पंचांग · मंगलवार, 21 सितंबर 2032अयोध्या

भाद्रपद · कृष्ण द्वितीया · विक्रम संवत 2089

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
05:49सूर्योदय17:59सूर्यास्त
तिथि
कृष्ण द्वितीया
कृष्ण · 08:19 तक
नक्षत्र
रेवती
11:00 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
05:4917:59
मंगलवार · मंगल
राहु काल
14:56 –16:27
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
05:49दिन17:59
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
अमृत काल
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
गंड मूल
गुलिक काल
राहु काल
दुर्मुहूर्त
गंड मूल
यमगंड
08:0010:0012:0014:0016:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
17:59रात05:50
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
अमृत काल
सायाह्न संध्या
गंड मूल
भद्रा
दुर्मुहूर्त
वर्ज्य
20:0022:0000:0002:0004:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

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पाँच अंग

तिथि
  1. कृष्ण द्वितीया
    08:19 तक
  2. कृष्ण तृतीया
    05:40, 22 सित॰ तक
  3. कृष्ण चतुर्थी
    03:40, 23 सित॰ तक
नक्षत्र
  1. रेवतीस्वामी बुध
    11:00 तक
  2. अश्विनीस्वामी केतु
    09:12, 22 सित॰ तक
योग
  1. ध्रुव
    19:32 तक
  2. व्याघात
    16:32, 22 सित॰ तक
करण
  1. गर
    08:19 तक
  2. वणिज
    18:55 तक
  3. विष्टि
    05:40, 22 सित॰ तक
  4. बव
    16:35, 22 सित॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
05:49
बिंब मध्य 05:53
सूर्यास्त
17:59
बिंब मध्य 17:54
चंद्रोदय
19:23
चंद्रास्त
07:38
दिनमान
12h 10m
वार
मंगलवार · मंगल
चंद्र राशि
मीन
11:00 तक
सूर्य राशि
कन्या

चांद्र पंचांग

अमांत मास
भाद्रपद
पूर्णिमांत मास
आश्विन
पक्ष
कृष्ण
ऋतु
वर्षा
विक्रम संवत
2089
शक संवत
1954

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:15 –05:02
  • प्रातः संध्या04:38 –05:49
  • अभिजित मुहूर्त11:30 –12:18
  • विजय मुहूर्त13:55 –14:44
  • गोधूलि मुहूर्त17:59 –18:22
  • सायाह्न संध्या17:59 –19:10
  • निशीथ मुहूर्त23:30 –00:18, 22 सित॰
  • अमृत काल08:49 –10:16
  • अमृत काल02:32 –04:01, 22 सित॰
इन समयों से बचें
  • राहु काल14:56 –16:27
  • यमगंड08:52 –10:23
  • गुलिक काल11:54 –13:25
  • दुर्मुहूर्त08:15 –09:04
  • दुर्मुहूर्त22:43 –23:30
  • वर्ज्य05:30 –06:59, 22 सित॰
  • गंड मूल05:49 –11:00
  • गंड मूल11:00 –05:50, 22 सित॰
  • भद्रा18:55 –05:40, 22 सित॰

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • रोगअनिष्ट05:49 – 07:20
  • उद्वेगअशुभ07:20 – 08:52
  • चरसम08:52 – 10:23
  • लाभलाभ10:23 – 11:54
  • अमृतश्रेष्ठ11:54 – 13:25
  • कालहानि13:25 – 14:56
  • शुभशुभ14:56 – 16:27
  • रोगअनिष्ट16:27 – 17:59
रात
  • कालहानि17:59 – 19:27
  • लाभलाभ19:27 – 20:56
  • उद्वेगअशुभ20:56 – 22:25
  • शुभशुभ22:25 – 23:54
  • अमृतश्रेष्ठ23:54 – 01:23
  • चरसम01:23 – 02:52
  • रोगअनिष्ट02:52 – 04:21
  • कालहानि04:21 – 05:50

होरा

दिन
ग्रहसमय
मंगल05:49–06:50
सूर्य06:50–07:51
शुक्र07:51–08:52
बुध08:52–09:52
चन्द्र09:52–10:53
शनि10:53–11:54
गुरु11:54–12:55
मंगल12:55–13:55
सूर्य13:55–14:56
शुक्र14:56–15:57
बुध15:57–16:58
चन्द्र16:58–17:59
रात
ग्रहसमय
शनि17:59–18:58
गुरु18:58–19:57
मंगल19:57–20:56
सूर्य20:56–21:56
शुक्र21:56–22:55
बुध22:55–23:54
चन्द्र23:54–00:53
शनि00:53–01:53
गुरु01:53–02:52
मंगल02:52–03:51
सूर्य03:51–04:50
शुक्र04:50–05:50

