पंचांग · शनिवार, 5 अक्टूबर 2030श्रीनगर
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल नवमी18:53 तक
- शुक्ल दशमी17:33, 6 अक्टू॰ तक
- उत्तराषाढ़ास्वामी सूर्य01:45, 6 अक्टू॰ तक
- श्रवणस्वामी चन्द्र01:12, 7 अक्टू॰ तक
- अतिगण्ड12:10 तक
- सुकर्मा09:54, 6 अक्टू॰ तक
- बालव07:40 तक
- कौलव18:53 तक
- तैतिल06:11, 6 अक्टू॰ तक
- गर17:33, 6 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:28बिंब मध्य 06:32
- सूर्यास्त
- 18:10बिंब मध्य 18:05
- चंद्रोदय
- 14:18
- चंद्रास्त
- 00:05
- दिनमान
- 11h 42m
- वार
- शनिवार · शनि
- चंद्र राशि
- धनु08:21 तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:50 –05:39
- प्रातः संध्या05:14 –06:28
- अभिजित मुहूर्त11:56 –12:42
- विजय मुहूर्त14:16 –15:03
- गोधूलि मुहूर्त18:10 –18:35
- सायाह्न संध्या18:10 –19:24
- निशीथ मुहूर्त23:55 –00:44, 6 अक्टू॰
- अमृत काल19:34 –21:07
- राहु काल09:24 –10:51
- यमगंड13:47 –15:15
- गुलिक काल06:28 –07:56
- दुर्मुहूर्त06:28 –07:15
- दुर्मुहूर्त07:15 –08:02
- वर्ज्य10:18 –11:51
- वर्ज्य05:39 –07:13, 6 अक्टू॰
चौघड़िया
- कालहानि06:28 – 07:56
- शुभशुभ07:56 – 09:24
- रोगअनिष्ट09:24 – 10:51
- उद्वेगअशुभ10:51 – 12:19
- चरसम12:19 – 13:47
- लाभलाभ13:47 – 15:15
- अमृतश्रेष्ठ15:15 – 16:42
- कालहानि16:42 – 18:10
- लाभलाभ18:10 – 19:42
- उद्वेगअशुभ19:42 – 21:15
- शुभशुभ21:15 – 22:47
- अमृतश्रेष्ठ22:47 – 00:19
- चरसम00:19 – 01:52
- रोगअनिष्ट01:52 – 03:24
- कालहानि03:24 – 04:56
- लाभलाभ04:56 – 06:29
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 06:28–07:26 |
| गुरु | 07:26–08:25 |
| मंगल | 08:25–09:24 |
| सूर्य | 09:24–10:22 |
| शुक्र | 10:22–11:21 |
| बुध | 11:21–12:19 |
| चन्द्र | 12:19–13:18 |
| शनि | 13:18–14:16 |
| गुरु | 14:16–15:15 |
| मंगल | 15:15–16:13 |
| सूर्य | 16:13–17:12 |
| शुक्र | 17:12–18:10 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 18:10–19:12 |
| चन्द्र | 19:12–20:13 |
| शनि | 20:13–21:15 |
| गुरु | 21:15–22:16 |
| मंगल | 22:16–23:18 |
| सूर्य | 23:18–00:19 |
| शुक्र | 00:19–01:21 |
| बुध | 01:21–02:23 |
| चन्द्र | 02:23–03:24 |
| शनि | 03:24–04:26 |
| गुरु | 04:26–05:27 |
| मंगल | 05:27–06:29 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- उत्तराषाढ़ा 1 पद08:21 तक
- उत्तराषाढ़ा 2 पद14:08 तक
- उत्तराषाढ़ा 3 पद19:56 तक
- उत्तराषाढ़ा 4 पद01:45, 6 अक्टू॰ तक
- श्रवण 1 पद07:35, 6 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- हस्त 3 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 42m
- रात्रिमान
- 12h 19m
- मध्याह्न
- 12:19
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पूर्व
- चंद्र वास
- पूर्व · 08:21 तकदक्षिण
- अग्निवास
- आकाश · 18:53 तकपाताल
- शिववास
- गौरी के साथ · 18:53 तकसभा में
- होमाहुति
- शुक्र
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त06:28 –07:31
- रोग पंचक07:31 –09:56
- शुभ मुहूर्त09:56 –12:17
- मृत्यु पंचक12:17 –14:20
- अग्नि पंचक14:20 –15:57
- शुभ मुहूर्त15:57 –17:19
- राज पंचक17:19 –18:37
- अग्नि पंचक18:37 –18:53
- शुभ मुहूर्त18:53 –20:07
- राज पंचक20:07 –22:00
- शुभ मुहूर्त22:00 –00:16, 6 अक्टू॰
- चोर पंचक00:16 –01:45, 6 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त01:45 –02:41, 6 अक्टू॰
- रोग पंचक02:41 –05:04, 6 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त05:04 –06:29, 6 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या05:08 –07:31
- तुला07:31 –09:56
- वृश्चिक09:56 –12:17
- धनु12:17 –14:20
- मकर14:20 –15:57
- कुम्भ15:57 –17:19
- मीन17:19 –18:37
- मेष18:37 –20:07
- वृषभ20:07 –22:00
- मिथुन22:00 –00:16, 6 अक्टू॰
- कर्क00:16 –02:41, 6 अक्टू॰
- सिंह02:41 –05:04, 6 अक्टू॰
- कन्या05:04 –07:27, 6 अक्टू॰
पंचांग · श्रीनगर, 5 अक्टूबर 2030
शनिवार, 5 अक्टूबर 2030 को श्रीनगर में सूर्योदय 06:28 और सूर्यास्त 18:10 पर है। तिथि शुक्ल नवमी 18:53 तक, फिर शुक्ल दशमी; नक्षत्र उत्तराषाढ़ा 6 अक्टूबर 01:45 तक, फिर श्रवण; योग अतिगण्ड 12:10 तक, फिर सुकर्मा; करण बालव 07:40 तक, फिर कौलव। चंद्रमा धनु राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 09:24–10:51, अभिजित मुहूर्त 11:56–12:42। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
श्रीनगर में 5 अक्टूबर 2030 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल नवमी 18:53 तक, फिर शुक्ल दशमी (सूर्योदय 06:28, श्रीनगर)।
5 अक्टूबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
उत्तराषाढ़ा 6 अक्टूबर 01:45 तक, फिर श्रवण। चंद्रमा धनु राशि में 08:21 तक।
श्रीनगर में 5 अक्टूबर 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 09:24–10:51, यमगण्ड 13:47–15:15, गुलिक काल 06:28–07:56।
श्रीनगर में 5 अक्टूबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:28, सूर्यास्त 18:10, चंद्रोदय 14:18 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
5 अक्टूबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:56–12:42, ब्रह्म मुहूर्त 04:50–05:39। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
5 अक्टूबर 2030 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
महा नवमी।
श्रीनगर हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2868° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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