लग्न सारणी · मथुरा
शनिवार, 3 अक्टूबर 202606:1318:04
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 15 मि.05:06 –07:21
- 7तुलाचर2 घं. 19 मि.07:21 –09:40
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 18 मि.09:40 –11:58
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 4 मि.11:58 –14:02
- 10मकरचर1 घं. 43 मि.14:02 –15:45
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 29 मि.15:45 –17:14
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 26 मि.17:14 –18:40
- 1मेषचर1 घं. 36 मि.18:40 –20:16
- 2वृषभस्थिर1 घं. 56 मि.20:16 –22:12
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 15 मि.22:12 –00:27, 4 अक्टू॰
- 4कर्कचर2 घं. 19 मि.00:27, 4 अक्टू॰ –02:46, 4 अक्टू॰
- 5सिंहस्थिर2 घं. 16 मि.02:46, 4 अक्टू॰ –05:02, 4 अक्टू॰
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 15 मि.05:02, 4 अक्टू॰ –07:17, 4 अक्टू॰
मथुरा के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
मथुरा में 3 अक्टूबर 2026 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 06:13 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।