पंचांग · सोमवार, 1 अप्रैल 2030भुवनेश्वर

फाल्गुन · कृष्ण चतुर्दशी · विक्रम संवत 2086

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
05:40सूर्योदय18:01सूर्यास्त
तिथि
कृष्ण चतुर्दशी
कृष्ण · 02:11, 2 अप्रैल तक
नक्षत्र
पूर्वभाद्रपद
21:16 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
05:4018:01
सोमवार · चन्द्र
राहु काल
07:13 –08:46
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
05:40दिन18:01
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
अमृत काल
भद्रा
दुर्मुहूर्त
राहु काल
यमगंड
दुर्मुहूर्त
गुलिक काल
08:0010:0012:0014:0016:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:01रात05:40
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
19:0021:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

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पाँच अंग

तिथि
  1. कृष्ण चतुर्दशी
    02:11, 2 अप्रैल तक
  2. अमावस्या
    03:32, 3 अप्रैल तक
नक्षत्र
  1. पूर्वभाद्रपदस्वामी गुरु
    21:16 तक
  2. उत्तरभाद्रपदस्वामी शनि
    23:07, 2 अप्रैल तक
योग
  1. शुक्ल
    19:27 तक
  2. ब्रह्मा
    19:21, 2 अप्रैल तक
करण
  1. विष्टि
    13:40 तक
  2. शकुनि
    02:11, 2 अप्रैल तक
  3. चतुष्पाद
    14:48, 2 अप्रैल तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
05:40
बिंब मध्य 05:44
सूर्यास्त
18:01
बिंब मध्य 17:57
चंद्रोदय
04:20
चंद्रास्त
16:45
दिनमान
12h 21m
वार
सोमवार · चन्द्र
चंद्र राशि
कुम्भ
14:52 तक
सूर्य राशि
मीन

चांद्र पंचांग

अमांत मास
फाल्गुन
पूर्णिमांत मास
चैत्र
पक्ष
कृष्ण
ऋतु
शिशिर
विक्रम संवत
2086
शक संवत
1951

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:07 –04:54
  • प्रातः संध्या04:30 –05:40
  • अभिजित मुहूर्त11:26 –12:15
  • विजय मुहूर्त13:54 –14:44
  • गोधूलि मुहूर्त18:01 –18:24
  • सायाह्न संध्या18:01 –19:11
  • निशीथ मुहूर्त23:27 –00:14, 2 अप्रैल
  • अमृत काल12:47 –14:29
इन समयों से बचें
  • राहु काल07:13 –08:46
  • यमगंड10:18 –11:51
  • गुलिक काल13:23 –14:56
  • दुर्मुहूर्त12:15 –13:05
  • दुर्मुहूर्त14:44 –15:33
  • भद्रा05:40 –13:40

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • अमृतश्रेष्ठ05:40 – 07:13
  • कालहानि07:13 – 08:46
  • शुभशुभ08:46 – 10:18
  • रोगअनिष्ट10:18 – 11:51
  • उद्वेगअशुभ11:51 – 13:23
  • चरसम13:23 – 14:56
  • लाभलाभ14:56 – 16:28
  • अमृतश्रेष्ठ16:28 – 18:01
रात
  • चरसम18:01 – 19:28
  • रोगअनिष्ट19:28 – 20:56
  • कालहानि20:56 – 22:23
  • लाभलाभ22:23 – 23:50
  • उद्वेगअशुभ23:50 – 01:18
  • शुभशुभ01:18 – 02:45
  • अमृतश्रेष्ठ02:45 – 04:12
  • चरसम04:12 – 05:40

होरा

दिन
ग्रहसमय
चन्द्र05:40–06:42
शनि06:42–07:44
गुरु07:44–08:46
मंगल08:46–09:47
सूर्य09:47–10:49
शुक्र10:49–11:51
बुध11:51–12:52
चन्द्र12:52–13:54
शनि13:54–14:56
गुरु14:56–15:58
मंगल15:58–16:59
सूर्य16:59–18:01
रात
ग्रहसमय
शुक्र18:01–18:59
बुध18:59–19:57
चन्द्र19:57–20:56
शनि20:56–21:54
गुरु21:54–22:52
मंगल22:52–23:50
सूर्य23:50–00:49
शुक्र00:49–01:47
बुध01:47–02:45
चन्द्र02:45–03:43
शनि03:43–04:41
गुरु04:41–05:40

