लग्न सारणी · जयपुर
गुरुवार, 8 अक्टूबर 202606:2318:06
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 15 मि.04:54 –07:09
- 7तुलाचर2 घं. 17 मि.07:09 –09:26
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 18 मि.09:26 –11:44
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 5 मि.11:44 –13:49
- 10मकरचर1 घं. 43 मि.13:49 –15:32
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 29 मि.15:32 –17:01
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 27 मि.17:01 –18:28
- 1मेषचर1 घं. 37 मि.18:28 –20:05
- 2वृषभस्थिर1 घं. 56 मि.20:05 –22:01
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 15 मि.22:01 –00:16, 9 अक्टू॰
- 4कर्कचर2 घं. 19 मि.00:16, 9 अक्टू॰ –02:35, 9 अक्टू॰
- 5सिंहस्थिर2 घं. 15 मि.02:35, 9 अक्टू॰ –04:50, 9 अक्टू॰
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 15 मि.04:50, 9 अक्टू॰ –07:05, 9 अक्टू॰
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
जयपुर में 8 अक्टूबर 2026 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 06:23 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।