शुभ होरा · वाराणसी

बुधवार, 11 नवंबर 202606:1217:12

दिनसूर्योदय से · 06:12
ग्रहसमय
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद06:12 –07:07
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य07:07 –08:02
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें08:02 –08:57
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ08:57 –09:52
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें09:52 –10:47
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि10:47 –11:42
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद11:42 –12:37
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद12:37 –13:32
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य13:32 –14:27
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें14:27 –15:22
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ15:22 –16:17
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें16:17 –17:12
रातसूर्यास्त से · 17:12
ग्रहसमय
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि17:12 –18:17
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद18:17 –19:22
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद19:22 –20:27
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य20:27 –21:32
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें21:32 –22:37
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ22:37 –23:42
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें23:42 –00:47, 12 नव॰
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि00:47, 12 नव॰ –01:52, 12 नव॰
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद01:52, 12 नव॰ –02:58, 12 नव॰
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद02:58, 12 नव॰ –04:03, 12 नव॰
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य04:03, 12 नव॰ –05:08, 12 नव॰
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें05:08, 12 नव॰ –06:13, 12 नव॰

वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

शुभ होरा

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

शुभ होरा — प्रश्न और उत्तर

शुभ होरा क्या है?

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

वाराणसी में 11 नवंबर 2026 की शुभ होरा क्या है?

सूर्योदय 06:12 पर पहली होरा बुध की; दिन और रात की 24 होराएँ और हर होरा किस कार्य के लिए शुभ है।

शुभ होरा — अन्य शहर