पंचांग · रविवार, 31 मार्च 2030सिंगापुर
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण त्रयोदशी03:44, 1 अप्रैल तक
- कृष्ण चतुर्दशी04:41, 2 अप्रैल तक
- शतभिषास्वामी राहु22:19 तक
- पूर्वभाद्रपदस्वामी गुरु23:46, 1 अप्रैल तक
- शुभ22:22 तक
- शुक्ल21:57, 1 अप्रैल तक
- गर15:25 तक
- वणिज03:44, 1 अप्रैल तक
- विष्टि16:10, 1 अप्रैल तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 07:05बिंब मध्य 07:08
- सूर्यास्त
- 19:13बिंब मध्य 19:09
- चंद्रोदय
- 04:52
- चंद्रास्त
- 17:13
- दिनमान
- 12h 8m
- वार
- रविवार · सूर्य
- चंद्र राशि
- कुम्भ17:22, 1 अप्रैल तक
- सूर्य राशि
- मीन
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- फाल्गुन
- पूर्णिमांत मास
- चैत्र
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शिशिर
- विक्रम संवत
- 2086
- शक संवत
- 1951
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त05:30 –06:18
- प्रातः संध्या05:54 –07:05
- अभिजित मुहूर्त12:45 –13:33
- विजय मुहूर्त15:10 –15:59
- गोधूलि मुहूर्त19:13 –19:36
- सायाह्न संध्या19:13 –20:24
- निशीथ मुहूर्त00:45 –01:33, 1 अप्रैल
- अमृत काल14:48 –16:28
- राहु काल17:42 –19:13
- यमगंड13:09 –14:40
- गुलिक काल16:11 –17:42
- दुर्मुहूर्त17:36 –18:24
- वर्ज्य05:06 –06:48, 1 अप्रैल
- भद्रा03:44 –07:05, 1 अप्रैल
चौघड़िया
- उद्वेगअशुभ07:05 – 08:36
- चरसम08:36 – 10:07
- लाभलाभ10:07 – 11:38
- अमृतश्रेष्ठ11:38 – 13:09
- कालहानि13:09 – 14:40
- शुभशुभ14:40 – 16:11
- रोगअनिष्ट16:11 – 17:42
- उद्वेगअशुभ17:42 – 19:13
- शुभशुभ19:13 – 20:42
- अमृतश्रेष्ठ20:42 – 22:11
- चरसम22:11 – 23:40
- रोगअनिष्ट23:40 – 01:09
- कालहानि01:09 – 02:38
- लाभलाभ02:38 – 04:07
- उद्वेगअशुभ04:07 – 05:36
- शुभशुभ05:36 – 07:05
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 07:05–08:06 |
| शुक्र | 08:06–09:06 |
| बुध | 09:06–10:07 |
| चन्द्र | 10:07–11:08 |
| शनि | 11:08–12:08 |
| गुरु | 12:08–13:09 |
| मंगल | 13:09–14:10 |
| सूर्य | 14:10–15:10 |
| शुक्र | 15:10–16:11 |
| बुध | 16:11–17:11 |
| चन्द्र | 17:11–18:12 |
| शनि | 18:12–19:13 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 19:13–20:12 |
| मंगल | 20:12–21:11 |
| सूर्य | 21:11–22:11 |
| शुक्र | 22:11–23:10 |
| बुध | 23:10–00:09 |
| चन्द्र | 00:09–01:09 |
| शनि | 01:09–02:08 |
| गुरु | 02:08–03:08 |
| मंगल | 03:08–04:07 |
| सूर्य | 04:07–05:06 |
| शुक्र | 05:06–06:06 |
| बुध | 06:06–07:05 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- शतभिषा 2 पद09:44 तक
- शतभिषा 3 पद16:01 तक
- शतभिषा 4 पद22:19 तक
- पूर्वभाद्रपद 1 पद04:39, 1 अप्रैल तक
- पूर्वभाद्रपद 2 पद10:59, 1 अप्रैल तक
- सूर्य नक्षत्र
- उत्तरभाद्रपद 4 पद
- ऋतु (दृक्)
- वसंत
- ऋतु (वैदिक)
- शिशिर
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 12h 8m
- रात्रिमान
- 11h 52m
- मध्याह्न
- 13:09
