पंचांग · रविवार, 17 मार्च 2030राँची
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल त्रयोदशी04:09, 18 मार्च तक
- शुक्ल चतुर्दशी02:03, 19 मार्च तक
- अश्लेषास्वामी बुध12:21 तक
- मघास्वामी केतु11:23, 18 मार्च तक
- सुकर्मा13:48 तक
- धृति11:17, 18 मार्च तक
- कौलव16:58 तक
- तैतिल04:09, 18 मार्च तक
- गर15:10, 18 मार्च तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:56बिंब मध्य 05:59
- सूर्यास्त
- 17:59बिंब मध्य 17:54
- चंद्रोदय
- 15:41
- चंद्रास्त
- 03:51
- दिनमान
- 12h 3m
- वार
- रविवार · सूर्य
- चंद्र राशि
- कर्क12:21 तक
- सूर्य राशि
- मीन
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- फाल्गुन
- पूर्णिमांत मास
- फाल्गुन
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- शिशिर
- विक्रम संवत
- 2086
- शक संवत
- 1951
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:20 –05:08
- प्रातः संध्या04:44 –05:56
- अभिजित मुहूर्त11:33 –12:21
- विजय मुहूर्त13:58 –14:46
- गोधूलि मुहूर्त17:59 –18:23
- सायाह्न संध्या17:59 –19:10
- निशीथ मुहूर्त23:33 –00:21, 18 मार्च
- अमृत काल10:46 –12:21
- राहु काल16:28 –17:59
- यमगंड11:57 –13:28
- गुलिक काल14:58 –16:28
- दुर्मुहूर्त16:22 –17:10
- वर्ज्य23:52 –01:24, 18 मार्च
- गंड मूल05:56 –12:21
- गंड मूल12:21 –05:55, 18 मार्च
चौघड़िया
- उद्वेगअशुभ05:56 – 07:26
- चरसम07:26 – 08:57
- लाभलाभ08:57 – 10:27
- अमृतश्रेष्ठ10:27 – 11:57
- कालहानि11:57 – 13:28
- शुभशुभ13:28 – 14:58
- रोगअनिष्ट14:58 – 16:28
- उद्वेगअशुभ16:28 – 17:59
- शुभशुभ17:59 – 19:28
- अमृतश्रेष्ठ19:28 – 20:58
- चरसम20:58 – 22:27
- रोगअनिष्ट22:27 – 23:57
- कालहानि23:57 – 01:26
- लाभलाभ01:26 – 02:56
- उद्वेगअशुभ02:56 – 04:25
- शुभशुभ04:25 – 05:55
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 05:56–06:56 |
| शुक्र | 06:56–07:56 |
| बुध | 07:56–08:57 |
| चन्द्र | 08:57–09:57 |
| शनि | 09:57–10:57 |
| गुरु | 10:57–11:57 |
| मंगल | 11:57–12:58 |
| सूर्य | 12:58–13:58 |
| शुक्र | 13:58–14:58 |
| बुध | 14:58–15:58 |
| चन्द्र | 15:58–16:58 |
| शनि | 16:58–17:59 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 17:59–18:58 |
| मंगल | 18:58–19:58 |
| सूर्य | 19:58–20:58 |
| शुक्र | 20:58–21:57 |
| बुध | 21:57–22:57 |
| चन्द्र | 22:57–23:57 |
| शनि | 23:57–00:57 |
| गुरु | 00:57–01:56 |
| मंगल | 01:56–02:56 |
| सूर्य | 02:56–03:56 |
| शुक्र | 03:56–04:55 |
| बुध | 04:55–05:55 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- अश्लेषा 3 पद06:29 तक
- अश्लेषा 4 पद12:21 तक
- मघा 1 पद18:11 तक
- मघा 2 पद23:57 तक
- मघा 3 पद05:41, 18 मार्च तक
- मघा 4 पद11:23, 18 मार्च तक
- सूर्य नक्षत्र
- पूर्वभाद्रपद 4 पद
- ऋतु (दृक्)
- वसंत
- ऋतु (वैदिक)
- शिशिर
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 12h 3m
- रात्रिमान
- 11h 56m
- मध्याह्न
- 11:57
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- उत्तर
- चंद्र वास
- उत्तर · 12:21 तकपूर्व
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 04:09, 18 मार्च तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- नंदी पर · 04:09, 18 मार्च तकभोजन में
- होमाहुति
- शनि
पंचक रहित मुहूर्त
- रोग पंचक05:56 –07:23
- चोर पंचक07:23 –09:03
- शुभ मुहूर्त09:03 –11:01
- रोग पंचक11:01 –12:21
- शुभ मुहूर्त12:21 –13:15
- मृत्यु पंचक13:15 –15:31
- अग्नि पंचक15:31 –17:43
- शुभ मुहूर्त17:43 –19:54
- राज पंचक19:54 –22:09
- शुभ मुहूर्त22:09 –00:25, 18 मार्च
- चोर पंचक00:25 –02:30, 18 मार्च
- शुभ मुहूर्त02:30 –04:09, 18 मार्च
- रोग पंचक04:09 –04:16, 18 मार्च
- शुभ मुहूर्त04:16 –05:49, 18 मार्च
- मृत्यु पंचक05:49 –05:55, 18 मार्च
उदय लग्न
- मीन05:53 –07:23
- मेष07:23 –09:03
- वृषभ09:03 –11:01
- मिथुन11:01 –13:15
- कर्क13:15 –15:31
- सिंह15:31 –17:43
- कन्या17:43 –19:54
- तुला19:54 –22:09
- वृश्चिक22:09 –00:25, 18 मार्च
- धनु00:25 –02:30, 18 मार्च
- मकर02:30 –04:16, 18 मार्च
- कुम्भ04:16 –05:49, 18 मार्च
- मीन05:49 –07:19, 18 मार्च
पंचांग · राँची, 17 मार्च 2030
रविवार, 17 मार्च 2030 को राँची में सूर्योदय 05:56 और सूर्यास्त 17:59 पर है। तिथि शुक्ल त्रयोदशी 18 मार्च 04:09 तक, फिर शुक्ल चतुर्दशी; नक्षत्र अश्लेषा 12:21 तक, फिर मघा; योग सुकर्मा 13:48 तक, फिर धृति; करण कौलव 16:58 तक, फिर तैतिल। चंद्रमा कर्क राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 16:28–17:59, अभिजित मुहूर्त 11:33–12:21। मास फाल्गुन (पूर्णिमांत) / फाल्गुन (अमांत), विक्रम संवत 2086, शक संवत 1951।
इस दिन के बारे में प्रश्न
राँची में 17 मार्च 2030 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल त्रयोदशी 18 मार्च 04:09 तक, फिर शुक्ल चतुर्दशी (सूर्योदय 05:56, राँची)।
17 मार्च 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
अश्लेषा 12:21 तक, फिर मघा। चंद्रमा कर्क राशि में 12:21 तक।
राँची में 17 मार्च 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 16:28–17:59, यमगण्ड 11:57–13:28, गुलिक काल 14:58–16:28।
राँची में 17 मार्च 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:56, सूर्यास्त 17:59, चंद्रोदय 15:41 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
17 मार्च 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:33–12:21, ब्रह्म मुहूर्त 04:20–05:08। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
17 मार्च 2030 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
रवि प्रदोष।
राँची हिन्दू कैलेंडर मार्च 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2791° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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