पंचांग · गुरुवार, 4 नवंबर 2032अयोध्या
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल प्रतिपदा11:45 तक
- शुक्ल द्वितीया11:46, 5 नव॰ तक
- विशाखास्वामी गुरु17:50 तक
- अनुराधास्वामी शनि18:21, 5 नव॰ तक
- सौभाग्य20:43 तक
- शोभन19:27, 5 नव॰ तक
- बव11:45 तक
- बालव23:49 तक
- कौलव11:46, 5 नव॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:13बिंब मध्य 06:16
- सूर्यास्त
- 17:16बिंब मध्य 17:12
- चंद्रोदय
- 06:59
- चंद्रास्त
- 18:11
- दिनमान
- 11h 3m
- वार
- गुरुवार · गुरु
- चंद्र राशि
- तुला11:38 तक
- सूर्य राशि
- तुला
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- कार्तिक
- पूर्णिमांत मास
- कार्तिक
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2089
- शक संवत
- 1954
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:29 –05:21
- प्रातः संध्या04:55 –06:13
- अभिजित मुहूर्त11:22 –12:07
- विजय मुहूर्त13:35 –14:19
- गोधूलि मुहूर्त17:16 –17:42
- सायाह्न संध्या17:16 –18:34
- निशीथ मुहूर्त23:19 –00:11, 5 नव॰
- अमृत काल08:40 –10:20
- राहु काल13:08 –14:30
- यमगंड06:13 –07:36
- गुलिक काल08:59 –10:22
- दुर्मुहूर्त09:54 –10:38
- दुर्मुहूर्त14:19 –15:04
- वर्ज्य21:55 –23:33
चौघड़िया
- शुभशुभ06:13 – 07:36
- रोगअनिष्ट07:36 – 08:59
- उद्वेगअशुभ08:59 – 10:22
- चरसम10:22 – 11:45
- लाभलाभ11:45 – 13:08
- अमृतश्रेष्ठ13:08 – 14:30
- कालहानि14:30 – 15:53
- शुभशुभ15:53 – 17:16
- अमृतश्रेष्ठ17:16 – 18:53
- चरसम18:53 – 20:31
- रोगअनिष्ट20:31 – 22:08
- कालहानि22:08 – 23:45
- लाभलाभ23:45 – 01:22
- उद्वेगअशुभ01:22 – 02:59
- शुभशुभ02:59 – 04:36
- अमृतश्रेष्ठ04:36 – 06:14
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 06:13–07:08 |
| मंगल | 07:08–08:03 |
| सूर्य | 08:03–08:59 |
| शुक्र | 08:59–09:54 |
| बुध | 09:54–10:49 |
| चन्द्र | 10:49–11:45 |
| शनि | 11:45–12:40 |
| गुरु | 12:40–13:35 |
| मंगल | 13:35–14:30 |
| सूर्य | 14:30–15:26 |
| शुक्र | 15:26–16:21 |
| बुध | 16:21–17:16 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| चन्द्र | 17:16–18:21 |
| शनि | 18:21–19:26 |
| गुरु | 19:26–20:31 |
| मंगल | 20:31–21:35 |
| सूर्य | 21:35–22:40 |
| शुक्र | 22:40–23:45 |
| बुध | 23:45–00:50 |
| चन्द्र | 00:50–01:55 |
| शनि | 01:55–02:59 |
| गुरु | 02:59–04:04 |
| मंगल | 04:04–05:09 |
| सूर्य | 05:09–06:14 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- विशाखा 3 पद11:38 तक
- विशाखा 4 पद17:50 तक
- अनुराधा 1 पद00:00, 5 नव॰ तक
- अनुराधा 2 पद06:09, 5 नव॰ तक
- अनुराधा 3 पद12:15, 5 नव॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- स्वाती 4 पद
- ऋतु (दृक्)
- हेमंत
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 3m
- रात्रिमान
- 12h 58m
- मध्याह्न
- 11:45
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- दक्षिण
- चंद्र वास
- पश्चिम · 11:38 तकउत्तर
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 11:45 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- श्मशान में · 11:45 तकगौरी के साथ
- होमाहुति
- सूर्य
पंचक रहित मुहूर्त
- अग्नि पंचक06:13 –07:13
- शुभ मुहूर्त07:13 –09:30
- राज पंचक09:30 –11:35
- शुभ मुहूर्त11:35 –11:45
- चोर पंचक11:45 –13:18
- शुभ मुहूर्त13:18 –14:48
- रोग पंचक14:48 –16:15
- चोर पंचक16:15 –17:50
- शुभ मुहूर्त17:50 –17:52
- रोग पंचक17:52 –19:48
- शुभ मुहूर्त19:48 –22:02
- मृत्यु पंचक22:02 –00:21, 5 नव॰
- अग्नि पंचक00:21 –02:37, 5 नव॰
- शुभ मुहूर्त02:37 –04:51, 5 नव॰
- राज पंचक04:51 –06:14, 5 नव॰
उदय लग्न
- तुला04:55 –07:13
- वृश्चिक07:13 –09:30
- धनु09:30 –11:35
- मकर11:35 –13:18
- कुम्भ13:18 –14:48
- मीन14:48 –16:15
- मेष16:15 –17:52
- वृषभ17:52 –19:48
- मिथुन19:48 –22:02
- कर्क22:02 –00:21, 5 नव॰
- सिंह00:21 –02:37, 5 नव॰
- कन्या02:37 –04:51, 5 नव॰
- तुला04:51 –07:09, 5 नव॰
पंचांग · अयोध्या, 4 नवंबर 2032
गुरुवार, 4 नवंबर 2032 को अयोध्या में सूर्योदय 06:13 और सूर्यास्त 17:16 पर है। तिथि शुक्ल प्रतिपदा 11:45 तक, फिर शुक्ल द्वितीया; नक्षत्र विशाखा 17:50 तक, फिर अनुराधा; योग सौभाग्य 20:43 तक, फिर शोभन; करण बव 11:45 तक, फिर बालव। चंद्रमा तुला राशि में, सूर्य तुला राशि में। राहुकाल 13:08–14:30, अभिजित मुहूर्त 11:22–12:07। मास कार्तिक (पूर्णिमांत) / कार्तिक (अमांत), विक्रम संवत 2089, शक संवत 1954।
इस दिन के बारे में प्रश्न
अयोध्या में 4 नवंबर 2032 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल प्रतिपदा 11:45 तक, फिर शुक्ल द्वितीया (सूर्योदय 06:13, अयोध्या)।
4 नवंबर 2032 को कौन सा नक्षत्र है?
विशाखा 17:50 तक, फिर अनुराधा। चंद्रमा तुला राशि में 11:38 तक।
अयोध्या में 4 नवंबर 2032 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 13:08–14:30, यमगण्ड 06:13–07:36, गुलिक काल 08:59–10:22।
अयोध्या में 4 नवंबर 2032 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:13, सूर्यास्त 17:16, चंद्रोदय 06:59 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
4 नवंबर 2032 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:22–12:07, ब्रह्म मुहूर्त 04:29–05:21। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
4 नवंबर 2032 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
गोवर्धन पूजा, भाई दूज।
अयोध्या हिन्दू कैलेंडर नवंबर 2032आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2032मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.3159° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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