पंचांग · रविवार, 13 अक्टूबर 2030प्रयागराज

आश्विन · कृष्ण द्वितीया · विक्रम संवत 2087

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:00सूर्योदय17:37सूर्यास्त
तिथि
कृष्ण द्वितीया
कृष्ण · 19:02 तक
नक्षत्र
भरणी
08:21, 14 अक्टू॰ तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:0017:37
रविवार · सूर्य
राहु काल
16:10 –17:37
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:00दिन17:37
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
यमगंड
गुलिक काल
वर्ज्य
दुर्मुहूर्त
राहु काल
08:0010:0012:0014:0016:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
17:37रात06:00
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
अमृत काल
सायाह्न संध्या
वर्ज्य
20:0022:0000:0002:0004:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

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पाँच अंग

तिथि
  1. कृष्ण द्वितीया
    19:02 तक
  2. कृष्ण तृतीया
    21:09, 14 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
  1. भरणीस्वामी शुक्र
    08:21, 14 अक्टू॰ तक
योग
  1. वज्र
    02:28, 14 अक्टू॰ तक
  2. सिद्धि
    03:09, 15 अक्टू॰ तक
करण
  1. तैतिल
    06:09 तक
  2. गर
    19:02 तक
  3. वणिज
    08:02, 14 अक्टू॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:00
बिंब मध्य 06:03
सूर्यास्त
17:37
बिंब मध्य 17:33
चंद्रोदय
18:42
चंद्रास्त
07:29
दिनमान
11h 37m
वार
रविवार · सूर्य
चंद्र राशि
मेष
15:01, 14 अक्टू॰ तक
सूर्य राशि
कन्या

चांद्र पंचांग

अमांत मास
आश्विन
पूर्णिमांत मास
कार्तिक
पक्ष
कृष्ण
ऋतु
शरद
विक्रम संवत
2087
शक संवत
1952

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:21 –05:11
  • प्रातः संध्या04:46 –06:00
  • अभिजित मुहूर्त11:25 –12:12
  • विजय मुहूर्त13:45 –14:31
  • गोधूलि मुहूर्त17:37 –18:02
  • सायाह्न संध्या17:37 –18:52
  • निशीथ मुहूर्त23:24 –00:14, 14 अक्टू॰
  • अमृत काल03:04 –04:50, 14 अक्टू॰
इन समयों से बचें
  • राहु काल16:10 –17:37
  • यमगंड11:49 –13:16
  • गुलिक काल14:43 –16:10
  • दुर्मुहूर्त16:04 –16:51
  • वर्ज्य16:30 –18:16

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • उद्वेगअशुभ06:00 – 07:27
  • चरसम07:27 – 08:54
  • लाभलाभ08:54 – 10:22
  • अमृतश्रेष्ठ10:22 – 11:49
  • कालहानि11:49 – 13:16
  • शुभशुभ13:16 – 14:43
  • रोगअनिष्ट14:43 – 16:10
  • उद्वेगअशुभ16:10 – 17:37
रात
  • शुभशुभ17:37 – 19:10
  • अमृतश्रेष्ठ19:10 – 20:43
  • चरसम20:43 – 22:16
  • रोगअनिष्ट22:16 – 23:49
  • कालहानि23:49 – 01:22
  • लाभलाभ01:22 – 02:55
  • उद्वेगअशुभ02:55 – 04:28
  • शुभशुभ04:28 – 06:00

होरा

दिन
ग्रहसमय
सूर्य06:00–06:58
शुक्र06:58–07:56
बुध07:56–08:54
चन्द्र08:54–09:52
शनि09:52–10:51
गुरु10:51–11:49
मंगल11:49–12:47
सूर्य12:47–13:45
शुक्र13:45–14:43
बुध14:43–15:41
चन्द्र15:41–16:39
शनि16:39–17:37
रात
ग्रहसमय
गुरु17:37–18:39
मंगल18:39–19:41
सूर्य19:41–20:43
शुक्र20:43–21:45
बुध21:45–22:47
चन्द्र22:47–23:49
शनि23:49–00:51
गुरु00:51–01:53
मंगल01:53–02:55
सूर्य02:55–03:57
शुक्र03:57–04:59
बुध04:59–06:00

