लग्न सारणी · वाराणसी
सोमवार, 7 सितंबर 202605:4118:11
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 5सिंहस्थिर2 घं. 14 मि.04:14 –06:28
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 12 मि.06:28 –08:40
- 7तुलाचर2 घं. 17 मि.08:40 –10:57
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 17 मि.10:57 –13:14
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 5 मि.13:14 –15:19
- 10मकरचर1 घं. 44 मि.15:19 –17:03
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 31 मि.17:03 –18:34
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 29 मि.18:34 –20:03
- 1मेषचर1 घं. 38 मि.20:03 –21:41
- 2वृषभस्थिर1 घं. 57 मि.21:41 –23:38
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 14 मि.23:38 –01:52, 8 सित॰
- 4कर्कचर2 घं. 18 मि.01:52, 8 सित॰ –04:10, 8 सित॰
- 5सिंहस्थिर2 घं. 14 मि.04:10, 8 सित॰ –06:24, 8 सित॰
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
वाराणसी में 7 सितंबर 2026 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 05:41 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।