड 15:05–16:30, गुलिक काल 08:02–09:27।
श्रीनगर में 17 अक्टूबर 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:37, सूर्यास्त 17:55, चंद्रोदय 07:27 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
17 अक्टूबर 2031 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:53–12:39, ब्रह्म मुहूर्त 04:56–05:46। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
17 अक्टूबर 2031 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
शारदीय नवरात्रि (घटस्थापना)।
श्रीनगर हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2031आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2031मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.3012° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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