लग्न सारणी · नासिक
सोमवार, 30 नवंबर 202606:5317:54
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 14 मि.05:55 –08:09
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 6 मि.08:09 –10:15
- 10मकरचर1 घं. 49 मि.10:15 –12:04
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 36 मि.12:04 –13:40
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 33 मि.13:40 –15:13
- 1मेषचर1 घं. 43 मि.15:13 –16:56
- 2वृषभस्थिर1 घं. 59 मि.16:56 –18:55
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 13 मि.18:55 –21:08
- 4कर्कचर2 घं. 14 मि.21:08 –23:22
- 5सिंहस्थिर2 घं. 9 मि.23:22 –01:31, 1 दिस॰
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 8 मि.01:31, 1 दिस॰ –03:39, 1 दिस॰
- 7तुलाचर2 घं. 12 मि.03:39, 1 दिस॰ –05:51, 1 दिस॰
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 14 मि.05:51, 1 दिस॰ –08:05, 1 दिस॰
नासिक के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
नासिक में 30 नवंबर 2026 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 06:53 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।