गौरी पंचांगम · जयपुर
शनिवार, 13 नवंबर 202706:4517:37
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:45
- सोरम्अशुभ06:45 –08:06
- उथिशुभ08:06 –09:28
- विषम्अशुभ09:28 –10:49राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ10:49 –12:11
- रोगम्अनिष्ट12:11 –13:32
- लाभम्लाभ13:32 –14:54
- धनम्धन14:54 –16:16
- सुगम्शुभ16:16 –17:37
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:37
- लाभम्लाभ17:37 –19:16
- धनम्धन19:16 –20:54
- सुगम्शुभ20:54 –22:33
- सोरम्अशुभ22:33 –00:11, 14 नव॰
- उथिशुभ00:11, 14 नव॰ –01:50, 14 नव॰
- विषम्अशुभ01:50, 14 नव॰ –03:28, 14 नव॰
- अमिर्दाश्रेष्ठ03:28, 14 नव॰ –05:07, 14 नव॰
- सोरम्अशुभ05:07, 14 नव॰ –06:45, 14 नव॰
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जयपुर में 13 नवंबर 2027 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:45, सूर्यास्त 17:37।