लग्न सारणी · श्रीनगर
मंगलवार, 15 सितंबर 202606:1418:38
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 5सिंहस्थिर2 घं. 23 मि.04:04 –06:27
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 22 मि.06:27 –08:49
- 7तुलाचर2 घं. 25 मि.08:49 –11:14
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 22 मि.11:14 –13:36
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 2 मि.13:36 –15:38
- 10मकरचर1 घं. 38 मि.15:38 –17:16
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 21 मि.17:16 –18:37
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 19 मि.18:37 –19:56
- 1मेषचर1 घं. 30 मि.19:56 –21:26
- 2वृषभस्थिर1 घं. 53 मि.21:26 –23:19
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 16 मि.23:19 –01:35, 16 सित॰
- 4कर्कचर2 घं. 25 मि.01:35, 16 सित॰ –04:00, 16 सित॰
- 5सिंहस्थिर2 घं. 23 मि.04:00, 16 सित॰ –06:23, 16 सित॰
श्रीनगर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
श्रीनगर में 15 सितंबर 2026 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 06:14 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।