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • रेवती 4 पद11:00 तक
  • अश्विनी 1 पद16:29 तक
  • अश्विनी 2 पद22:01 तक
  • अश्विनी 3 पद03:35, 22 सित॰ तक
  • अश्विनी 4 पद09:12, 22 सित॰ तक
सूर्य नक्षत्र
उत्तर फाल्गुनी 3 पद
ऋतु (दृक्)
शरद
ऋतु (वैदिक)
वर्षा
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
दक्षिणायन
दिनमान
12h 10m
रात्रिमान
11h 51m
मध्याह्न
11:54

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
मीन · 11:00 तक
वृषभमिथुनकन्यातुलामकरमीन
सिंह राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
मेष · अगले सूर्योदय तक
मेषमिथुनकर्कतुलावृश्चिककुम्भ
कन्या राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
रेवती · 11:00 तक
अश्विनीभरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यमघापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधामूलपूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद
अश्विनी · अगले सूर्योदय तक
भरणीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
पश्चिम
चंद्र वास
उत्तर · 11:00 तकपूर्व
अग्निवास
आकाश · 08:19 तकपाताल · 05:40, 22 सित॰ तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
सभा में · 08:19 तकक्रीड़ा में · 05:40, 22 सित॰ तककैलाश पर
होमाहुति
मंगल

पंचक रहित मुहूर्त

  • रोग पंचक05:49 –07:48
  • शुभ मुहूर्त07:48 –08:19
  • मृत्यु पंचक08:19 –10:06
  • अग्नि पंचक10:06 –11:00
  • शुभ मुहूर्त11:00 –12:23
  • राज पंचक12:23 –14:28
  • शुभ मुहूर्त14:28 –16:11
  • चोर पंचक16:11 –17:41
  • शुभ मुहूर्त17:41 –20:45
  • चोर पंचक20:45 –22:41
  • शुभ मुहूर्त22:41 –00:55, 22 सित॰
  • रोग पंचक00:55 –03:14, 22 सित॰
  • शुभ मुहूर्त03:14 –05:30, 22 सित॰
  • मृत्यु पंचक05:30 –05:40, 22 सित॰
  • अग्नि पंचक05:40 –05:50, 22 सित॰

उदय लग्न

  • कन्या05:34 –07:48
  • तुला07:48 –10:06
  • वृश्चिक10:06 –12:23
  • धनु12:23 –14:28
  • मकर14:28 –16:11
  • कुम्भ16:11 –17:41
  • मीन17:41 –19:08
  • मेष19:08 –20:45
  • वृषभ20:45 –22:41
  • मिथुन22:41 –00:55, 22 सित॰
  • कर्क00:55 –03:14, 22 सित॰
  • सिंह03:14 –05:30, 22 सित॰
  • कन्या05:30 –07:44, 22 सित॰

पंचांग · अयोध्या, 21 सितंबर 2032

मंगलवार, 21 सितंबर 2032 को अयोध्या में सूर्योदय 05:49 और सूर्यास्त 17:59 पर है। तिथि कृष्ण द्वितीया 08:19 तक, फिर कृष्ण तृतीया; नक्षत्र रेवती 11:00 तक, फिर अश्विनी; योग ध्रुव 19:32 तक, फिर व्याघात; करण गर 08:19 तक, फिर वणिज। चंद्रमा मीन राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 14:56–16:27, अभिजित मुहूर्त 11:30–12:18। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / भाद्रपद (अमांत), विक्रम संवत 2089, शक संवत 1954।

इस दिन के बारे में प्रश्न

अयोध्या में 21 सितंबर 2032 को कौन सी तिथि है?

कृष्ण द्वितीया 08:19 तक, फिर कृष्ण तृतीया (सूर्योदय 05:49, अयोध्या)।

21 सितंबर 2032 को कौन सा नक्षत्र है?

रेवती 11:00 तक, फिर अश्विनी। चंद्रमा मीन राशि में 11:00 तक।

अयोध्या में 21 सितंबर 2032 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 14:56–16:27, यमगण्ड 08:52–10:23, गुलिक काल 11:54–13:25।

अयोध्या में 21 सितंबर 2032 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 05:49, सूर्यास्त 17:59, चंद्रोदय 19:23 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

21 सितंबर 2032 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:30–12:18, ब्रह्म मुहूर्त 04:15–05:02। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

अयोध्या हिन्दू कैलेंडर सितंबर 2032आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2032मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.3142° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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