पंचांग · शुक्रवार, 16 अप्रैल 2027श्रीनगर

चैत्र · शुक्ल दशमी · विक्रम संवत 2084

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
05:59सूर्योदय19:03सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल दशमी
शुक्ल · 11:22 तक
नक्षत्र
अश्लेषा
08:18 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
05:5919:03
शुक्रवार · शुक्र
राहु काल
10:53 –12:31
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
05:59दिन19:03
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
अमृत काल
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
गंड मूल
दुर्मुहूर्त
राहु काल
दुर्मुहूर्त
यमगंड
गुलिक काल
गंड मूल
08:0010:0012:0014:0016:0018:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
19:03रात05:58
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
अमृत काल
सायाह्न संध्या
गंड मूल
वर्ज्य
भद्रा
20:0022:0000:0002:0004:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

लोड हो रहा है… · हर मिनट अपडेट

पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल दशमी
    11:22 तक
  2. शुक्ल एकादशी
    09:28, 17 अप्रैल तक
नक्षत्र
  1. अश्लेषास्वामी बुध
    08:18 तक
  2. मघास्वामी केतु
    07:08, 17 अप्रैल तक
योग
  1. गण्ड
    02:57, 17 अप्रैल तक
  2. वृद्धि
    00:23, 18 अप्रैल तक
करण
  1. गर
    11:22 तक
  2. वणिज
    22:24 तक
  3. विष्टि
    09:28, 17 अप्रैल तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
05:59
बिंब मध्य 06:03
सूर्यास्त
19:03
बिंब मध्य 18:58
चंद्रोदय
14:21
चंद्रास्त
03:08
दिनमान
13h 4m
वार
शुक्रवार · शुक्र
चंद्र राशि
कर्क
08:18 तक
सूर्य राशि
मेष

चांद्र पंचांग

अमांत मास
चैत्र
पूर्णिमांत मास
चैत्र
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
वसंत
विक्रम संवत
2084
शक संवत
1949

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:32 –05:15
  • प्रातः संध्या04:54 –05:59
  • अभिजित मुहूर्त12:05 –12:57
  • विजय मुहूर्त14:42 –15:34
  • गोधूलि मुहूर्त19:03 –19:25
  • सायाह्न संध्या19:03 –20:08
  • निशीथ मुहूर्त00:09 –00:52, 17 अप्रैल
  • अमृत काल06:47 –08:18
  • अमृत काल04:51 –06:22, 17 अप्रैल
इन समयों से बचें
  • राहु काल10:53 –12:31
  • यमगंड15:47 –17:25
  • गुलिक काल07:37 –09:15
  • दुर्मुहूर्त08:36 –09:28
  • दुर्मुहूर्त12:57 –13:49
  • वर्ज्य19:43 –21:14
  • गंड मूल05:59 –08:18
  • गंड मूल08:18 –05:58, 17 अप्रैल
  • भद्रा22:24 –05:58, 17 अप्रैल

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • चरसम05:59 – 07:37
  • लाभलाभ07:37 – 09:15
  • अमृतश्रेष्ठ09:15 – 10:53
  • कालहानि10:53 – 12:31
  • शुभशुभ12:31 – 14:09
  • रोगअनिष्ट14:09 – 15:47
  • उद्वेगअशुभ15:47 – 17:25
  • चरसम17:25 – 19:03
रात
  • रोगअनिष्ट19:03 – 20:25
  • कालहानि20:25 – 21:47
  • लाभलाभ21:47 – 23:08
  • उद्वेगअशुभ23:08 – 00:30
  • शुभशुभ00:30 – 01:52
  • अमृतश्रेष्ठ01:52 – 03:14
  • चरसम03:14 – 04:36
  • रोगअनिष्ट04:36 – 05:58

होरा

दिन
ग्रहसमय
शुक्र05:59–07:05
बुध07:05–08:10
चन्द्र08:10–09:15
शनि09:15–10:20
गुरु10:20–11:26
मंगल11:26–12:31
सूर्य12:31–13:36
शुक्र13:36–14:42
बुध14:42–15:47
चन्द्र15:47–16:52
शनि16:52–17:57
गुरु17:57–19:03
रात
ग्रहसमय
मंगल19:03–19:57
सूर्य19:57–20:52
शुक्र20:52–21:47
बुध21:47–22:41
चन्द्र22:41–23:36
शनि23:36–00:30
गुरु00:30–01:25
मंगल01:25–02:20
सूर्य02:20–03:14
शुक्र03:14–04:09
बुध04:09–05:03
चन्द्र05:03–05:58

