शुभ होरा · अयोध्या

गुरुवार, 4 अक्टूबर 202905:5517:44

दिनसूर्योदय से · 05:55
ग्रहसमय
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ05:55 –06:54
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें06:54 –07:53
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि07:53 –08:52
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद08:52 –09:51
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद09:51 –10:51
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य10:51 –11:50
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें11:50 –12:49
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ12:49 –13:48
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें13:48 –14:47
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि14:47 –15:46
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद15:46 –16:45
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद16:45 –17:44
रातसूर्यास्त से · 17:44
ग्रहसमय
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य17:44 –18:45
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें18:45 –19:46
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ19:46 –20:47
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें20:47 –21:48
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि21:48 –22:49
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद22:49 –23:50
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद23:50 –00:51, 5 अक्टू॰
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य00:51, 5 अक्टू॰ –01:52, 5 अक्टू॰
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें01:52, 5 अक्टू॰ –02:53, 5 अक्टू॰
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ02:53, 5 अक्टू॰ –03:54, 5 अक्टू॰
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें03:54, 5 अक्टू॰ –04:55, 5 अक्टू॰
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि04:55, 5 अक्टू॰ –05:56, 5 अक्टू॰

अयोध्या के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

शुभ होरा

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

शुभ होरा — प्रश्न और उत्तर

शुभ होरा क्या है?

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

अयोध्या में 4 अक्टूबर 2029 की शुभ होरा क्या है?

सूर्योदय 05:55 पर पहली होरा गुरु की; दिन और रात की 24 होराएँ और हर होरा किस कार्य के लिए शुभ है।

शुभ होरा — अन्य शहर