शुभ होरा · वाराणसी

गुरुवार, 21 नवंबर 202406:2017:08

दिनसूर्योदय से · 06:20
ग्रहसमय
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ06:20 –07:14
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें07:14 –08:08
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि08:08 –09:02
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद09:02 –09:56
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद09:56 –10:50
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य10:50 –11:44
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें11:44 –12:38
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ12:38 –13:32
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें13:32 –14:26
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि14:26 –15:20
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद15:20 –16:14
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद16:14 –17:08
रातसूर्यास्त से · 17:08
ग्रहसमय
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य17:08 –18:14
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें18:14 –19:20
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ19:20 –20:26
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें20:26 –21:32
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि21:32 –22:38
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद22:38 –23:44
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद23:44 –00:50, 22 नव॰
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य00:50, 22 नव॰ –01:56, 22 नव॰
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें01:56, 22 नव॰ –03:02, 22 नव॰
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ03:02, 22 नव॰ –04:08, 22 नव॰
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें04:08, 22 नव॰ –05:14, 22 नव॰
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि05:14, 22 नव॰ –06:20, 22 नव॰

वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

शुभ होरा

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

शुभ होरा — प्रश्न और उत्तर

शुभ होरा क्या है?

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

वाराणसी में 21 नवंबर 2024 की शुभ होरा क्या है?

सूर्योदय 06:20 पर पहली होरा गुरु की; दिन और रात की 24 होराएँ और हर होरा किस कार्य के लिए शुभ है।

शुभ होरा — अन्य शहर