शुभ होरा · वाराणसी

बुधवार, 18 नवंबर 202606:1717:09

दिनसूर्योदय से · 06:17
ग्रहसमय
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद06:17 –07:11
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य07:11 –08:06
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें08:06 –09:00
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ09:00 –09:54
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें09:54 –10:49
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि10:49 –11:43
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद11:43 –12:37
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद12:37 –13:32
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य13:32 –14:26
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें14:26 –15:20
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ15:20 –16:15
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें16:15 –17:09
रातसूर्यास्त से · 17:09
ग्रहसमय
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि17:09 –18:15
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद18:15 –19:21
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद19:21 –20:26
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य20:26 –21:32
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें21:32 –22:38
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ22:38 –23:43
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें23:43 –00:49, 19 नव॰
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि00:49, 19 नव॰ –01:55, 19 नव॰
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद01:55, 19 नव॰ –03:01, 19 नव॰
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद03:01, 19 नव॰ –04:06, 19 नव॰
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य04:06, 19 नव॰ –05:12, 19 नव॰
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें05:12, 19 नव॰ –06:18, 19 नव॰

वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

शुभ होरा

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

शुभ होरा — प्रश्न और उत्तर

शुभ होरा क्या है?

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

वाराणसी में 18 नवंबर 2026 की शुभ होरा क्या है?

सूर्योदय 06:17 पर पहली होरा बुध की; दिन और रात की 24 होराएँ और हर होरा किस कार्य के लिए शुभ है।

शुभ होरा — अन्य शहर