पंचांग · बुधवार, 4 दिसंबर 2030बेंगलुरु
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल दशमी17:18 तक
- शुक्ल एकादशी18:44, 5 दिस॰ तक
- उत्तरभाद्रपदस्वामी शनि14:35 तक
- रेवतीस्वामी बुध16:29, 5 दिस॰ तक
- सिद्धि12:17 तक
- व्यतीपात12:10, 5 दिस॰ तक
- गर17:18 तक
- वणिज05:57, 5 दिस॰ तक
- विष्टि18:44, 5 दिस॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:27बिंब मध्य 06:31
- सूर्यास्त
- 17:52बिंब मध्य 17:48
- चंद्रोदय
- 13:51
- चंद्रास्त
- 01:42
- दिनमान
- 11h 25m
- वार
- बुधवार · बुध
- चंद्र राशि
- मीन16:29, 5 दिस॰ तक
- सूर्य राशि
- वृश्चिक
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- मार्गशीर्ष
- पूर्णिमांत मास
- मार्गशीर्ष
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- हेमंत
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:47 –05:37
- प्रातः संध्या05:12 –06:27
- अभिजित मुहूर्त11:47 –12:33
- विजय मुहूर्त14:04 –14:49
- गोधूलि मुहूर्त17:52 –18:17
- सायाह्न संध्या17:52 –19:08
- निशीथ मुहूर्त23:45 –00:35, 5 दिस॰
- अमृत काल09:31 –11:13
- राहु काल12:10 –13:35
- यमगंड07:53 –09:19
- गुलिक काल10:44 –12:10
- दुर्मुहूर्त11:47 –12:33
- वर्ज्य03:32 –05:16, 5 दिस॰
- गंड मूल14:35 –06:28, 5 दिस॰
- भद्रा05:57 –06:28, 5 दिस॰
चौघड़िया
- लाभलाभ06:27 – 07:53
- अमृतश्रेष्ठ07:53 – 09:19
- कालहानि09:19 – 10:44
- शुभशुभ10:44 – 12:10
- रोगअनिष्ट12:10 – 13:35
- उद्वेगअशुभ13:35 – 15:01
- चरसम15:01 – 16:26
- लाभलाभ16:26 – 17:52
- उद्वेगअशुभ17:52 – 19:26
- शुभशुभ19:26 – 21:01
- अमृतश्रेष्ठ21:01 – 22:35
- चरसम22:35 – 00:10
- रोगअनिष्ट00:10 – 01:44
- कालहानि01:44 – 03:19
- लाभलाभ03:19 – 04:53
- उद्वेगअशुभ04:53 – 06:28
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 06:27–07:25 |
| चन्द्र | 07:25–08:22 |
| शनि | 08:22–09:19 |
| गुरु | 09:19–10:16 |
| मंगल | 10:16–11:13 |
| सूर्य | 11:13–12:10 |
| शुक्र | 12:10–13:07 |
| बुध | 13:07–14:04 |
| चन्द्र | 14:04–15:01 |
| शनि | 15:01–15:58 |
| गुरु | 15:58–16:55 |
| मंगल | 16:55–17:52 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 17:52–18:55 |
| शुक्र | 18:55–19:58 |
| बुध | 19:58–21:01 |
| चन्द्र | 21:01–22:04 |
| शनि | 22:04–23:07 |
| गुरु | 23:07–00:10 |
| मंगल | 00:10–01:13 |
| सूर्य | 01:13–02:16 |
| शुक्र | 02:16–03:19 |
| बुध | 03:19–04:22 |
| चन्द्र | 04:22–05:25 |
| शनि | 05:25–06:28 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- उत्तरभाद्रपद 3 पद08:12 तक
- उत्तरभाद्रपद 4 पद14:35 तक
- रेवती 1 पद21:01 तक
- रेवती 2 पद03:28, 5 दिस॰ तक
- रेवती 3 पद09:57, 5 दिस॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- ज्येष्ठा 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- हेमंत
- ऋतु (वैदिक)
- हेमंत
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 25m
- रात्रिमान
- 12h 36m
- मध्याह्न
- 12:10
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
- चंद्र वास
- उत्तर
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 17:18 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- सभा में · 17:18 तकक्रीड़ा में
- होमाहुति
- शुक्र
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त06:27 –07:25
- राज पंचक07:25 –09:32
- शुभ मुहूर्त09:32 –11:26
- चोर पंचक11:26 –13:08
- शुभ मुहूर्त13:08 –14:35
- रोग पंचक14:35 –14:47
- चोर पंचक14:47 –16:36
- शुभ मुहूर्त16:36 –17:18
- रोग पंचक17:18 –18:38
- शुभ मुहूर्त18:38 –20:49
- मृत्यु पंचक20:49 –22:59
- अग्नि पंचक22:59 –01:01, 5 दिस॰
- शुभ मुहूर्त01:01 –03:03, 5 दिस॰
- राज पंचक03:03 –05:10, 5 दिस॰
- शुभ मुहूर्त05:10 –06:28, 5 दिस॰
उदय लग्न
- वृश्चिक05:13 –07:25
- धनु07:25 –09:32
- मकर09:32 –11:26
- कुम्भ11:26 –13:08
- मीन13:08 –14:47
- मेष14:47 –16:36
- वृषभ16:36 –18:38
- मिथुन18:38 –20:49
- कर्क20:49 –22:59
- सिंह22:59 –01:01, 5 दिस॰
- कन्या01:01 –03:03, 5 दिस॰
- तुला03:03 –05:10, 5 दिस॰
- वृश्चिक05:10 –07:21, 5 दिस॰
पंचांग · बेंगलुरु, 4 दिसंबर 2030
बुधवार, 4 दिसंबर 2030 को बेंगलुरु में सूर्योदय 06:27 और सूर्यास्त 17:52 पर है। तिथि शुक्ल दशमी 17:18 तक, फिर शुक्ल एकादशी; नक्षत्र उत्तरभाद्रपद 14:35 तक, फिर रेवती; योग सिद्धि 12:17 तक, फिर व्यतीपात; करण गर 17:18 तक, फिर वणिज। चंद्रमा मीन राशि में, सूर्य वृश्चिक राशि में। राहुकाल 12:10–13:35, अभिजित मुहूर्त 11:47–12:33। मास मार्गशीर्ष (पूर्णिमांत) / मार्गशीर्ष (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
बेंगलुरु में 4 दिसंबर 2030 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल दशमी 17:18 तक, फिर शुक्ल एकादशी (सूर्योदय 06:27, बेंगलुरु)।
4 दिसंबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
उत्तरभाद्रपद 14:35 तक, फिर रेवती। चंद्रमा मीन राशि में 5 दिसंबर 16:29 तक।
बेंगलुरु में 4 दिसंबर 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 12:10–13:35, यमगण्ड 07:53–09:19, गुलिक काल 10:44–12:10।
बेंगलुरु में 4 दिसंबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:27, सूर्यास्त 17:52, चंद्रोदय 13:51 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
4 दिसंबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:47–12:33, ब्रह्म मुहूर्त 04:47–05:37। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
बेंगलुरु हिन्दू कैलेंडर दिसंबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2891° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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