पंचांग · बुधवार, 30 अप्रैल 2031अयोध्या
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल अष्टमी13:45 तक
- शुक्ल नवमी15:11, 1 मई तक
- अश्लेषास्वामी बुध06:22, 1 मई तक
- गण्ड01:12, 1 मई तक
- वृद्धि01:06, 2 मई तक
- बव13:45 तक
- बालव02:33, 1 मई तक
- कौलव15:11, 1 मई तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:24बिंब मध्य 05:28
- सूर्यास्त
- 18:33बिंब मध्य 18:29
- चंद्रोदय
- 12:09
- चंद्रास्त
- 00:39
- दिनमान
- 13h 9m
- वार
- बुधवार · बुध
- चंद्र राशि
- कर्क06:22, 1 मई तक
- सूर्य राशि
- मेष
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- वैशाख
- पूर्णिमांत मास
- वैशाख
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- वसंत
- विक्रम संवत
- 2088
- शक संवत
- 1953
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त03:57 –04:41
- प्रातः संध्या04:19 –05:24
- अभिजित मुहूर्त11:32 –12:25
- विजय मुहूर्त14:10 –15:03
- गोधूलि मुहूर्त18:33 –18:55
- सायाह्न संध्या18:33 –19:38
- निशीथ मुहूर्त23:37 –00:20, 1 मई
- अमृत काल04:37 –06:22, 1 मई
- राहु काल11:59 –13:37
- यमगंड07:03 –08:41
- गुलिक काल10:20 –11:59
- दुर्मुहूर्त11:32 –12:25
- वर्ज्य18:08 –19:53
- गंड मूल05:24 –05:23, 1 मई
चौघड़िया
- लाभलाभ05:24 – 07:03
- अमृतश्रेष्ठ07:03 – 08:41
- कालहानि08:41 – 10:20
- शुभशुभ10:20 – 11:59
- रोगअनिष्ट11:59 – 13:37
- उद्वेगअशुभ13:37 – 15:16
- चरसम15:16 – 16:54
- लाभलाभ16:54 – 18:33
- उद्वेगअशुभ18:33 – 19:54
- शुभशुभ19:54 – 21:16
- अमृतश्रेष्ठ21:16 – 22:37
- चरसम22:37 – 23:58
- रोगअनिष्ट23:58 – 01:20
- कालहानि01:20 – 02:41
- लाभलाभ02:41 – 04:02
- उद्वेगअशुभ04:02 – 05:23
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 05:24–06:30 |
| चन्द्र | 06:30–07:36 |
| शनि | 07:36–08:41 |
| गुरु | 08:41–09:47 |
| मंगल | 09:47–10:53 |
| सूर्य | 10:53–11:59 |
| शुक्र | 11:59–13:04 |
| बुध | 13:04–14:10 |
| चन्द्र | 14:10–15:16 |
| शनि | 15:16–16:22 |
| गुरु | 16:22–17:27 |
| मंगल | 17:27–18:33 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 18:33–19:27 |
| शुक्र | 19:27–20:21 |
| बुध | 20:21–21:16 |
| चन्द्र | 21:16–22:10 |
| शनि | 22:10–23:04 |
| गुरु | 23:04–23:58 |
| मंगल | 23:58–00:52 |
| सूर्य | 00:52–01:47 |
| शुक्र | 01:47–02:41 |
| बुध | 02:41–03:35 |
| चन्द्र | 03:35–04:29 |
| शनि | 04:29–05:23 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- अश्लेषा 1 पद10:45 तक
- अश्लेषा 2 पद17:20 तक
- अश्लेषा 3 पद23:52 तक
- अश्लेषा 4 पद06:22, 1 मई तक
- सूर्य नक्षत्र
- भरणी 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- ग्रीष्म
- ऋतु (वैदिक)
- वसंत
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 13h 9m
- रात्रिमान
- 10h 50m
- मध्याह्न
- 11:59
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
- चंद्र वास
- उत्तर
- अग्निवास
- आकाश · 13:45 तकपाताल
- शिववास
- श्मशान में · 13:45 तकगौरी के साथ
- होमाहुति
- शुक्र
पंचक रहित मुहूर्त
- राज पंचक05:24 –06:18
- शुभ मुहूर्त06:18 –08:14
- चोर पंचक08:14 –10:28
- शुभ मुहूर्त10:28 –12:47
- रोग पंचक12:47 –13:45
- शुभ मुहूर्त13:45 –15:03
- मृत्यु पंचक15:03 –17:17
- अग्नि पंचक17:17 –19:35
- शुभ मुहूर्त19:35 –21:52
- राज पंचक21:52 –23:57
- शुभ मुहूर्त23:57 –01:40, 1 मई
- चोर पंचक01:40 –03:10, 1 मई
- शुभ मुहूर्त03:10 –05:23, 1 मई
उदय लग्न
- मेष04:41 –06:18
- वृषभ06:18 –08:14
- मिथुन08:14 –10:28
- कर्क10:28 –12:47
- सिंह12:47 –15:03
- कन्या15:03 –17:17
- तुला17:17 –19:35
- वृश्चिक19:35 –21:52
- धनु21:52 –23:57
- मकर23:57 –01:40, 1 मई
- कुम्भ01:40 –03:10, 1 मई
- मीन03:10 –04:37, 1 मई
- मेष04:37 –06:14, 1 मई
पंचांग · अयोध्या, 30 अप्रैल 2031
बुधवार, 30 अप्रैल 2031 को अयोध्या में सूर्योदय 05:24 और सूर्यास्त 18:33 पर है। तिथि शुक्ल अष्टमी 13:45 तक, फिर शुक्ल नवमी; नक्षत्र अश्लेषा 1 मई 06:22 तक; योग गण्ड 1 मई 01:12 तक, फिर वृद्धि; करण बव 13:45 तक, फिर बालव। चंद्रमा कर्क राशि में, सूर्य मेष राशि में। राहुकाल 11:59–13:37, अभिजित मुहूर्त 11:32–12:25। मास वैशाख (पूर्णिमांत) / वैशाख (अमांत), विक्रम संवत 2088, शक संवत 1953।
इस दिन के बारे में प्रश्न
अयोध्या में 30 अप्रैल 2031 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल अष्टमी 13:45 तक, फिर शुक्ल नवमी (सूर्योदय 05:24, अयोध्या)।
30 अप्रैल 2031 को कौन सा नक्षत्र है?
अश्लेषा 1 मई 06:22 तक। चंद्रमा कर्क राशि में 1 मई 06:22 तक।
अयोध्या में 30 अप्रैल 2031 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 11:59–13:37, यमगण्ड 07:03–08:41, गुलिक काल 10:20–11:59।
अयोध्या में 30 अप्रैल 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:24, सूर्यास्त 18:33, चंद्रोदय 12:09 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
30 अप्रैल 2031 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:32–12:25, ब्रह्म मुहूर्त 03:57–04:41। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
अयोध्या हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2031आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2031मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2947° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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