पंचांग · बुधवार, 12 अप्रैल 2023राँची
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण षष्ठी05:40 तक
- कृष्ण सप्तमी03:44, 13 अप्रैल तक
- कृष्ण अष्टमी01:34, 14 अप्रैल तक
- मूलस्वामी केतु11:59 तक
- पूर्वाषाढ़ास्वामी शुक्र10:43, 13 अप्रैल तक
- परिघ15:19 तक
- शिव12:33, 13 अप्रैल तक
- वणिज05:40 तक
- विष्टि16:44 तक
- बव03:44, 13 अप्रैल तक
- बालव14:41, 13 अप्रैल तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:31बिंब मध्य 05:34
- सूर्यास्त
- 18:08बिंब मध्य 18:04
- चंद्रोदय
- —
- चंद्रास्त
- 10:03
- दिनमान
- 12h 37m
- वार
- बुधवार · बुध
- चंद्र राशि
- धनु16:22, 13 अप्रैल तक
- सूर्य राशि
- मीन
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- चैत्र
- पूर्णिमांत मास
- वैशाख
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- वसंत
- विक्रम संवत
- 2080
- शक संवत
- 1945
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:00 –04:46
- प्रातः संध्या04:23 –05:31
- अभिजित मुहूर्त11:25 –12:15
- विजय मुहूर्त13:56 –14:47
- गोधूलि मुहूर्त18:08 –18:31
- सायाह्न संध्या18:08 –19:17
- निशीथ मुहूर्त23:27 –00:12, 13 अप्रैल
- अमृत काल05:50 –07:23
- राहु काल11:50 –13:24
- यमगंड07:06 –08:41
- गुलिक काल10:15 –11:50
- दुर्मुहूर्त11:25 –12:15
- वर्ज्य10:27 –11:59
- वर्ज्य21:04 –22:35
- गंड मूल05:31 –11:59
- भद्रा05:40 –16:44
चौघड़िया
- लाभलाभ05:31 – 07:06
- अमृतश्रेष्ठ07:06 – 08:41
- कालहानि08:41 – 10:15
- शुभशुभ10:15 – 11:50
- रोगअनिष्ट11:50 – 13:24
- उद्वेगअशुभ13:24 – 14:59
- चरसम14:59 – 16:34
- लाभलाभ16:34 – 18:08
- उद्वेगअशुभ18:08 – 19:34
- शुभशुभ19:34 – 20:59
- अमृतश्रेष्ठ20:59 – 22:24
- चरसम22:24 – 23:49
- रोगअनिष्ट23:49 – 01:15
- कालहानि01:15 – 02:40
- लाभलाभ02:40 – 04:05
- उद्वेगअशुभ04:05 – 05:30
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 05:31–06:34 |
| चन्द्र | 06:34–07:37 |
| शनि | 07:37–08:41 |
| गुरु | 08:41–09:44 |
| मंगल | 09:44–10:47 |
| सूर्य | 10:47–11:50 |
| शुक्र | 11:50–12:53 |
| बुध | 12:53–13:56 |
| चन्द्र | 13:56–14:59 |
| शनि | 14:59–16:02 |
| गुरु | 16:02–17:05 |
| मंगल | 17:05–18:08 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 18:08–19:05 |
| शुक्र | 19:05–20:02 |
| बुध | 20:02–20:59 |
| चन्द्र | 20:59–21:56 |
| शनि | 21:56–22:53 |
| गुरु | 22:53–23:49 |
| मंगल | 23:49–00:46 |
| सूर्य | 00:46–01:43 |
| शुक्र | 01:43–02:40 |
| बुध | 02:40–03:37 |
| चन्द्र | 03:37–04:33 |
| शनि | 04:33–05:30 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- मूल 3 पद06:15 तक
- मूल 4 पद11:59 तक
- पूर्वाषाढ़ा 1 पद17:41 तक
- पूर्वाषाढ़ा 2 पद23:23 तक
- पूर्वाषाढ़ा 3 पद05:03, 13 अप्रैल तक
- पूर्वाषाढ़ा 4 पद10:43, 13 अप्रैल तक
- सूर्य नक्षत्र
- रेवती 4 पद
- ऋतु (दृक्)
- वसंत
- ऋतु (वैदिक)
- वसंत
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 12h 37m
- रात्रिमान
- 11h 22m
- मध्याह्न
- 11:50
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
- चंद्र वास
- पूर्व
- अग्निवास
- पाताल · 05:40 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 03:44, 13 अप्रैल तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- भोजन में · 05:40 तकश्मशान में · 03:44, 13 अप्रैल तकगौरी के साथ
- होमाहुति
- गुरु
पंचक रहित मुहूर्त
- अग्नि पंचक05:31 –05:40
- शुभ मुहूर्त05:40 –05:42
- मृत्यु पंचक05:42 –07:22
- अग्नि पंचक07:22 –09:20
- शुभ मुहूर्त09:20 –11:33
- राज पंचक11:33 –11:59
- शुभ मुहूर्त11:59 –13:49
- चोर पंचक13:49 –16:01
- शुभ मुहूर्त16:01 –18:12
- रोग पंचक18:12 –20:27
- शुभ मुहूर्त20:27 –22:43
- मृत्यु पंचक22:43 –00:48, 13 अप्रैल
- अग्नि पंचक00:48 –02:35, 13 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त02:35 –03:44, 13 अप्रैल
- राज पंचक03:44 –04:07, 13 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त04:07 –05:30, 13 अप्रैल
उदय लग्न
- मीन04:11 –05:42
- मेष05:42 –07:22
- वृषभ07:22 –09:20
- मिथुन09:20 –11:33
- कर्क11:33 –13:49
- सिंह13:49 –16:01
- कन्या16:01 –18:12
- तुला18:12 –20:27
- वृश्चिक20:27 –22:43
- धनु22:43 –00:48, 13 अप्रैल
- मकर00:48 –02:35, 13 अप्रैल
- कुम्भ02:35 –04:07, 13 अप्रैल
- मीन04:07 –05:38, 13 अप्रैल
पंचांग · राँची, 12 अप्रैल 2023
बुधवार, 12 अप्रैल 2023 को राँची में सूर्योदय 05:31 और सूर्यास्त 18:08 पर है। तिथि कृष्ण षष्ठी 05:40 तक, फिर कृष्ण सप्तमी; नक्षत्र मूल 11:59 तक, फिर पूर्वाषाढ़ा; योग परिघ 15:19 तक, फिर शिव; करण वणिज 05:40 तक, फिर विष्टि। चंद्रमा धनु राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 11:50–13:24, अभिजित मुहूर्त 11:25–12:15। मास वैशाख (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2080, शक संवत 1945।
इस दिन के बारे में प्रश्न
राँची में 12 अप्रैल 2023 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण षष्ठी 05:40 तक, फिर कृष्ण सप्तमी (सूर्योदय 05:31, राँची)।
12 अप्रैल 2023 को कौन सा नक्षत्र है?
मूल 11:59 तक, फिर पूर्वाषाढ़ा। चंद्रमा धनु राशि में 13 अप्रैल 16:22 तक।
राँची में 12 अप्रैल 2023 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 11:50–13:24, यमगण्ड 07:06–08:41, गुलिक काल 10:15–11:50।
राँची में 12 अप्रैल 2023 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:31, सूर्यास्त 18:08 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
12 अप्रैल 2023 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:25–12:15, ब्रह्म मुहूर्त 04:00–04:46। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
राँची हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2023आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2023मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.1822° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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