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • भरणी 1 पद12:30 तक
  • भरणी 2 पद19:05 तक
  • भरणी 3 पद01:42, 14 अक्टू॰ तक
  • भरणी 4 पद08:21, 14 अक्टू॰ तक
सूर्य नक्षत्र
चित्रा 1 पद
ऋतु (दृक्)
शरद
ऋतु (वैदिक)
शरद
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
दक्षिणायन
दिनमान
11h 37m
रात्रिमान
12h 23m
मध्याह्न
11:49

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
मेष · अगले सूर्योदय तक
मेषमिथुनकर्कतुलावृश्चिककुम्भ
कन्या राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
भरणी · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीकृत्तिकारोहिणीआर्द्रापुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद

निवास और शूल

दिशा शूल
पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
उत्तर
चंद्र वास
पूर्व
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 19:02 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
सभा में · 19:02 तकक्रीड़ा में
होमाहुति
मंगल

पंचक रहित मुहूर्त

  • रोग पंचक06:00 –06:24
  • शुभ मुहूर्त06:24 –08:40
  • मृत्यु पंचक08:40 –10:57
  • अग्नि पंचक10:57 –13:02
  • शुभ मुहूर्त13:02 –14:47
  • राज पंचक14:47 –16:17
  • शुभ मुहूर्त16:17 –19:02
  • राज पंचक19:02 –19:24
  • शुभ मुहूर्त19:24 –21:21
  • चोर पंचक21:21 –23:35
  • शुभ मुहूर्त23:35 –01:53, 14 अक्टू॰
  • रोग पंचक01:53 –04:07, 14 अक्टू॰
  • शुभ मुहूर्त04:07 –06:00, 14 अक्टू॰

उदय लग्न

  • कन्या04:11 –06:24
  • तुला06:24 –08:40
  • वृश्चिक08:40 –10:57
  • धनु10:57 –13:02
  • मकर13:02 –14:47
  • कुम्भ14:47 –16:17
  • मीन16:17 –17:46
  • मेष17:46 –19:24
  • वृषभ19:24 –21:21
  • मिथुन21:21 –23:35
  • कर्क23:35 –01:53, 14 अक्टू॰
  • सिंह01:53 –04:07, 14 अक्टू॰
  • कन्या04:07 –06:20, 14 अक्टू॰

पंचांग · प्रयागराज, 13 अक्टूबर 2030

रविवार, 13 अक्टूबर 2030 को प्रयागराज में सूर्योदय 06:00 और सूर्यास्त 17:37 पर है। तिथि कृष्ण द्वितीया 19:02 तक, फिर कृष्ण तृतीया; नक्षत्र भरणी 14 अक्टूबर 08:21 तक; योग वज्र 14 अक्टूबर 02:28 तक, फिर सिद्धि; करण तैतिल 06:09 तक, फिर गर। चंद्रमा मेष राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 16:10–17:37, अभिजित मुहूर्त 11:25–12:12। मास कार्तिक (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।

इस दिन के बारे में प्रश्न

प्रयागराज में 13 अक्टूबर 2030 को कौन सी तिथि है?

कृष्ण द्वितीया 19:02 तक, फिर कृष्ण तृतीया (सूर्योदय 06:00, प्रयागराज)।

13 अक्टूबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?

भरणी 14 अक्टूबर 08:21 तक। चंद्रमा मेष राशि में 14 अक्टूबर 15:01 तक।

प्रयागराज में 13 अक्टूबर 2030 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 16:10–17:37, यमगण्ड 11:49–13:16, गुलिक काल 14:43–16:10।

प्रयागराज में 13 अक्टूबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:00, सूर्यास्त 17:37, चंद्रोदय 18:42 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

13 अक्टूबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:25–12:12, ब्रह्म मुहूर्त 04:21–05:11। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

प्रयागराज हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2871° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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