पंचांग · रविवार, 18 अक्टूबर 2020श्रीनगर

आश्विन · शुक्ल द्वितीया · विक्रम संवत 2077

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:38सूर्योदय17:53सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल द्वितीया
शुक्ल · 17:27 तक
नक्षत्र
स्वाती
08:51 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:3817:53
रविवार · सूर्य
राहु काल
16:29 –17:53
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:38दिन17:53
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
यमगंड
वर्ज्य
दुर्मुहूर्त
गुलिक काल
राहु काल
09:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
17:53रात06:39
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
गोधूलि मुहूर्त
अमृत काल
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
20:0022:0000:0002:0004:0006:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

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पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल द्वितीया
    17:27 तक
  2. शुक्ल तृतीया
    14:08, 19 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
  1. स्वातीस्वामी राहु
    08:51 तक
  2. विशाखास्वामी गुरु
    06:08, 19 अक्टू॰ तक
  3. अनुराधास्वामी शनि
    03:52, 20 अक्टू॰ तक
योग
  1. प्रीति
    17:12 तक
  2. आयुष्मान्
    13:18, 19 अक्टू॰ तक
करण
  1. बालव
    07:16 तक
  2. कौलव
    17:27 तक
  3. तैतिल
    03:44, 19 अक्टू॰ तक
  4. गर
    14:08, 19 अक्टू॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:38
बिंब मध्य 06:42
सूर्यास्त
17:53
बिंब मध्य 17:48
चंद्रोदय
08:07
चंद्रास्त
19:12
दिनमान
11h 15m
वार
रविवार · सूर्य
चंद्र राशि
तुला
00:47, 19 अक्टू॰ तक
सूर्य राशि
तुला

चांद्र पंचांग

अमांत मास
आश्विन
पूर्णिमांत मास
आश्विन
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
शरद
विक्रम संवत
2077
शक संवत
1942

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:57 –05:47
  • प्रातः संध्या05:22 –06:38
  • अभिजित मुहूर्त11:53 –12:38
  • विजय मुहूर्त14:08 –14:53
  • गोधूलि मुहूर्त17:53 –18:18
  • सायाह्न संध्या17:53 –19:10
  • निशीथ मुहूर्त23:51 –00:42, 19 अक्टू॰
  • अमृत काल22:20 –23:45
इन समयों से बचें
  • राहु काल16:29 –17:53
  • यमगंड12:16 –13:40
  • गुलिक काल15:04 –16:29
  • दुर्मुहूर्त16:23 –17:08
  • वर्ज्य13:49 –15:14

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • उद्वेगअशुभ06:38 – 08:03
  • चरसम08:03 – 09:27
  • लाभलाभ09:27 – 10:51
  • अमृतश्रेष्ठ10:51 – 12:16
  • कालहानि12:16 – 13:40
  • शुभशुभ13:40 – 15:04
  • रोगअनिष्ट15:04 – 16:29
  • उद्वेगअशुभ16:29 – 17:53
रात
  • शुभशुभ17:53 – 19:29
  • अमृतश्रेष्ठ19:29 – 21:04
  • चरसम21:04 – 22:40
  • रोगअनिष्ट22:40 – 00:16
  • कालहानि00:16 – 01:52
  • लाभलाभ01:52 – 03:28
  • उद्वेगअशुभ03:28 – 05:03
  • शुभशुभ05:03 – 06:39

होरा

दिन
ग्रहसमय
सूर्य06:38–07:35
शुक्र07:35–08:31
बुध08:31–09:27
चन्द्र09:27–10:23
शनि10:23–11:19
गुरु11:19–12:16
मंगल12:16–13:12
सूर्य13:12–14:08
शुक्र14:08–15:04
बुध15:04–16:00
चन्द्र16:00–16:57
शनि16:57–17:53
रात
ग्रहसमय
गुरु17:53–18:57
मंगल18:57–20:01
सूर्य20:01–21:04
शुक्र21:04–22:08
बुध22:08–23:12
चन्द्र23:12–00:16
शनि00:16–01:20
गुरु01:20–02:24
मंगल02:24–03:28
सूर्य03:28–04:32
शुक्र04:32–05:35
बुध05:35–06:39

