गौरी पंचांगम · जयपुर
शनिवार, 4 दिसंबर 202707:0017:33
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 07:00
- सोरम्अशुभ07:00 –08:19
- उथिशुभ08:19 –09:39
- विषम्अशुभ09:39 –10:58राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ10:58 –12:17
- रोगम्अनिष्ट12:17 –13:36
- लाभम्लाभ13:36 –14:55
- धनम्धन14:55 –16:14
- सुगम्शुभ16:14 –17:33
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:33
- लाभम्लाभ17:33 –19:14
- धनम्धन19:14 –20:55
- सुगम्शुभ20:55 –22:36
- सोरम्अशुभ22:36 –00:17, 5 दिस॰
- उथिशुभ00:17, 5 दिस॰ –01:58, 5 दिस॰
- विषम्अशुभ01:58, 5 दिस॰ –03:39, 5 दिस॰
- अमिर्दाश्रेष्ठ03:39, 5 दिस॰ –05:20, 5 दिस॰
- सोरम्अशुभ05:20, 5 दिस॰ –07:01, 5 दिस॰
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जयपुर में 4 दिसंबर 2027 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 07:00, सूर्यास्त 17:33।