पंचांग · गुरुवार, 31 जुलाई 2031कानपुर

श्रावण · शुक्ल द्वादशी · विक्रम संवत 2088गुरु प्रदोष

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
05:33सूर्योदय18:57सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल द्वादशी
शुक्ल · 18:23 तक
नक्षत्र
ज्येष्ठा
05:41 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
05:3318:57
गुरुवार · गुरु
राहु काल
13:55 –15:36
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
05:33दिन18:57
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
यमगंड
गुलिक काल
राहु काल
गंड मूल
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
गंड मूल
08:0010:0012:0014:0016:0018:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:57रात05:34
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
गोधूलि मुहूर्त
अमृत काल
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
गंड मूल
वर्ज्य
21:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

लोड हो रहा है… · हर मिनट अपडेट

पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल द्वादशी
    18:23 तक
  2. शुक्ल त्रयोदशी
    14:50, 1 अग॰ तक
नक्षत्र
  1. ज्येष्ठास्वामी बुध
    05:41 तक
  2. मूलस्वामी केतु
    03:10, 1 अग॰ तक
  3. पूर्वाषाढ़ास्वामी शुक्र
    00:20, 2 अग॰ तक
योग
  1. इन्द्र
    10:45 तक
  2. वैधृति
    06:52, 1 अग॰ तक
करण
  1. बव
    08:01 तक
  2. बालव
    18:23 तक
  3. कौलव
    04:39, 1 अग॰ तक
  4. तैतिल
    14:50, 1 अग॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
05:33
बिंब मध्य 05:37
सूर्यास्त
18:57
बिंब मध्य 18:52
चंद्रोदय
16:20
चंद्रास्त
02:17
दिनमान
13h 24m
वार
गुरुवार · गुरु
चंद्र राशि
वृश्चिक
05:41 तक
सूर्य राशि
कर्क

चांद्र पंचांग

अमांत मास
श्रावण
पूर्णिमांत मास
श्रावण
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
वर्षा
विक्रम संवत
2088
शक संवत
1953

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:08 –04:51
  • प्रातः संध्या04:30 –05:33
  • अभिजित मुहूर्त11:48 –12:42
  • विजय मुहूर्त14:29 –15:22
  • गोधूलि मुहूर्त18:57 –19:18
  • सायाह्न संध्या18:57 –20:00
  • निशीथ मुहूर्त23:54 –00:36, 1 अग॰
  • अमृत काल21:26 –22:52
इन समयों से बचें
  • राहु काल13:55 –15:36
  • यमगंड05:33 –07:14
  • गुलिक काल08:54 –10:35
  • दुर्मुहूर्त10:01 –10:55
  • दुर्मुहूर्त15:22 –16:16
  • वर्ज्य01:44 –03:10, 1 अग॰
  • गंड मूल05:33 –05:41
  • गंड मूल05:41 –03:10, 1 अग॰

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • शुभशुभ05:33 – 07:14
  • रोगअनिष्ट07:14 – 08:54
  • उद्वेगअशुभ08:54 – 10:35
  • चरसम10:35 – 12:15
  • लाभलाभ12:15 – 13:55
  • अमृतश्रेष्ठ13:55 – 15:36
  • कालहानि15:36 – 17:16
  • शुभशुभ17:16 – 18:57
रात
  • अमृतश्रेष्ठ18:57 – 20:16
  • चरसम20:16 – 21:36
  • रोगअनिष्ट21:36 – 22:56
  • कालहानि22:56 – 00:15
  • लाभलाभ00:15 – 01:35
  • उद्वेगअशुभ01:35 – 02:54
  • शुभशुभ02:54 – 04:14
  • अमृतश्रेष्ठ04:14 – 05:34

होरा

दिन
ग्रहसमय
गुरु05:33–06:40
मंगल06:40–07:47
सूर्य07:47–08:54
शुक्र08:54–10:01
बुध10:01–11:08
चन्द्र11:08–12:15
शनि12:15–13:22
गुरु13:22–14:29
मंगल14:29–15:36
सूर्य15:36–16:43
शुक्र16:43–17:50
बुध17:50–18:57
रात
ग्रहसमय
चन्द्र18:57–19:50
शनि19:50–20:43
गुरु20:43–21:36
मंगल21:36–22:29
सूर्य22:29–23:22
शुक्र23:22–00:15
बुध00:15–01:08
चन्द्र01:08–02:01
शनि02:01–02:54
गुरु02:54–03:48
मंगल03:48–04:41
सूर्य04:41–05:34

