शुभ होरा · वाराणसी

बुधवार, 1 अगस्त 202905:2518:43

दिनसूर्योदय से · 05:25
ग्रहसमय
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद05:25 –06:32
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य06:32 –07:38
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें07:38 –08:45
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ08:45 –09:51
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें09:51 –10:58
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि10:58 –12:04
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद12:04 –13:11
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद13:11 –14:17
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य14:17 –15:24
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें15:24 –16:30
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ16:30 –17:37
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें17:37 –18:43
रातसूर्यास्त से · 18:43
ग्रहसमय
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि18:43 –19:37
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद19:37 –20:30
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद20:30 –21:24
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य21:24 –22:17
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें22:17 –23:11
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ23:11 –00:05, 2 अग॰
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें00:05, 2 अग॰ –00:58, 2 अग॰
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि00:58, 2 अग॰ –01:52, 2 अग॰
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद01:52, 2 अग॰ –02:45, 2 अग॰
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद02:45, 2 अग॰ –03:39, 2 अग॰
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य03:39, 2 अग॰ –04:32, 2 अग॰
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें04:32, 2 अग॰ –05:26, 2 अग॰

वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

शुभ होरा

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

शुभ होरा — प्रश्न और उत्तर

शुभ होरा क्या है?

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

वाराणसी में 1 अगस्त 2029 की शुभ होरा क्या है?

सूर्योदय 05:25 पर पहली होरा बुध की; दिन और रात की 24 होराएँ और हर होरा किस कार्य के लिए शुभ है।

शुभ होरा — अन्य शहर