पंचांग · गुरुवार, 18 अप्रैल 2030जम्मू
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- पूर्णिमा08:50 तक
- कृष्ण प्रतिपदा05:12, 19 अप्रैल तक
- कृष्ण द्वितीया01:36, 20 अप्रैल तक
- चित्रास्वामी मंगल13:16 तक
- स्वातीस्वामी राहु10:26, 19 अप्रैल तक
- हर्षण07:13 तक
- वज्र03:07, 19 अप्रैल तक
- सिद्धि23:00, 19 अप्रैल तक
- बव08:50 तक
- बालव19:01 तक
- कौलव05:12, 19 अप्रैल तक
- तैतिल15:23, 19 अप्रैल तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:58बिंब मध्य 06:01
- सूर्यास्त
- 19:03बिंब मध्य 18:58
- चंद्रोदय
- 19:33
- चंद्रास्त
- 05:39
- दिनमान
- 13h 5m
- वार
- गुरुवार · गुरु
- चंद्र राशि
- तुला02:21, 20 अप्रैल तक
- सूर्य राशि
- मेष
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- चैत्र
- पूर्णिमांत मास
- चैत्र
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- वसंत
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:30 –05:14
- प्रातः संध्या04:52 –05:58
- अभिजित मुहूर्त12:04 –12:56
- विजय मुहूर्त14:41 –15:33
- गोधूलि मुहूर्त19:03 –19:24
- सायाह्न संध्या19:03 –20:08
- निशीथ मुहूर्त00:08 –00:51, 19 अप्रैल
- अमृत काल07:36 –09:01
- अमृत काल02:41 –04:05, 19 अप्रैल
- राहु काल14:08 –15:46
- यमगंड05:58 –07:36
- गुलिक काल09:14 –10:52
- दुर्मुहूर्त10:19 –11:12
- दुर्मुहूर्त15:33 –16:26
- वर्ज्य18:13 –19:37
चौघड़िया
- शुभशुभ05:58 – 07:36
- रोगअनिष्ट07:36 – 09:14
- उद्वेगअशुभ09:14 – 10:52
- चरसम10:52 – 12:30
- लाभलाभ12:30 – 14:08
- अमृतश्रेष्ठ14:08 – 15:46
- कालहानि15:46 – 17:24
- शुभशुभ17:24 – 19:03
- अमृतश्रेष्ठ19:03 – 20:24
- चरसम20:24 – 21:46
- रोगअनिष्ट21:46 – 23:08
- कालहानि23:08 – 00:30
- लाभलाभ00:30 – 01:51
- उद्वेगअशुभ01:51 – 03:13
- शुभशुभ03:13 – 04:35
- अमृतश्रेष्ठ04:35 – 05:57
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 05:58–07:03 |
| मंगल | 07:03–08:09 |
| सूर्य | 08:09–09:14 |
| शुक्र | 09:14–10:19 |
| बुध | 10:19–11:25 |
| चन्द्र | 11:25–12:30 |
| शनि | 12:30–13:36 |
| गुरु | 13:36–14:41 |
| मंगल | 14:41–15:46 |
| सूर्य | 15:46–16:52 |
| शुक्र | 16:52–17:57 |
| बुध | 17:57–19:03 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| चन्द्र | 19:03–19:57 |
| शनि | 19:57–20:52 |
| गुरु | 20:52–21:46 |
| मंगल | 21:46–22:41 |
| सूर्य | 22:41–23:35 |
| शुक्र | 23:35–00:30 |
| बुध | 00:30–01:24 |
| चन्द्र | 01:24–02:19 |
| शनि | 02:19–03:13 |
| गुरु | 03:13–04:08 |
| मंगल | 04:08–05:02 |
| सूर्य | 05:02–05:57 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- चित्रा 3 पद07:58 तक
- चित्रा 4 पद13:16 तक
- स्वाती 1 पद18:34 तक
- स्वाती 2 पद23:51 तक
- स्वाती 3 पद05:09, 19 अप्रैल तक
- स्वाती 4 पद10:26, 19 अप्रैल तक
- सूर्य नक्षत्र
- अश्विनी 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- वसंत
- ऋतु (वैदिक)
- वसंत
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 13h 5m
- रात्रिमान
- 10h 54m
- मध्याह्न
- 12:30
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- दक्षिण
- चंद्र वास
- पश्चिम
- अग्निवास
- आकाश · 08:50 तकपाताल · 05:12, 19 अप्रैल तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- श्मशान में · 08:50 तकगौरी के साथ · 05:12, 19 अप्रैल तकसभा में
- होमाहुति
- चन्द्र
पंचक रहित मुहूर्त
- रोग पंचक05:58 –07:22
- शुभ मुहूर्त07:22 –08:50
- मृत्यु पंचक08:50 –09:16
- अग्नि पंचक09:16 –11:31
- शुभ मुहूर्त11:31 –13:16
- राज पंचक13:16 –13:55
- शुभ मुहूर्त13:55 –16:17
- चोर पंचक16:17 –18:38
- शुभ मुहूर्त18:38 –21:01
- रोग पंचक21:01 –23:22
- शुभ मुहूर्त23:22 –01:25, 19 अप्रैल
- मृत्यु पंचक01:25 –03:04, 19 अप्रैल
- अग्नि पंचक03:04 –04:27, 19 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त04:27 –05:12, 19 अप्रैल
- राज पंचक05:12 –05:47, 19 अप्रैल
- अग्नि पंचक05:47 –05:57, 19 अप्रैल
उदय लग्न
- मेष05:51 –07:22
- वृषभ07:22 –09:16
- मिथुन09:16 –11:31
- कर्क11:31 –13:55
- सिंह13:55 –16:17
- कन्या16:17 –18:38
- तुला18:38 –21:01
- वृश्चिक21:01 –23:22
- धनु23:22 –01:25, 19 अप्रैल
- मकर01:25 –03:04, 19 अप्रैल
- कुम्भ03:04 –04:27, 19 अप्रैल
- मीन04:27 –05:47, 19 अप्रैल
- मेष05:47 –07:18, 19 अप्रैल
पंचांग · जम्मू, 18 अप्रैल 2030
गुरुवार, 18 अप्रैल 2030 को जम्मू में सूर्योदय 05:58 और सूर्यास्त 19:03 पर है। तिथि पूर्णिमा 08:50 तक, फिर कृष्ण प्रतिपदा; नक्षत्र चित्रा 13:16 तक, फिर स्वाती; योग हर्षण 07:13 तक, फिर वज्र; करण बव 08:50 तक, फिर बालव। चंद्रमा तुला राशि में, सूर्य मेष राशि में। राहुकाल 14:08–15:46, अभिजित मुहूर्त 12:04–12:56। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
जम्मू में 18 अप्रैल 2030 को कौन सी तिथि है?
पूर्णिमा 08:50 तक, फिर कृष्ण प्रतिपदा (सूर्योदय 05:58, जम्मू)।
18 अप्रैल 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
चित्रा 13:16 तक, फिर स्वाती। चंद्रमा तुला राशि में 20 अप्रैल 02:21 तक।
जम्मू में 18 अप्रैल 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 14:08–15:46, यमगण्ड 05:58–07:36, गुलिक काल 09:14–10:52।
जम्मू में 18 अप्रैल 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:58, सूर्यास्त 19:03, चंद्रोदय 19:33 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
18 अप्रैल 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 12:04–12:56, ब्रह्म मुहूर्त 04:30–05:14। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
18 अप्रैल 2030 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
हनुमान जयंती, पूर्णिमा।
जम्मू हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2803° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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