लग्न सारणी · वाराणसी
शुक्रवार, 31 जनवरी 202506:4217:42
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 10मकरचर1 घं. 44 मि.05:43 –07:27
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 31 मि.07:27 –08:58
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 29 मि.08:58 –10:27
- 1मेषचर1 घं. 38 मि.10:27 –12:05
- 2वृषभस्थिर1 घं. 57 मि.12:05 –14:02
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 14 मि.14:02 –16:16
- 4कर्कचर2 घं. 18 मि.16:16 –18:34
- 5सिंहस्थिर2 घं. 14 मि.18:34 –20:48
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 12 मि.20:48 –23:00
- 7तुलाचर2 घं. 17 मि.23:00 –01:17, 1 फ़र॰
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 17 मि.01:17, 1 फ़र॰ –03:34, 1 फ़र॰
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 5 मि.03:34, 1 फ़र॰ –05:39, 1 फ़र॰
- 10मकरचर1 घं. 45 मि.05:39, 1 फ़र॰ –07:24, 1 फ़र॰
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
वाराणसी में 31 जनवरी 2025 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 06:42 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।