शुभ होरा · वाराणसी

गुरुवार, 1 नवंबर 202906:0617:17

दिनसूर्योदय से · 06:06
ग्रहसमय
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ06:06 –07:02
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें07:02 –07:58
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि07:58 –08:54
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद08:54 –09:50
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद09:50 –10:46
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य10:46 –11:42
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें11:42 –12:37
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ12:37 –13:33
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें13:33 –14:29
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि14:29 –15:25
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद15:25 –16:21
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद16:21 –17:17
रातसूर्यास्त से · 17:17
ग्रहसमय
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य17:17 –18:21
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें18:21 –19:25
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ19:25 –20:30
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें20:30 –21:34
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि21:34 –22:38
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद22:38 –23:42
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद23:42 –00:46, 2 नव॰
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य00:46, 2 नव॰ –01:50, 2 नव॰
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें01:50, 2 नव॰ –02:54, 2 नव॰
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ02:54, 2 नव॰ –03:58, 2 नव॰
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें03:58, 2 नव॰ –05:02, 2 नव॰
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि05:02, 2 नव॰ –06:06, 2 नव॰

वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

शुभ होरा

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

शुभ होरा — प्रश्न और उत्तर

शुभ होरा क्या है?

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

वाराणसी में 1 नवंबर 2029 की शुभ होरा क्या है?

सूर्योदय 06:06 पर पहली होरा गुरु की; दिन और रात की 24 होराएँ और हर होरा किस कार्य के लिए शुभ है।

शुभ होरा — अन्य शहर