पंचांग · सोमवार, 21 जनवरी 2030जयपुर
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण द्वितीया20:32 तक
- कृष्ण तृतीया19:28, 22 जन॰ तक
- अश्लेषास्वामी बुध18:09 तक
- मघास्वामी केतु17:45, 22 जन॰ तक
- आयुष्मान्22:44 तक
- सौभाग्य20:38, 22 जन॰ तक
- तैतिल08:56 तक
- गर20:32 तक
- वणिज08:03, 22 जन॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 07:16बिंब मध्य 07:20
- सूर्यास्त
- 18:00बिंब मध्य 17:55
- चंद्रोदय
- 19:48
- चंद्रास्त
- 08:06
- दिनमान
- 10h 44m
- वार
- सोमवार · चन्द्र
- चंद्र राशि
- कर्क18:09 तक
- सूर्य राशि
- मकर
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- पौष
- पूर्णिमांत मास
- माघ
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- हेमंत
- विक्रम संवत
- 2086
- शक संवत
- 1951
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त05:30 –06:23
- प्रातः संध्या05:57 –07:16
- अभिजित मुहूर्त12:17 –13:00
- विजय मुहूर्त14:25 –15:08
- गोधूलि मुहूर्त18:00 –18:27
- सायाह्न संध्या18:00 –19:20
- निशीथ मुहूर्त00:12 –01:05, 22 जन॰
- अमृत काल16:33 –18:09
- राहु काल08:37 –09:57
- यमगंड11:18 –12:38
- गुलिक काल13:59 –15:19
- दुर्मुहूर्त13:00 –13:43
- दुर्मुहूर्त15:08 –15:51
- वर्ज्य06:57 –08:33
- वर्ज्य05:57 –07:32, 22 जन॰
- गंड मूल07:16 –18:09
- गंड मूल18:09 –07:16, 22 जन॰
चौघड़िया
- अमृतश्रेष्ठ07:16 – 08:37
- कालहानि08:37 – 09:57
- शुभशुभ09:57 – 11:18
- रोगअनिष्ट11:18 – 12:38
- उद्वेगअशुभ12:38 – 13:59
- चरसम13:59 – 15:19
- लाभलाभ15:19 – 16:40
- अमृतश्रेष्ठ16:40 – 18:00
- चरसम18:00 – 19:40
- रोगअनिष्ट19:40 – 21:19
- कालहानि21:19 – 22:59
- लाभलाभ22:59 – 00:38
- उद्वेगअशुभ00:38 – 02:18
- शुभशुभ02:18 – 03:57
- अमृतश्रेष्ठ03:57 – 05:37
- चरसम05:37 – 07:16
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| चन्द्र | 07:16–08:10 |
| शनि | 08:10–09:04 |
| गुरु | 09:04–09:57 |
| मंगल | 09:57–10:51 |
| सूर्य | 10:51–11:45 |
| शुक्र | 11:45–12:38 |
| बुध | 12:38–13:32 |
| चन्द्र | 13:32–14:25 |
| शनि | 14:25–15:19 |
| गुरु | 15:19–16:13 |
| मंगल | 16:13–17:06 |
| सूर्य | 17:06–18:00 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शुक्र | 18:00–19:06 |
| बुध | 19:06–20:13 |
| चन्द्र | 20:13–21:19 |
| शनि | 21:19–22:25 |
| गुरु | 22:25–23:32 |
| मंगल | 23:32–00:38 |
| सूर्य | 00:38–01:44 |
| शुक्र | 01:44–02:51 |
| बुध | 02:51–03:57 |
| चन्द्र | 03:57–05:03 |
| शनि | 05:03–06:10 |
| गुरु | 06:10–07:16 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- अश्लेषा 3 पद12:12 तक
- अश्लेषा 4 पद18:09 तक
- मघा 1 पद00:05, 22 जन॰ तक
- मघा 2 पद06:00, 22 जन॰ तक
- मघा 3 पद11:53, 22 जन॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- उत्तराषाढ़ा 4 पद
- ऋतु (दृक्)
- शिशिर
- ऋतु (वैदिक)
- हेमंत
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 10h 44m
- रात्रिमान
- 13h 16m
- मध्याह्न
- 12:38
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- वायव्य (उत्तर-पश्चिम)
- चंद्र वास
- उत्तर · 18:09 तकपूर्व
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 20:32 तकआकाश
- शिववास
- सभा में · 20:32 तकक्रीड़ा में
- होमाहुति
- मंगल
पंचक रहित मुहूर्त
- अग्नि पंचक07:16 –08:38
- शुभ मुहूर्त08:38 –10:08
- राज पंचक10:08 –11:34
- अग्नि पंचक11:34 –13:11
- शुभ मुहूर्त13:11 –15:08
- राज पंचक15:08 –17:22
- शुभ मुहूर्त17:22 –18:09
- चोर पंचक18:09 –19:41
- शुभ मुहूर्त19:41 –20:32
- रोग पंचक20:32 –21:56
- शुभ मुहूर्त21:56 –00:11, 22 जन॰
- मृत्यु पंचक00:11 –02:29, 22 जन॰
- अग्नि पंचक02:29 –04:47, 22 जन॰
- शुभ मुहूर्त04:47 –06:51, 22 जन॰
- राज पंचक06:51 –07:16, 22 जन॰
उदय लग्न
- मकर06:55 –08:38
- कुम्भ08:38 –10:08
- मीन10:08 –11:34
- मेष11:34 –13:11
- वृषभ13:11 –15:08
- मिथुन15:08 –17:22
- कर्क17:22 –19:41
- सिंह19:41 –21:56
- कन्या21:56 –00:11, 22 जन॰
- तुला00:11 –02:29, 22 जन॰
- वृश्चिक02:29 –04:47, 22 जन॰
- धनु04:47 –06:51, 22 जन॰
- मकर06:51 –08:34, 22 जन॰
पंचांग · जयपुर, 21 जनवरी 2030
सोमवार, 21 जनवरी 2030 को जयपुर में सूर्योदय 07:16 और सूर्यास्त 18:00 पर है। तिथि कृष्ण द्वितीया 20:32 तक, फिर कृष्ण तृतीया; नक्षत्र अश्लेषा 18:09 तक, फिर मघा; योग आयुष्मान् 22:44 तक, फिर सौभाग्य; करण तैतिल 08:56 तक, फिर गर। चंद्रमा कर्क राशि में, सूर्य मकर राशि में। राहुकाल 08:37–09:57, अभिजित मुहूर्त 12:17–13:00। मास माघ (पूर्णिमांत) / पौष (अमांत), विक्रम संवत 2086, शक संवत 1951।
इस दिन के बारे में प्रश्न
जयपुर में 21 जनवरी 2030 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण द्वितीया 20:32 तक, फिर कृष्ण तृतीया (सूर्योदय 07:16, जयपुर)।
21 जनवरी 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
अश्लेषा 18:09 तक, फिर मघा। चंद्रमा कर्क राशि में 18:09 तक।
जयपुर में 21 जनवरी 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 08:37–09:57, यमगण्ड 11:18–12:38, गुलिक काल 13:59–15:19।
जयपुर में 21 जनवरी 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 07:16, सूर्यास्त 18:00, चंद्रोदय 19:48 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
21 जनवरी 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 12:17–13:00, ब्रह्म मुहूर्त 05:30–06:23। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
जयपुर हिन्दू कैलेंडर जनवरी 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2770° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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