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • स्वाती 4 पद08:51 तक
  • विशाखा 1 पद14:08 तक
  • विशाखा 2 पद19:27 तक
  • विशाखा 3 पद00:47, 19 अक्टू॰ तक
  • विशाखा 4 पद06:08, 19 अक्टू॰ तक
  • अनुराधा 1 पद11:31, 19 अक्टू॰ तक
सूर्य नक्षत्र
चित्रा 3 पद
ऋतु (दृक्)
शरद
ऋतु (वैदिक)
शरद
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
दक्षिणायन
दिनमान
11h 15m
रात्रिमान
12h 46m
मध्याह्न
12:16

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
तुला · 00:47, 19 अक्टू॰ तक
मेषवृषभसिंहतुलाधनुमकर
मीन राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
वृश्चिक · अगले सूर्योदय तक
वृषभमिथुनकन्यावृश्चिकमकरकुम्भ
मेष राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
स्वाती · 08:51 तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुपुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदउत्तरभाद्रपद
विशाखा · 06:08, 19 अक्टू॰ तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती
अनुराधा · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषामघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
उत्तर
चंद्र वास
पश्चिम · 00:47, 19 अक्टू॰ तकउत्तर
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 17:27 तकआकाश
शिववास
गौरी के साथ · 17:27 तकसभा में
होमाहुति
सूर्य

पंचक रहित मुहूर्त

  • शुभ मुहूर्त06:38 –08:51
  • रोग पंचक08:51 –09:02
  • शुभ मुहूर्त09:02 –11:24
  • मृत्यु पंचक11:24 –13:27
  • अग्नि पंचक13:27 –15:04
  • शुभ मुहूर्त15:04 –16:26
  • राज पंचक16:26 –17:27
  • शुभ मुहूर्त17:27 –19:14
  • राज पंचक19:14 –21:07
  • शुभ मुहूर्त21:07 –23:23
  • चोर पंचक23:23 –01:48, 19 अक्टू॰
  • शुभ मुहूर्त01:48 –04:11, 19 अक्टू॰
  • रोग पंचक04:11 –06:08, 19 अक्टू॰
  • शुभ मुहूर्त06:08 –06:33, 19 अक्टू॰
  • मृत्यु पंचक06:33 –06:39, 19 अक्टू॰

उदय लग्न

  • तुला06:37 –09:02
  • वृश्चिक09:02 –11:24
  • धनु11:24 –13:27
  • मकर13:27 –15:04
  • कुम्भ15:04 –16:26
  • मीन16:26 –17:44
  • मेष17:44 –19:14
  • वृषभ19:14 –21:07
  • मिथुन21:07 –23:23
  • कर्क23:23 –01:48, 19 अक्टू॰
  • सिंह01:48 –04:11, 19 अक्टू॰
  • कन्या04:11 –06:33, 19 अक्टू॰
  • तुला06:33 –08:58, 19 अक्टू॰

पंचांग · श्रीनगर, 18 अक्टूबर 2020

रविवार, 18 अक्टूबर 2020 को श्रीनगर में सूर्योदय 06:38 और सूर्यास्त 17:53 पर है। तिथि शुक्ल द्वितीया 17:27 तक, फिर शुक्ल तृतीया; नक्षत्र स्वाती 08:51 तक, फिर विशाखा; योग प्रीति 17:12 तक, फिर आयुष्मान्; करण बालव 07:16 तक, फिर कौलव। चंद्रमा तुला राशि में, सूर्य तुला राशि में। राहुकाल 16:29–17:53, अभिजित मुहूर्त 11:53–12:38। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2077, शक संवत 1942।

इस दिन के बारे में प्रश्न

श्रीनगर में 18 अक्टूबर 2020 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल द्वितीया 17:27 तक, फिर शुक्ल तृतीया (सूर्योदय 06:38, श्रीनगर)।

18 अक्टूबर 2020 को कौन सा नक्षत्र है?

स्वाती 08:51 तक, फिर विशाखा। चंद्रमा तुला राशि में 19 अक्टूबर 00:47 तक।

श्रीनगर में 18 अक्टूबर 2020 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 16:29–17:53, यमगण्ड 12:16–13:40, गुलिक काल 15:04–16:29।

श्रीनगर में 18 अक्टूबर 2020 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:38, सूर्यास्त 17:53, चंद्रोदय 08:07 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

18 अक्टूबर 2020 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:53–12:38, ब्रह्म मुहूर्त 04:57–05:47। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

श्रीनगर हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2020आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2020मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.1476° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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