लग्न सारणी · श्रीनगर
शनिवार, 2 अक्टूबर 202706:2618:14
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 23 मि.05:21 –07:44
- 7तुलाचर2 घं. 24 मि.07:44 –10:08
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 22 मि.10:08 –12:30
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 3 मि.12:30 –14:33
- 10मकरचर1 घं. 37 मि.14:33 –16:10
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 21 मि.16:10 –17:31
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 19 मि.17:31 –18:50
- 1मेषचर1 घं. 30 मि.18:50 –20:20
- 2वृषभस्थिर1 घं. 53 मि.20:20 –22:13
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 16 मि.22:13 –00:29, 3 अक्टू॰
- 4कर्कचर2 घं. 25 मि.00:29, 3 अक्टू॰ –02:54, 3 अक्टू॰
- 5सिंहस्थिर2 घं. 23 मि.02:54, 3 अक्टू॰ –05:17, 3 अक्टू॰
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 23 मि.05:17, 3 अक्टू॰ –07:40, 3 अक्टू॰
श्रीनगर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
श्रीनगर में 2 अक्टूबर 2027 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 06:26 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।