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • ज्येष्ठा 4 पद05:41 तक
  • मूल 1 पद11:05 तक
  • मूल 2 पद16:28 तक
  • मूल 3 पद21:50 तक
  • मूल 4 पद03:10, 1 अग॰ तक
  • पूर्वाषाढ़ा 1 पद08:29, 1 अग॰ तक
सूर्य नक्षत्र
पुष्य 4 पद
ऋतु (दृक्)
वर्षा
ऋतु (वैदिक)
वर्षा
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
दक्षिणायन
दिनमान
13h 24m
रात्रिमान
10h 37m
मध्याह्न
12:15

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
वृश्चिक · 05:41 तक
वृषभमिथुनकन्यावृश्चिकमकरकुम्भ
मेष राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
धनु · अगले सूर्योदय तक
मिथुनकर्कतुलाधनुकुम्भमीन
वृषभ राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
ज्येष्ठा · 05:41 तक
अश्विनीभरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यमघापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधामूलपूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद
मूल · 03:10, 1 अग॰ तक
भरणीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती
पूर्वाषाढ़ा · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीकृत्तिकारोहिणीआर्द्रापुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद

निवास और शूल

दिशा शूल
दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
दक्षिण
चंद्र वास
उत्तर · 05:41 तकपूर्व
अग्निवास
पाताल · 18:23 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
कैलाश पर · 18:23 तकनंदी पर
होमाहुति
शनि

पंचक रहित मुहूर्त

  • शुभ मुहूर्त05:33 –05:41
  • राज पंचक05:41 –06:53
  • शुभ मुहूर्त06:53 –09:08
  • चोर पंचक09:08 –11:22
  • शुभ मुहूर्त11:22 –13:40
  • रोग पंचक13:40 –15:57
  • शुभ मुहूर्त15:57 –18:02
  • मृत्यु पंचक18:02 –18:23
  • अग्नि पंचक18:23 –19:46
  • शुभ मुहूर्त19:46 –21:15
  • राज पंचक21:15 –22:43
  • अग्नि पंचक22:43 –00:20, 1 अग॰
  • शुभ मुहूर्त00:20 –02:17, 1 अग॰
  • राज पंचक02:17 –03:10, 1 अग॰
  • शुभ मुहूर्त03:10 –04:31, 1 अग॰
  • चोर पंचक04:31 –05:34, 1 अग॰

उदय लग्न

  • कर्क04:35 –06:53
  • सिंह06:53 –09:08
  • कन्या09:08 –11:22
  • तुला11:22 –13:40
  • वृश्चिक13:40 –15:57
  • धनु15:57 –18:02
  • मकर18:02 –19:46
  • कुम्भ19:46 –21:15
  • मीन21:15 –22:43
  • मेष22:43 –00:20, 1 अग॰
  • वृषभ00:20 –02:17, 1 अग॰
  • मिथुन02:17 –04:31, 1 अग॰
  • कर्क04:31 –06:49, 1 अग॰

पंचांग · कानपुर, 31 जुलाई 2031

गुरुवार, 31 जुलाई 2031 को कानपुर में सूर्योदय 05:33 और सूर्यास्त 18:57 पर है। तिथि शुक्ल द्वादशी 18:23 तक, फिर शुक्ल त्रयोदशी; नक्षत्र ज्येष्ठा 05:41 तक, फिर मूल; योग इन्द्र 10:45 तक, फिर वैधृति; करण बव 08:01 तक, फिर बालव। चंद्रमा वृश्चिक राशि में, सूर्य कर्क राशि में। राहुकाल 13:55–15:36, अभिजित मुहूर्त 11:48–12:42। मास श्रावण (पूर्णिमांत) / श्रावण (अमांत), विक्रम संवत 2088, शक संवत 1953।

इस दिन के बारे में प्रश्न

कानपुर में 31 जुलाई 2031 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल द्वादशी 18:23 तक, फिर शुक्ल त्रयोदशी (सूर्योदय 05:33, कानपुर)।

31 जुलाई 2031 को कौन सा नक्षत्र है?

ज्येष्ठा 05:41 तक, फिर मूल। चंद्रमा वृश्चिक राशि में 05:41 तक।

कानपुर में 31 जुलाई 2031 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 13:55–15:36, यमगण्ड 05:33–07:14, गुलिक काल 08:54–10:35।

कानपुर में 31 जुलाई 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 05:33, सूर्यास्त 18:57, चंद्रोदय 16:20 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

31 जुलाई 2031 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:48–12:42, ब्रह्म मुहूर्त 04:08–04:51। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

31 जुलाई 2031 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

गुरु प्रदोष।

कानपुर हिन्दू कैलेंडर जुलाई 2031आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2031मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2982° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

आपका डिफ़ॉल्ट स्थान आपके IP पते से अनुमानित है: IP Geolocation by DB-IP