लग्न सारणी · श्रीनगर
मंगलवार, 6 अक्टूबर 202606:2918:09
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 23 मि.05:04 –07:27
- 7तुलाचर2 घं. 25 मि.07:27 –09:52
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 21 मि.09:52 –12:13
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 3 मि.12:13 –14:16
- 10मकरचर1 घं. 37 मि.14:16 –15:53
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 22 मि.15:53 –17:15
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 19 मि.17:15 –18:34
- 1मेषचर1 घं. 29 मि.18:34 –20:03
- 2वृषभस्थिर1 घं. 53 मि.20:03 –21:56
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 16 मि.21:56 –00:12, 7 अक्टू॰
- 4कर्कचर2 घं. 25 मि.00:12, 7 अक्टू॰ –02:37, 7 अक्टू॰
- 5सिंहस्थिर2 घं. 23 मि.02:37, 7 अक्टू॰ –05:00, 7 अक्टू॰
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 23 मि.05:00, 7 अक्टू॰ –07:23, 7 अक्टू॰
श्रीनगर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
श्रीनगर में 6 अक्टूबर 2026 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 06:29 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।