पंचांग · शनिवार, 17 अप्रैल 2027कोच्चि

चैत्र · शुक्ल एकादशी · विक्रम संवत 2084कामदा एकादशी

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:14सूर्योदय18:35सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल एकादशी
शुक्ल · 09:28 तक
नक्षत्र
मघा
07:08 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:1418:35
शनिवार · शनि
राहु काल
09:19 –10:52
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:14दिन18:35
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
अमृत काल
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
गुलिक काल
राहु काल
यमगंड
दुर्मुहूर्त
वर्ज्य
गंड मूल
भद्रा
दुर्मुहूर्त
07:0009:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:35रात06:13
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
गोधूलि मुहूर्त
अमृत काल
सायाह्न संध्या
निशीथ मुहूर्त
21:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

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पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल एकादशी
    09:28 तक
  2. शुक्ल द्वादशी
    07:42, 18 अप्रैल तक
नक्षत्र
  1. मघास्वामी केतु
    07:08 तक
  2. पूर्व फाल्गुनीस्वामी शुक्र
    06:05, 18 अप्रैल तक
  3. उत्तर फाल्गुनीस्वामी सूर्य
    05:14, 19 अप्रैल तक
योग
  1. वृद्धि
    00:23, 18 अप्रैल तक
  2. ध्रुव
    21:57, 18 अप्रैल तक
करण
  1. विष्टि
    09:28 तक
  2. बव
    20:34 तक
  3. बालव
    07:42, 18 अप्रैल तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:14
बिंब मध्य 06:17
सूर्यास्त
18:35
बिंब मध्य 18:32
चंद्रोदय
15:32
चंद्रास्त
03:17
दिनमान
12h 21m
वार
शनिवार · शनि
चंद्र राशि
सिंह
11:51, 18 अप्रैल तक
सूर्य राशि
मेष

चांद्र पंचांग

अमांत मास
चैत्र
पूर्णिमांत मास
चैत्र
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
वसंत
विक्रम संवत
2084
शक संवत
1949

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:41 –05:27
  • प्रातः संध्या05:04 –06:14
  • अभिजित मुहूर्त12:00 –12:49
  • विजय मुहूर्त14:28 –15:18
  • गोधूलि मुहूर्त18:35 –18:59
  • सायाह्न संध्या18:35 –19:45
  • निशीथ मुहूर्त00:01 –00:48, 18 अप्रैल
  • अमृत काल04:51 –06:22
  • अमृत काल23:58 –01:30, 18 अप्रैल
इन समयों से बचें
  • राहु काल09:19 –10:52
  • यमगंड13:57 –15:30
  • गुलिक काल06:14 –07:47
  • दुर्मुहूर्त06:14 –07:03
  • दुर्मुहूर्त07:03 –07:53
  • वर्ज्य14:47 –16:19
  • गंड मूल06:14 –07:08
  • भद्रा06:14 –09:28

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • कालहानि06:14 – 07:47
  • शुभशुभ07:47 – 09:19
  • रोगअनिष्ट09:19 – 10:52
  • उद्वेगअशुभ10:52 – 12:25
  • चरसम12:25 – 13:57
  • लाभलाभ13:57 – 15:30
  • अमृतश्रेष्ठ15:30 – 17:03
  • कालहानि17:03 – 18:35
रात
  • लाभलाभ18:35 – 20:03
  • उद्वेगअशुभ20:03 – 21:30
  • शुभशुभ21:30 – 22:57
  • अमृतश्रेष्ठ22:57 – 00:24
  • चरसम00:24 – 01:52
  • रोगअनिष्ट01:52 – 03:19
  • कालहानि03:19 – 04:46
  • लाभलाभ04:46 – 06:13

होरा

दिन
ग्रहसमय
शनि06:14–07:16
गुरु07:16–08:17
मंगल08:17–09:19
सूर्य09:19–10:21
शुक्र10:21–11:23
बुध11:23–12:25
चन्द्र12:25–13:26
शनि13:26–14:28
गुरु14:28–15:30
मंगल15:30–16:32
सूर्य16:32–17:34
शुक्र17:34–18:35
रात
ग्रहसमय
बुध18:35–19:34
चन्द्र19:34–20:32
शनि20:32–21:30
गुरु21:30–22:28
मंगल22:28–23:26
सूर्य23:26–00:24
शुक्र00:24–01:23
बुध01:23–02:21
चन्द्र02:21–03:19
शनि03:19–04:17
गुरु04:17–05:15
मंगल05:15–06:13

