पंचांग · शनिवार, 2 अक्टूबर 2027जम्मू
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल तृतीया02:09, 3 अक्टू॰ तक
- शुक्ल चतुर्थी01:28, 4 अक्टू॰ तक
- स्वातीस्वामी राहु00:03, 3 अक्टू॰ तक
- विशाखास्वामी गुरु23:59, 3 अक्टू॰ तक
- वैधृति15:41 तक
- विष्कुम्भ13:44, 3 अक्टू॰ तक
- तैतिल14:46 तक
- गर02:09, 3 अक्टू॰ तक
- वणिज13:42, 3 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:25बिंब मध्य 06:28
- सूर्यास्त
- 18:15बिंब मध्य 18:10
- चंद्रोदय
- 08:42
- चंद्रास्त
- 19:21
- दिनमान
- 11h 50m
- वार
- शनिवार · शनि
- चंद्र राशि
- तुला17:56, 3 अक्टू॰ तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2084
- शक संवत
- 1949
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:48 –05:36
- प्रातः संध्या05:12 –06:25
- अभिजित मुहूर्त11:56 –12:43
- विजय मुहूर्त14:18 –15:05
- गोधूलि मुहूर्त18:15 –18:39
- सायाह्न संध्या18:15 –19:28
- निशीथ मुहूर्त23:56 –00:45, 3 अक्टू॰
- अमृत काल15:32 –17:05
- राहु काल09:22 –10:51
- यमगंड13:49 –15:17
- गुलिक काल06:25 –07:54
- दुर्मुहूर्त06:25 –07:12
- दुर्मुहूर्त07:12 –08:00
- वर्ज्य06:14 –07:47
- वर्ज्य05:38 –07:14, 3 अक्टू॰
चौघड़िया
- कालहानि06:25 – 07:54
- शुभशुभ07:54 – 09:22
- रोगअनिष्ट09:22 – 10:51
- उद्वेगअशुभ10:51 – 12:20
- चरसम12:20 – 13:49
- लाभलाभ13:49 – 15:17
- अमृतश्रेष्ठ15:17 – 16:46
- कालहानि16:46 – 18:15
- लाभलाभ18:15 – 19:46
- उद्वेगअशुभ19:46 – 21:17
- शुभशुभ21:17 – 22:49
- अमृतश्रेष्ठ22:49 – 00:20
- चरसम00:20 – 01:52
- रोगअनिष्ट01:52 – 03:23
- कालहानि03:23 – 04:54
- लाभलाभ04:54 – 06:26
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 06:25–07:24 |
| गुरु | 07:24–08:23 |
| मंगल | 08:23–09:22 |
| सूर्य | 09:22–10:22 |
| शुक्र | 10:22–11:21 |
| बुध | 11:21–12:20 |
| चन्द्र | 12:20–13:19 |
| शनि | 13:19–14:18 |
| गुरु | 14:18–15:17 |
| मंगल | 15:17–16:16 |
| सूर्य | 16:16–17:16 |
| शुक्र | 17:16–18:15 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 18:15–19:16 |
| चन्द्र | 19:16–20:16 |
| शनि | 20:16–21:17 |
| गुरु | 21:17–22:18 |
| मंगल | 22:18–23:19 |
| सूर्य | 23:19–00:20 |
| शुक्र | 00:20–01:21 |
| बुध | 01:21–02:22 |
| चन्द्र | 02:22–03:23 |
| शनि | 03:23–04:24 |
| गुरु | 04:24–05:25 |
| मंगल | 05:25–06:26 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- स्वाती 1 पद06:34 तक
- स्वाती 2 पद12:21 तक
- स्वाती 3 पद18:10 तक
- स्वाती 4 पद00:03, 3 अक्टू॰ तक
- विशाखा 1 पद05:58, 3 अक्टू॰ तक
- विशाखा 2 पद11:55, 3 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- हस्त 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 50m
- रात्रिमान
- 12h 11m
- मध्याह्न
- 12:20
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पूर्व
- चंद्र वास
- पश्चिम
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 02:09, 3 अक्टू॰ तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- सभा में · 02:09, 3 अक्टू॰ तकक्रीड़ा में
- होमाहुति
- सूर्य
पंचक रहित मुहूर्त
- राज पंचक06:25 –07:42
- शुभ मुहूर्त07:42 –10:06
- चोर पंचक10:06 –12:26
- शुभ मुहूर्त12:26 –14:29
- रोग पंचक14:29 –16:08
- शुभ मुहूर्त16:08 –17:31
- मृत्यु पंचक17:31 –18:51
- रोग पंचक18:51 –20:23
- शुभ मुहूर्त20:23 –22:16
- मृत्यु पंचक22:16 –00:03, 3 अक्टू॰
- अग्नि पंचक00:03 –00:32, 3 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त00:32 –02:09, 3 अक्टू॰
- राज पंचक02:09 –02:55, 3 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त02:55 –05:17, 3 अक्टू॰
- चोर पंचक05:17 –06:26, 3 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या05:21 –07:42
- तुला07:42 –10:06
- वृश्चिक10:06 –12:26
- धनु12:26 –14:29
- मकर14:29 –16:08
- कुम्भ16:08 –17:31
- मीन17:31 –18:51
- मेष18:51 –20:23
- वृषभ20:23 –22:16
- मिथुन22:16 –00:32, 3 अक्टू॰
- कर्क00:32 –02:55, 3 अक्टू॰
- सिंह02:55 –05:17, 3 अक्टू॰
- कन्या05:17 –07:38, 3 अक्टू॰
पंचांग · जम्मू, 2 अक्टूबर 2027
शनिवार, 2 अक्टूबर 2027 को जम्मू में सूर्योदय 06:25 और सूर्यास्त 18:15 पर है। तिथि शुक्ल तृतीया 3 अक्टूबर 02:09 तक, फिर शुक्ल चतुर्थी; नक्षत्र स्वाती 3 अक्टूबर 00:03 तक, फिर विशाखा; योग वैधृति 15:41 तक, फिर विष्कुम्भ; करण तैतिल 14:46 तक, फिर गर। चंद्रमा तुला राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 09:22–10:51, अभिजित मुहूर्त 11:56–12:43। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2084, शक संवत 1949।
इस दिन के बारे में प्रश्न
जम्मू में 2 अक्टूबर 2027 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल तृतीया 3 अक्टूबर 02:09 तक, फिर शुक्ल चतुर्थी (सूर्योदय 06:25, जम्मू)।
2 अक्टूबर 2027 को कौन सा नक्षत्र है?
स्वाती 3 अक्टूबर 00:03 तक, फिर विशाखा। चंद्रमा तुला राशि में 3 अक्टूबर 17:56 तक।
जम्मू में 2 अक्टूबर 2027 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 09:22–10:51, यमगण्ड 13:49–15:17, गुलिक काल 06:25–07:54।
जम्मू में 2 अक्टूबर 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:25, सूर्यास्त 18:15, चंद्रोदय 08:42 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
2 अक्टूबर 2027 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:56–12:43, ब्रह्म मुहूर्त 04:48–05:36। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
जम्मू हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2027आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2027मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2447° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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