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- उत्तर
- चंद्र वास
- पश्चिम
- अग्निवास
- पाताल · 03:44, 1 अप्रैल तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- भोजन में · 03:44, 1 अप्रैल तकश्मशान में
- होमाहुति
- केतु
पंचक रहित मुहूर्त
- अग्नि पंचक07:05 –08:00
- शुभ मुहूर्त08:00 –09:56
- मृत्यु पंचक09:56 –12:03
- अग्नि पंचक12:03 –14:12
- शुभ मुहूर्त14:12 –16:14
- राज पंचक16:14 –18:08
- शुभ मुहूर्त18:08 –19:59
- चोर पंचक19:59 –21:58
- शुभ मुहूर्त21:58 –22:19
- रोग पंचक22:19 –00:05, 1 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त00:05 –02:14, 1 अप्रैल
- मृत्यु पंचक02:14 –03:44, 1 अप्रैल
- अग्नि पंचक03:44 –04:15, 1 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त04:15 –06:06, 1 अप्रैल
- राज पंचक06:06 –07:05, 1 अप्रैल
उदय लग्न
- मीन06:10 –08:00
- मेष08:00 –09:56
- वृषभ09:56 –12:03
- मिथुन12:03 –14:12
- कर्क14:12 –16:14
- सिंह16:14 –18:08
- कन्या18:08 –19:59
- तुला19:59 –21:58
- वृश्चिक21:58 –00:05, 1 अप्रैल
- धनु00:05 –02:14, 1 अप्रैल
- मकर02:14 –04:15, 1 अप्रैल
- कुम्भ04:15 –06:06, 1 अप्रैल
- मीन06:06 –07:56, 1 अप्रैल
पंचांग · सिंगापुर, 31 मार्च 2030
रविवार, 31 मार्च 2030 को सिंगापुर में सूर्योदय 07:05 और सूर्यास्त 19:13 पर है। तिथि कृष्ण त्रयोदशी 1 अप्रैल 03:44 तक, फिर कृष्ण चतुर्दशी; नक्षत्र शतभिषा 22:19 तक, फिर पूर्वभाद्रपद; योग शुभ 22:22 तक, फिर शुक्ल; करण गर 15:25 तक, फिर वणिज। चंद्रमा कुम्भ राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 17:42–19:13, अभिजित मुहूर्त 12:45–13:33। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / फाल्गुन (अमांत), विक्रम संवत 2086, शक संवत 1951।
इस दिन के बारे में प्रश्न
सिंगापुर में 31 मार्च 2030 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण त्रयोदशी 1 अप्रैल 03:44 तक, फिर कृष्ण चतुर्दशी (सूर्योदय 07:05, सिंगापुर)।
31 मार्च 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
शतभिषा 22:19 तक, फिर पूर्वभाद्रपद। चंद्रमा कुम्भ राशि में 1 अप्रैल 17:22 तक।
सिंगापुर में 31 मार्च 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 17:42–19:13, यमगण्ड 13:09–14:40, गुलिक काल 16:11–17:42।
सिंगापुर में 31 मार्च 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 07:05, सूर्यास्त 19:13, चंद्रोदय 04:52 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
31 मार्च 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 12:45–13:33, ब्रह्म मुहूर्त 05:30–06:18। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
31 मार्च 2030 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
रवि प्रदोष।
सिंगापुर हिन्दू कैलेंडर मार्च 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2796° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
आपका डिफ़ॉल्ट स्थान आपके IP पते से अनुमानित है: IP Geolocation by DB-IP