पंचांग · शनिवार, 15 अक्टूबर 2044नई दिल्ली
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण नवमी12:20 तक
- कृष्ण दशमी10:30, 16 अक्टू॰ तक
- पुष्यस्वामी शनि13:20 तक
- अश्लेषास्वामी बुध12:14, 16 अक्टू॰ तक
- साध्य03:01, 16 अक्टू॰ तक
- शुभ00:29, 17 अक्टू॰ तक
- गर12:20 तक
- वणिज23:24 तक
- विष्टि10:30, 16 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:22बिंब मध्य 06:26
- सूर्यास्त
- 17:51बिंब मध्य 17:47
- चंद्रोदय
- 00:20
- चंद्रास्त
- 14:27
- दिनमान
- 11h 29m
- वार
- शनिवार · शनि
- चंद्र राशि
- कर्क12:14, 16 अक्टू॰ तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- कार्तिक
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2101
- शक संवत
- 1966
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:42 –05:32
- प्रातः संध्या05:07 –06:22
- अभिजित मुहूर्त11:44 –12:30
- विजय मुहूर्त14:01 –14:47
- गोधूलि मुहूर्त17:51 –18:16
- सायाह्न संध्या17:51 –19:06
- निशीथ मुहूर्त23:42 –00:32, 16 अक्टू॰
- अमृत काल07:16 –08:47
- राहु काल09:14 –10:41
- यमगंड13:33 –14:59
- गुलिक काल06:22 –07:48
- दुर्मुहूर्त06:22 –07:08
- दुर्मुहूर्त07:08 –07:54
- वर्ज्य01:33 –03:04, 16 अक्टू॰
- गंड मूल13:20 –06:23, 16 अक्टू॰
- भद्रा23:24 –06:23, 16 अक्टू॰
चौघड़िया
- कालहानि06:22 – 07:48
- शुभशुभ07:48 – 09:14
- रोगअनिष्ट09:14 – 10:41
- उद्वेगअशुभ10:41 – 12:07
- चरसम12:07 – 13:33
- लाभलाभ13:33 – 14:59
- अमृतश्रेष्ठ14:59 – 16:25
- कालहानि16:25 – 17:51
- लाभलाभ17:51 – 19:25
- उद्वेगअशुभ19:25 – 20:59
- शुभशुभ20:59 – 22:33
- अमृतश्रेष्ठ22:33 – 00:07
- चरसम00:07 – 01:41
- रोगअनिष्ट01:41 – 03:15
- कालहानि03:15 – 04:49
- लाभलाभ04:49 – 06:23
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 06:22–07:20 |
| गुरु | 07:20–08:17 |
| मंगल | 08:17–09:14 |
| सूर्य | 09:14–10:12 |
| शुक्र | 10:12–11:09 |
| बुध | 11:09–12:07 |
| चन्द्र | 12:07–13:04 |
| शनि | 13:04–14:01 |
| गुरु | 14:01–14:59 |
| मंगल | 14:59–15:56 |
| सूर्य | 15:56–16:54 |
| शुक्र | 16:54–17:51 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 17:51–18:54 |
| चन्द्र | 18:54–19:56 |
| शनि | 19:56–20:59 |
| गुरु | 20:59–22:02 |
| मंगल | 22:02–23:04 |
| सूर्य | 23:04–00:07 |
| शुक्र | 00:07–01:10 |
| बुध | 01:10–02:12 |
| चन्द्र | 02:12–03:15 |
| शनि | 03:15–04:17 |
| गुरु | 04:17–05:20 |
| मंगल | 05:20–06:23 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पुष्य 3 पद07:38 तक
- पुष्य 4 पद13:20 तक
- अश्लेषा 1 पद19:02 तक
- अश्लेषा 2 पद00:45, 16 अक्टू॰ तक
- अश्लेषा 3 पद06:29, 16 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- चित्रा 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 29m
- रात्रिमान
- 12h 32m
- मध्याह्न
- 12:07
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पूर्व
- चंद्र वास
- उत्तर
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 12:20 तकआकाश
- शिववास
- सभा में · 12:20 तकक्रीड़ा में
- होमाहुति
- राहु
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त06:22 –06:35
- मृत्यु पंचक06:35 –08:55
- अग्नि पंचक08:55 –11:13
- शुभ मुहूर्त11:13 –12:20
- राज पंचक12:20 –13:17
- शुभ मुहूर्त13:17 –13:20
- चोर पंचक13:20 –14:59
- शुभ मुहूर्त14:59 –16:27
- रोग पंचक16:27 –17:52
- चोर पंचक17:52 –19:27
- शुभ मुहूर्त19:27 –21:23
- रोग पंचक21:23 –23:38
- शुभ मुहूर्त23:38 –01:58, 16 अक्टू॰
- मृत्यु पंचक01:58 –04:15, 16 अक्टू॰
- अग्नि पंचक04:15 –06:23, 16 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या04:19 –06:35
- तुला06:35 –08:55
- वृश्चिक08:55 –11:13
- धनु11:13 –13:17
- मकर13:17 –14:59
- कुम्भ14:59 –16:27
- मीन16:27 –17:52
- मेष17:52 –19:27
- वृषभ19:27 –21:23
- मिथुन21:23 –23:38
- कर्क23:38 –01:58, 16 अक्टू॰
- सिंह01:58 –04:15, 16 अक्टू॰
- कन्या04:15 –06:31, 16 अक्टू॰
पंचांग · नई दिल्ली, 15 अक्टूबर 2044
शनिवार, 15 अक्टूबर 2044 को नई दिल्ली में सूर्योदय 06:22 और सूर्यास्त 17:51 पर है। तिथि कृष्ण नवमी 12:20 तक, फिर कृष्ण दशमी; नक्षत्र पुष्य 13:20 तक, फिर अश्लेषा; योग साध्य 16 अक्टूबर 03:01 तक, फिर शुभ; करण गर 12:20 तक, फिर वणिज। चंद्रमा कर्क राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 09:14–10:41, अभिजित मुहूर्त 11:44–12:30। मास कार्तिक (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2101, शक संवत 1966।
इस दिन के बारे में प्रश्न
नई दिल्ली में 15 अक्टूबर 2044 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण नवमी 12:20 तक, फिर कृष्ण दशमी (सूर्योदय 06:22, नई दिल्ली)।
15 अक्टूबर 2044 को कौन सा नक्षत्र है?
पुष्य 13:20 तक, फिर अश्लेषा। चंद्रमा कर्क राशि में 16 अक्टूबर 12:14 तक।
नई दिल्ली में 15 अक्टूबर 2044 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 09:14–10:41, यमगण्ड 13:33–14:59, गुलिक काल 06:22–07:48।
नई दिल्ली में 15 अक्टूबर 2044 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:22, सूर्यास्त 17:51, चंद्रोदय 00:20 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
15 अक्टूबर 2044 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:44–12:30, ब्रह्म मुहूर्त 04:42–05:32। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2044आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2044मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.4828° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
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