शुभ होरा · वाराणसी

शुक्रवार, 14 सितंबर 202905:4418:03

दिनसूर्योदय से · 05:44
ग्रहसमय
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद05:44 –06:45
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद06:45 –07:47
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य07:47 –08:49
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें08:49 –09:50
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ09:50 –10:52
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें10:52 –11:53
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि11:53 –12:55
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद12:55 –13:57
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद13:57 –14:58
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य14:58 –16:00
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें16:00 –17:02
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ17:02 –18:03
रातसूर्यास्त से · 18:03
ग्रहसमय
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें18:03 –19:02
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि19:02 –20:00
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद20:00 –20:58
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद20:58 –21:57
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य21:57 –22:55
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें22:55 –23:54
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ23:54 –00:52, 15 सित॰
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें00:52, 15 सित॰ –01:50, 15 सित॰
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि01:50, 15 सित॰ –02:49, 15 सित॰
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद02:49, 15 सित॰ –03:47, 15 सित॰
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद03:47, 15 सित॰ –04:46, 15 सित॰
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य04:46, 15 सित॰ –05:44, 15 सित॰

वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

शुभ होरा

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

शुभ होरा — प्रश्न और उत्तर

शुभ होरा क्या है?

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

वाराणसी में 14 सितंबर 2029 की शुभ होरा क्या है?

सूर्योदय 05:44 पर पहली होरा शुक्र की; दिन और रात की 24 होराएँ और हर होरा किस कार्य के लिए शुभ है।

शुभ होरा — अन्य शहर