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • पूर्वभाद्रपद 2 पद08:29 तक
  • पूर्वभाद्रपद 3 पद14:52 तक
  • पूर्वभाद्रपद 4 पद21:16 तक
  • उत्तरभाद्रपद 1 पद03:41, 2 अप्रैल तक
  • उत्तरभाद्रपद 2 पद10:08, 2 अप्रैल तक
सूर्य नक्षत्र
रेवती 1 पद
ऋतु (दृक्)
वसंत
ऋतु (वैदिक)
शिशिर
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
12h 21m
रात्रिमान
11h 39m
मध्याह्न
11:51

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
कुम्भ · 14:52 तक
मेषवृषभसिंहकन्याधनुकुम्भ
कर्क राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
मीन · अगले सूर्योदय तक
वृषभमिथुनकन्यातुलामकरमीन
सिंह राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
पूर्वभाद्रपद · 21:16 तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती
उत्तरभाद्रपद · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषामघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
वायव्य (उत्तर-पश्चिम)
चंद्र वास
पश्चिम · 14:52 तकउत्तर
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 02:11, 2 अप्रैल तकआकाश
शिववास
श्मशान में · 02:11, 2 अप्रैल तकगौरी के साथ
होमाहुति
केतु

पंचक रहित मुहूर्त

  • शुभ मुहूर्त05:40 –08:07
  • राज पंचक08:07 –10:06
  • शुभ मुहूर्त10:06 –12:19
  • चोर पंचक12:19 –14:33
  • शुभ मुहूर्त14:33 –16:42
  • रोग पंचक16:42 –18:50
  • शुभ मुहूर्त18:50 –21:03
  • मृत्यु पंचक21:03 –21:16
  • अग्नि पंचक21:16 –23:17
  • शुभ मुहूर्त23:17 –01:23, 2 अप्रैल
  • राज पंचक01:23 –02:11, 2 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त02:11 –03:12, 2 अप्रैल
  • चोर पंचक03:12 –04:47, 2 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त04:47 –05:40, 2 अप्रैल

उदय लग्न

  • मीन04:51 –06:24
  • मेष06:24 –08:07
  • वृषभ08:07 –10:06
  • मिथुन10:06 –12:19
  • कर्क12:19 –14:33
  • सिंह14:33 –16:42
  • कन्या16:42 –18:50
  • तुला18:50 –21:03
  • वृश्चिक21:03 –23:17
  • धनु23:17 –01:23, 2 अप्रैल
  • मकर01:23 –03:12, 2 अप्रैल
  • कुम्भ03:12 –04:47, 2 अप्रैल
  • मीन04:47 –06:20, 2 अप्रैल

पंचांग · भुवनेश्वर, 1 अप्रैल 2030

सोमवार, 1 अप्रैल 2030 को भुवनेश्वर में सूर्योदय 05:40 और सूर्यास्त 18:01 पर है। तिथि कृष्ण चतुर्दशी 2 अप्रैल 02:11 तक, फिर अमावस्या; नक्षत्र पूर्वभाद्रपद 21:16 तक, फिर उत्तरभाद्रपद; योग शुक्ल 19:27 तक, फिर ब्रह्मा; करण विष्टि 13:40 तक, फिर शकुनि। चंद्रमा कुम्भ राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 07:13–08:46, अभिजित मुहूर्त 11:26–12:15। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / फाल्गुन (अमांत), विक्रम संवत 2086, शक संवत 1951।

इस दिन के बारे में प्रश्न

भुवनेश्वर में 1 अप्रैल 2030 को कौन सी तिथि है?

कृष्ण चतुर्दशी 2 अप्रैल 02:11 तक, फिर अमावस्या (सूर्योदय 05:40, भुवनेश्वर)।

1 अप्रैल 2030 को कौन सा नक्षत्र है?

पूर्वभाद्रपद 21:16 तक, फिर उत्तरभाद्रपद। चंद्रमा कुम्भ राशि में 14:52 तक।

भुवनेश्वर में 1 अप्रैल 2030 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 07:13–08:46, यमगण्ड 10:18–11:51, गुलिक काल 13:23–14:56।

भुवनेश्वर में 1 अप्रैल 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 05:40, सूर्यास्त 18:01, चंद्रोदय 04:20 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

1 अप्रैल 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:26–12:15, ब्रह्म मुहूर्त 04:07–04:54। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

भुवनेश्वर हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2796° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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