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • अश्लेषा 4 पद08:18 तक
  • मघा 1 पद14:00 तक
  • मघा 2 पद19:42 तक
  • मघा 3 पद01:24, 17 अप्रैल तक
  • मघा 4 पद07:08, 17 अप्रैल तक
सूर्य नक्षत्र
अश्विनी 1 पद
ऋतु (दृक्)
वसंत
ऋतु (वैदिक)
वसंत
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
13h 4m
रात्रिमान
10h 55m
मध्याह्न
12:31

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
कर्क · 08:18 तक
वृषभकर्ककन्यातुलामकरकुम्भ
धनु राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
सिंह · अगले सूर्योदय तक
मिथुनसिंहतुलावृश्चिककुम्भमीन
मकर राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
अश्लेषा · 08:18 तक
अश्विनीभरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यमघापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधामूलपूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद
मघा · अगले सूर्योदय तक
भरणीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
आग्नेय (दक्षिण-पूर्व)
चंद्र वास
उत्तर · 08:18 तकपूर्व
अग्निवास
आकाश · 11:22 तकपाताल
शिववास
सभा में · 11:22 तकक्रीड़ा में
होमाहुति
शुक्र

पंचक रहित मुहूर्त

  • मृत्यु पंचक05:59 –05:59
  • रोग पंचक05:59 –07:28
  • शुभ मुहूर्त07:28 –08:18
  • मृत्यु पंचक08:18 –09:21
  • अग्नि पंचक09:21 –11:22
  • शुभ मुहूर्त11:22 –11:37
  • राज पंचक11:37 –14:02
  • शुभ मुहूर्त14:02 –16:26
  • चोर पंचक16:26 –18:48
  • शुभ मुहूर्त18:48 –21:13
  • रोग पंचक21:13 –23:34
  • शुभ मुहूर्त23:34 –01:37, 17 अप्रैल
  • मृत्यु पंचक01:37 –03:14, 17 अप्रैल
  • अग्नि पंचक03:14 –04:36, 17 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त04:36 –05:55, 17 अप्रैल
  • मृत्यु पंचक05:55 –05:58, 17 अप्रैल

उदय लग्न

  • मीन04:40 –05:59
  • मेष05:59 –07:28
  • वृषभ07:28 –09:21
  • मिथुन09:21 –11:37
  • कर्क11:37 –14:02
  • सिंह14:02 –16:26
  • कन्या16:26 –18:48
  • तुला18:48 –21:13
  • वृश्चिक21:13 –23:34
  • धनु23:34 –01:37, 17 अप्रैल
  • मकर01:37 –03:14, 17 अप्रैल
  • कुम्भ03:14 –04:36, 17 अप्रैल
  • मीन04:36 –05:55, 17 अप्रैल
  • मेष05:55 –07:25, 17 अप्रैल

पंचांग · श्रीनगर, 16 अप्रैल 2027

शुक्रवार, 16 अप्रैल 2027 को श्रीनगर में सूर्योदय 05:59 और सूर्यास्त 19:03 पर है। तिथि शुक्ल दशमी 11:22 तक, फिर शुक्ल एकादशी; नक्षत्र अश्लेषा 08:18 तक, फिर मघा; योग गण्ड 17 अप्रैल 02:57 तक, फिर वृद्धि; करण गर 11:22 तक, फिर वणिज। चंद्रमा कर्क राशि में, सूर्य मेष राशि में। राहुकाल 10:53–12:31, अभिजित मुहूर्त 12:05–12:57। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2084, शक संवत 1949।

इस दिन के बारे में प्रश्न

श्रीनगर में 16 अप्रैल 2027 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल दशमी 11:22 तक, फिर शुक्ल एकादशी (सूर्योदय 05:59, श्रीनगर)।

16 अप्रैल 2027 को कौन सा नक्षत्र है?

अश्लेषा 08:18 तक, फिर मघा। चंद्रमा कर्क राशि में 08:18 तक।

श्रीनगर में 16 अप्रैल 2027 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 10:53–12:31, यमगण्ड 15:47–17:25, गुलिक काल 07:37–09:15।

श्रीनगर में 16 अप्रैल 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 05:59, सूर्यास्त 19:03, चंद्रोदय 14:21 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

16 अप्रैल 2027 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 12:05–12:57, ब्रह्म मुहूर्त 04:32–05:15। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

श्रीनगर हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2027आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2027मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2383° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

आपका डिफ़ॉल्ट स्थान आपके IP पते से अनुमानित है: IP Geolocation by DB-IP