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • मघा 4 पद07:08 तक
  • पूर्व फाल्गुनी 1 पद12:51 तक
  • पूर्व फाल्गुनी 2 पद18:35 तक
  • पूर्व फाल्गुनी 3 पद00:20, 18 अप्रैल तक
  • पूर्व फाल्गुनी 4 पद06:05, 18 अप्रैल तक
  • उत्तर फाल्गुनी 1 पद11:51, 18 अप्रैल तक
सूर्य नक्षत्र
अश्विनी 1 पद
ऋतु (दृक्)
वसंत
ऋतु (वैदिक)
वसंत
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
12h 21m
रात्रिमान
11h 38m
मध्याह्न
12:25

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
सिंह · अगले सूर्योदय तक
मिथुनसिंहतुलावृश्चिककुम्भमीन
मकर राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
मघा · 07:08 तक
भरणीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती
पूर्व फाल्गुनी · 06:05, 18 अप्रैल तक
अश्विनीकृत्तिकारोहिणीआर्द्रापुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद
उत्तर फाल्गुनी · अगले सूर्योदय तक
भरणीरोहिणीमृगशिरापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तचित्राविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
पूर्व
चंद्र वास
पूर्व
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 09:28 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
क्रीड़ा में · 09:28 तककैलाश पर
होमाहुति
शनि

पंचक रहित मुहूर्त

  • अग्नि पंचक06:14 –07:08
  • शुभ मुहूर्त07:08 –07:58
  • राज पंचक07:58 –09:28
  • शुभ मुहूर्त09:28 –10:02
  • चोर पंचक10:02 –12:13
  • शुभ मुहूर्त12:13 –14:20
  • रोग पंचक14:20 –16:20
  • शुभ मुहूर्त16:20 –18:19
  • मृत्यु पंचक18:19 –20:24
  • अग्नि पंचक20:24 –22:34
  • शुभ मुहूर्त22:34 –00:42, 18 अप्रैल
  • राज पंचक00:42 –02:37, 18 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त02:37 –04:22, 18 अप्रैल
  • चोर पंचक04:22 –06:04, 18 अप्रैल
  • राज पंचक06:04 –06:05, 18 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त06:05 –06:13, 18 अप्रैल

उदय लग्न

  • मेष06:08 –07:58
  • वृषभ07:58 –10:02
  • मिथुन10:02 –12:13
  • कर्क12:13 –14:20
  • सिंह14:20 –16:20
  • कन्या16:20 –18:19
  • तुला18:19 –20:24
  • वृश्चिक20:24 –22:34
  • धनु22:34 –00:42, 18 अप्रैल
  • मकर00:42 –02:37, 18 अप्रैल
  • कुम्भ02:37 –04:22, 18 अप्रैल
  • मीन04:22 –06:04, 18 अप्रैल
  • मेष06:04 –07:54, 18 अप्रैल

पंचांग · कोच्चि, 17 अप्रैल 2027

शनिवार, 17 अप्रैल 2027 को कोच्चि में सूर्योदय 06:14 और सूर्यास्त 18:35 पर है। तिथि शुक्ल एकादशी 09:28 तक, फिर शुक्ल द्वादशी; नक्षत्र मघा 07:08 तक, फिर पूर्व फाल्गुनी; योग वृद्धि 18 अप्रैल 00:23 तक, फिर ध्रुव; करण विष्टि 09:28 तक, फिर बव। चंद्रमा सिंह राशि में, सूर्य मेष राशि में। राहुकाल 09:19–10:52, अभिजित मुहूर्त 12:00–12:49। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2084, शक संवत 1949।

इस दिन के बारे में प्रश्न

कोच्चि में 17 अप्रैल 2027 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल एकादशी 09:28 तक, फिर शुक्ल द्वादशी (सूर्योदय 06:14, कोच्चि)।

17 अप्रैल 2027 को कौन सा नक्षत्र है?

मघा 07:08 तक, फिर पूर्व फाल्गुनी। चंद्रमा सिंह राशि में 18 अप्रैल 11:51 तक।

कोच्चि में 17 अप्रैल 2027 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 09:19–10:52, यमगण्ड 13:57–15:30, गुलिक काल 06:14–07:47।

कोच्चि में 17 अप्रैल 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:14, सूर्यास्त 18:35, चंद्रोदय 15:32 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

17 अप्रैल 2027 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 12:00–12:49, ब्रह्म मुहूर्त 04:41–05:27। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

17 अप्रैल 2027 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

कामदा एकादशी।

कोच्चि हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2027आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2027मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2383° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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